35 साल बाद भी मां के दर्द को नहीं भूले राहुल, सोनिया की किताब पर हुए भावुक; बोले- 'पापा आज मुस्कुरा रहे होंगे

सोनिया गांधी की आत्मकथा ‘बिलॉन्गिंग: अ जर्नी ऑफ लव’ नवंबर में प्रकाशित होने जा रही है। राहुल गांधी ने इस मौके पर अपनी मां के संघर्ष, साहस और निजी जीवन को याद करते हुए भावुक संदेश लिखा है। आत्मकथा में सोनिया गांधी के इटली के बचपन, राजीव गांधी से प्रेम और विवाह, गांधी परिवार में प्रवेश, इंदिरा और संजय गांधी की मौत, राजनीति में आने के कारणों और 2004 में प्रधानमंत्री पद ठुकराने जैसे महत्वपूर्ण प्रसंग शामिल हैं। किताब के जरिए वह छह दशकों के भारत के सामाजिक और आर्थिक बदलावों को भी अपने निजी अनुभवों की नजर से सामने रखेंगी। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 20, 2026 · 1 min · National Desk

Bihar News: बाहुबली अनंत सिंह अचानक क्यों पहुंचे नीतीश कुमार से मिलने, सात सर्कुलर आवास पर क्या बातचीत हुई?

मोकामा के विकास कार्यों पर हुई चर्चा बताया जा रहा है कि मुलाकात के दौरान अनंत सिंह ने मोकामा विधानसभा क्षेत्र के विकास कार्यों और स्थानीय समस्याओं को लेकर अपनी बात रखी। क्षेत्र की विभिन्न जरूरतों और लंबित कार्यों को लेकर भी चर्चा हुई। अनंत सिंह ने नीतीश कुमार के स्वास्थ्य की जानकारी भी ली। कुछ दिन पहले नीतीश कुमार को लेकर क्या बोले थे बता दें कि बांकीपुर में भाजपा की हार पर अनंत सिंह ने कहा था कि नीतीश कुमार के मुख्यमंत्री पद के हटने से जनता दुखी है। वह इनसब के लिए भाजपा को दोषी मानती है। यह खेल जनता को पसंद नहीं है। जनता यह सोच रही है कि नीतीश कुमार के साथ भाजपा ने गलत किया। इस बात से जनता दुखी है। हालांकि, अनंत सिंह ने यह भी कहा कि इस बात में सच्चाई नहीं है। नीतीश कुमार ने अपने मन से मुख्यमंत्री पद का त्याग किया है। लेकिन, जनता यह सच नहीं समझ रही। अनंत सिंह ने राजद पर भी निशाना साधा था। कहा था कि वह पार्टी ही नहीं है। एक आदमी उनके साथ चलने के लिए तैयार नहीं है। दो दिन पहले संजय झा के आवास पर सुपर सीएम के नारे लगे थे इससे दो दिन पहले पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा के आवास पहुंचे थे। उस दौरान जदयू के कई कार्यकर्ता वहां मौजूद थे। नीतीश कुमार के पहुंचने पर कार्यकर्ताओं ने उनके समर्थन में नारे लगाए। इस दौरान ‘नीतीश कुमार जिंदाबाद’ के साथ ‘सुपर सीएम जिंदाबाद’ के नारे भी सुनाई दिए। बताया गया कि नीतीश कुमार ने संजय झा से कार्यकर्ताओं से मिलने और उनकी समस्याएं सुनने को कहा था। उन्होंने संजय झा को सभी लोगों से मिलने, उनकी बातें और कागजात लेने तथा बाद में उनसे मिलने के लिए कहा। सांसद संजय झा ने कहा कि लोग …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 20, 2026 · 2 min · National Desk

राहुल गांधी का दावा: पीएम मोदी का शासन आखिरी दौर में, उत्तराधिकारी की तलाश शुरू हुई; कांग्रेस को क्या सलाह दी?

सूत्रों के मुताबिक, राहुल गांधी ने कहा, नरेंद्र मोदी का सियासी अंत हो चुका है। इनका वक्त खत्म हो गया है। मोदी का शासन आखिरी दौर में है। इनके उत्तराधिकारी की तलाश चल रही है। राहुल गांधी ने मोदी सरकार को पूरी तरह पीछे हटने की स्थिति में बताया। सूत्रों के मुताबिक, उन्होंने कांग्रेस नेताओं से सरकार के खिलाफ और आक्रामक तरीके से आगे बढ़ने को कहा। ये बातें दिल्ली में कांग्रेस मुख्यालय इंदिरा भवन में हुई सीडब्ल्यूसी की बैठक के दौरान कही गईं। बैठक में कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने देश की राजनीतिक स्थिति और अहम मुद्दों पर पार्टी की रणनीति पर चर्चा की। ये भी पढ़ें: खरगे ने मोदी सरकार पर क्या आरोप लगाए? कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी बैठक को संबोधित किया। उन्होंने आरोप लगाया कि मोदी सरकार ने पिछले 12 साल में युवाओं का भविष्य बर्बाद कर दिया है। खरगे ने दावा किया कि हाल के वर्षों में 94 हजार स्कूल बंद हो चुके हैं। उन्होंने युवाओं के लिए साफ, व्यापक और तय समय में पूरा होने वाला ‘शिक्षा से रोजगार रोडमैप’ बनाने की मांग की। राम मंदिर के चढ़ावे पर क्या बोले? खरगे ने राम मंदिर ट्रस्ट को मिले पैसे, सोने और दूसरी चीजों के रूप में मिले चढ़ावे पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि लोगों को यह जानने का अधिकार है कि इस चढ़ावे का हिसाब कैसे रखा जा रहा है और इनका इस्तेमाल कैसे किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अगर किसी तरह की वित्तीय गड़बड़ी हुई है, तो उसकी ठीक से जांच होनी चाहिए और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई होनी चाहिए। सीडब्ल्यूसी की बैठक में किन मुद्दों पर चर्चा हुई? बैठक में मल्लिकार्जुन खरगे, कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी, र …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 20, 2026 · 2 min · National Desk

UGC Regulations 2026: क्या बदलेंगे यूजीसी के इक्विटी नियम? केंद्र ने SC में कहा- दोबारा कर रहे विचार

UGC Equity Regulations 2026: केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया है कि यूजीसी के इक्विटी नियमों, 2026 पर दोबारा विचार किया जा रहा है। ये नियम फिलहाल सुप्रीम कोर्ट के आदेश के कारण लागू नहीं हैं। केंद्र और यूजीसी की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि सरकार इन नियमों पर फिर से विचार कर रही है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अभी यह नहीं कहा जा सकता कि दोबारा विचार के बाद फैसला किस दिशा में जाएगा। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 20, 2026 · 1 min · National Desk

IAS रिंकू ने पोस्ट लिख मांगा ट्रांसफर: 'संवैधानिक व्यवस्था के अनुरूप काम करना मुश्किल', विवादों से जुड़ा नाम

IAS रिंकू ने पोस्ट लिख मांगा ट्रांसफर: ‘संवैधानिक व्यवस्था के अनुरूप काम करना मुश्किल’, विवादों से जुड़ा नाम उन्होंने दूसरे राज्य या कैडर में जाकर सकारात्मक काम करने का अवसर मिलने की इच्छा भी जताई है। कैडर बदलने की उनकी मांग की जानकारी पहले भी सामने आ चुकी है। राही ने अपनी पोस्ट में लिखा कि आईएएस बनने का उनका उद्देश्य उन कार्यों को करना था, जिनकी अपेक्षा जनता से किए गए वायदों को पूरा करने के लिए देश और प्रदेश का नेतृत्व प्रशासन से करता रहा है। उनका आरोप है कि उत्तर प्रदेश की नौकरशाही में संवैधानिक व्यवस्था के अनुरूप निचले स्तर तक काम करना मुश्किल बना हुआ है। उन्होंने लिखा कि भ्रष्ट नौकरशाही कभी नहीं चाहेगी कि उनके जैसे लोगों को स्वतंत्र रूप से काम करने का अवसर मिले। वहीं उन्होंने यह भी कहा कि ईमानदार लेकिन व्यवस्था में रच-बस चुके अधिकारियों के सामने भी यह अहं का सवाल हो सकता है कि यदि वे कोई काम नहीं कर पाए तो कोई दूसरा कैसे कर सकता है। उन्होंने दूसरे राज्य या कैडर में जाकर सकारात्मक काम करने का अवसर मिलने की इच्छा भी जताई है। कैडर बदलने की उनकी मांग की जानकारी पहले भी सामने आ चुकी है। राही ने अपनी पोस्ट में लिखा कि आईएएस बनने का उनका उद्देश्य उन कार्यों को करना था, जिनकी अपेक्षा जनता से किए गए वायदों को पूरा करने के लिए देश और प्रदेश …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 20, 2026 · 2 min · National Desk

चाय की चुस्की हुई मंहगी: टूटा 80 साल का रिकॉर्ड, यूपी की 19 मिलों ने बढ़ाए दाम, 61 रुपये किलो पहुंची चीनी

प्रदेश की 19 मिलें लगातार दाम बढ़ाती जा रही हैं, जिससे चीनी के दाम आठ दशक के रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गए हैं। डेढ़ माह के भीतर 17 रुपये प्रति किलो तक की बढ़ोतरी हुई है और पिछले एक पखवाड़े से रोजाना एक से दो रुपये दाम बढ़ रहा है। बुधवार को अलीगढ़ में चीनी 61 रुपये प्रति किलोग्राम में बिक रही थी। जुलाई में छह रुपये किलो तक भाव बढ़े थे, तब से कम नहीं हुए हैं। डेढ़ माह में 17 रुपये किलो तक की बढ़ोतरी हो चुकी है। चीनी मिलों में एथनॉल उत्पादन बढ़ाए जाने चीनी उत्पादन कम हुआ है और भाव बढ़े हैं। -विशाल भगत, थोक व्यापारी। चीनी की कीमत रोजाना बढ़ने से अब ग्राहक बहस कर रहे हैं। उन्हें समझाना मुश्किल हो रहा है। सावन और त्योहारी सीजन में चीनी की मांग बढ़ने का भी असर है।-मनोज कुमार, फुटकर व्यापारी। चीनी की कीमतें अपने रिकाॅर्ड स्तर पर पहुंच गई हैं। महंगाई से परेशान आम आदमी के लिए यह एक और बड़ा झटका है। अब घर पर भी कुछ मीठा बनाना मुश्किल हो रहा है। -सुभाष राजा, फुटकर व्यापारी। कुछ व्यापारियों का मानना है कि आने वाले दिनों में चीनी की कीमत 80 रुपये प्रति किलो तक पहुंच सकती है। रोजाना बढ़ रहे दाम से बाजारों में दुकानदार-ग्राहकों के बीच बहस भी शुरू हो गई है। चीनी की इस महंगाई की वजह गन्ना से अधिकाधिक मात्रा में एथनॉल के निर्माण को बताया जा रहा है। थोक व्यापारियों के अनुसार चीनी के भाव को नियंत्रित करने और घरेलू आपूर्ति बढ़ाने के लिए केंद्र सरकार अक्तूबर से एथनॉल उत्पादन में गन्ना के इस्तेमाल को सीमित करने पर विचार कर रही है, जिससे आपूर्ति बढ़ेगी और भाव नियंत्रित होंगे। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 20, 2026 · 2 min · National Desk

बांग्लादेश में 35 साल बाद राष्ट्रपति चुनाव आज: किसका किससे है मुकाबला, कौन दौड़ में सबसे आगे? जानिए समीकरण

आलमगीर (78 वर्षीय) सत्तारूढ़ बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) के उम्मीदवार हैं। वहीं, अहमद (84 वर्षीय)लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी (एलडीपी) के अध्यक्ष हैं। वह जमात-ए-इस्लामी के नेतृत्व वाले गठबंधन के उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ रहे हैं। निर्वाचन आयोग ने 16 अगस्त को दोनों उम्मीदवारों के नामांकन पत्रों को सही मानते हुए मंजूर कर लिया था।बांग्लादेश में 1991 के बाद यह पहला राष्ट्रपति चुनाव है, जिसमें उम्मीदवारों के बीच मुकाबला हो रहा है। पिछले कई दशकों में राष्ट्रपति का चुनाव आमतौर पर आपसी सहमति से या बिना मुकाबले के होता रहा है।बीएनपी की संसदीय दल की बैठक में बुधवार को आलमगीर ने पार्टी के सांसदों से राष्ट्रपति चुनाव में उन्हें वोट देने की अपील की। उन्होंने कहा, ‘अगर मैंने कोई गलती की है या अनजाने में किसी को दुख पहुंचाया है, तो मैं माफी मांगता हूं।‘आलमगीर बीएनपी में संयुक्त महासचिव, कार्यवाहक महासचिव और महासचिव जैसे पदों पर रह चुके हैं। बैठक में मौजूद कई सांसदों ने बताया कि वरिष्ठ नेता भावुक हो गए और कई बार उनकी आंखों से आंसू निकल आए। आलमगीर ने वादा किया कि वह देश की आजादी और संप्रभुता से कभी समझौता नहीं करेंगे।डेली स्टार अखबार ने संसद सचिवालय के सूत्रों के हवाले से बताया कि राष्ट्रपति चुनाव जीतने वाले उम्मीदवार शुक्रवार शाम बंगभवन के दरबार हॉल में बांग्लादेश के नए राष्ट्रपति के रूप में शपथ लेंगे। यह राष्ट्रपति चुनाव इसलिए जरूरी हुआ, क्योंकि पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के करीबी माने जाने वाले मोहम्मद शहाबुद्दीन ने पिछले महीने स्वास्थ्य कारणों से इस्तीफा दे दिया था। उनका पांच साल का कार्यकाल अभी पूरा नहीं हुआ था।प्रधानमंत्री और बीएनपी के अध्यक्ष ता …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 20, 2026 · 2 min · National Desk

अमेरिका में RSS पर बैन लगाने की मांग: भागवत के US दौरे पर USCIRF सख्त; बोला- संघ नेताओं को न मिले सम्मान

अमेरिका की धार्मिक स्वतंत्रता पर काम करने वाली सलाहकार संस्था यूएस कमीशन ऑन इंटरनेशनल रिलिजियस फ्रीडम (यूएससीआईआरएफ) के अधिकारियों ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) पर प्रतिबंध लगाने की मांग की है। साथ ही, उन्होंने अमेरिकी सरकार से अपील की है कि वह आरएसएस नेताओं को राजनयिक सम्मान न दे और न ही उनके साथ किसी तरह की हाई-लेवल मीटिंग करे। यह बयान आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के प्रस्तावित अमेरिका दौरे से पहले आया है। वहीं, भारत पहले ही यूएससीआईआरएफ की रिपोर्टों को पक्षपातपूर्ण और वैचारिक पूर्वाग्रह पर आधारित बताते हुए खारिज कर चुका है। यूएससीआईआरएफ के चेयरमैन आसिफ महमूद ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सदस्य हैं। उन्होंने आरएसएस को एक ‘अंब्रेला ऑर्गनाइजेशन’ यानी ऐसा मुख्य संगठन बताया, जिसके सहयोगी संगठनों पर धार्मिक अल्पसंख्यकों पर हमले करने के आरोप लगते रहे हैं। महमूद की ये टिप्पणियां आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के अमेरिका दौरे से कुछ हफ्ते पहले सामने आई हैं। भागवत 29 अगस्त को न्यूयॉर्क में ‘अमेरिकन हिंदूज फॉर एंगेजमेंट एंड डायलॉग’ की ओर से आयोजित ‘यूनिवर्सल वननेस सेलिब्रेशन’ (एकता का उत्सव) में शामिल होने वाले हैं।यूएससीआईआरएफ कमिश्नर जीन मिल्स ने कहा कि आरएसएस नेताओं को, भले ही वे भारत सरकार से जुड़े हों, हाई-लेवल मीटिंग या राजनयिक सम्मान नहीं दिया जाना चाहिए। इसके बजाय, अमेरिकी सरकार (USG) को उन आरएसएस सदस्यों पर प्रतिबंध लगाने पर ध्यान देना चाहिए, जो फ्रीडम ऑफ रिलिजन ऑर बिलीफ यानी धार्मिक स्वतंत्रता के उल्लंघन के लिए जिम्मेदार पाए गए हैं। यूएससीआईआरएफ ने आसिफ महमूद और जीन मिल्स की इन टिप्पणियों को अपने एक्स अकाउ …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 20, 2026 · 2 min · National Desk

'नई मुस्लिम लीग बन गई कांग्रेस': वंदे मातरम विवाद को लेकर BJP अध्यक्ष का विपक्षी पार्टी पर हमला; क्या कहा?

नितिन नवीन ने सोशल मीडिया पोस्ट में क्या कहा? नवीन एक्स पर एक पोस्ट में कहा, कांग्रेस ने अब अपने अपमान को एक प्रस्ताव की शक्ल दे दी है। उसकी कार्य समिति ने तय किया है कि कांग्रेस के मंचों पर ‘वंदे मातरम’ के केवल पहले दो छंद ही गाए जाएंगे। भाजपा अध्यक्ष ने 15 अगस्त को कांग्रेस कार्यालय में स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रम के दौरान वंदे मातरम का पूरा संस्करण गाए जाने को लेकर हुए विवाद का भी इशारों में जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जब कुछ दिन पहले ‘एक व्यक्ति के आचरण’ में भी राष्ट्रगीत का यही अपमान दिखाई दिया था। तब कांग्रेस ने उसे ‘संयोग’ बताकर टाल दिया था। उन्होंने कहा, आज वही अपमान कांग्रेस की नीति बन चुका है। ये भी पढ़ें: उन्होंने आगे लिखा, ‘भारत माता’ की इस पावन वंदना का अपमान उन हजारों बलिदानियों का तिरस्कार है, जिन्होंने इसी गीत को अपनी चेतना में रखकर राष्ट्र के लिए बलिदान दिया था। यह केवल एक राजनीतिक बचाव नहीं, बल्कि उस वोट बैंक की भूख का प्रमाण है, जिसके आगे कांग्रेस ने हर बार राष्ट्र के स्वाभिमान को गिरवी रखा है। उन्होंने आगे लिखा, कांग्रेस आज की नई मुस्लिम लीग बन गई है। नवीन का यह बयान कांग्रेस कार्य समिति के बुधवार के फैसले के बाद आया। कांग्रेस कार्य समिति ने वंदे मातरम को लेकर अपनी सर्वोच्च निर्णय लेने वाली संस्था के 1937 के प्रस्ताव का पालन करने का फैसला किया। इसके तहत अब से पार्टी के सभी कार्यक्रमों में राष्ट्रगीत के केवल दो छंद गाए जाएंगे। मल्लिकार्जुन खरगे ने इस विवाद पर क्या कहा था? इससे पहले मंगलवार को कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने ‘वंदे मातरम’ को लेकर उठे विवाद पर अपनी बात रखी थी। खरगे न …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 20, 2026 · 2 min · National Desk

The Bonus Market Update: शेयर बाजार में लौटी रौनक; सेंसेक्स 512 अंक उछला, निफ्टी की सात दिन की गिरावट थमी

भारतीय शेयर बाजार में गुरुवार को निवेशकों के चेहरे पर खुशी लौटी। प्रमुख सूचकांकों ने जोरदार वापसी दर्ज की। सेंसेक्स करीब 0.7 फीसदी की मजबूत बढ़त के साथ कारोबार करता दिखा। वहीं, निफ्टी ने लगातार सात दिन से जारी गिरावट के सिलसिले को आखिरकार तोड़ दिया। अमेरिकी बॉन्ड प्रतिफल में गिरावट, शॉर्ट-कवरिंग और अन्य सकारात्मक कारकों ने बाजार की धारणा को काफी मजबूत किया। आज के कारोबार में सेंसेक्स 512.07 अंक बढ़कर 77,421.75 के स्तर पर पहुंच गया। यह निवेशकों के लिए एक बड़ी राहत थी। निफ्टी भी 119.91 अंक की बढ़त के साथ 24,198.20 पर पहुंच गया। इस उछाल ने पिछले कुछ दिनों की निराशा को कम किया है। इससे पहले 19 अगस्त 2026, बुधवार को भारतीय इक्विटी बाजार में लगातार सातवें सत्र में गिरावट दर्ज की गई थी। उस दिन मानक एनएसई निफ्टी50 76.60 अंक या 0.32 फीसदी गिरकर 24,078.30 पर बंद हुआ था। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक संकेतों का भी इस तेजी में अहम योगदान रहा है।बाजार में इस जोरदार उछाल के पीछे कई महत्वपूर्ण कारण रहे हैं। अमेरिकी बॉन्ड प्रतिफल में गिरावट ने निवेशकों को काफी राहत दी। जब बॉन्ड प्रतिफल गिरते हैं, तो इक्विटी बाजारों में निवेश का आकर्षण बढ़ जाता है। इससे पूंजी इक्विटी की ओर मुड़ती है। शॉर्ट-कवरिंग भी इस तेजी का एक प्रमुख कारण बनी। शॉर्ट-कवरिंग तब होती है जब निवेशक अपनी पिछली शॉर्ट पोजीशन को कवर करने के लिए शेयर खरीदते हैं। इससे बाजार में शेयरों की मांग बढ़ती है। परिणामस्वरूप, शेयरों की कीमतें ऊपर जाती हैं। इन सभी कारकों ने मिलकर बाजार की समग्र धारणा को सकारात्मक दिशा दी। निवेशकों का भरोसा बढ़ने से खरीदारी में तेजी आई और बाजार को सहारा मिला।20 अगस्त 2026 …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 20, 2026 · 2 min · National Desk