अजित पवार के निधन के बाद NCP में हलचल: सुनेत्रा को कैबिनेट में शामिल करने की मांग; शरद गुट विलय के पक्ष में

महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और एनसीपी नेता अजित पवार की विमान दुर्घटना में मौत के एक दिन बाद गुरुवार को उनकी पार्टी के नेताओं ने सुनेत्रा पवार को राज्य मंत्रिमंडल में शामिल करने की मांग उठाई है। इसी बीच विपक्षी एनसीपी (शरदचंद्र पवार) ने संकेत दिए कि वह दोनों प्रतिद्वंद्वी गुटों के विलय की बातचीत को आगे बढ़ाने के खिलाफ नहीं है। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के कुछ नेताओं ने यह भी सुझाव दिया कि सुनेत्रा पवार को आगे आकर पार्टी की कमान संभालनी चाहिए। बता दें कि एनसीपी और भाजपा के नेतृत्व वाले सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन का हिस्सा है। वरिष्ठ एनसीपी नेता और खाद्य एवं औषधि प्रशासन मंत्री नरहरि झिरवाल ने कहा कि यह जनता और पार्टी कार्यकर्ताओं की भावना है कि दिवंगत अजित पवार की पत्नी सुनेत्रा पवार को राज्य कैबिनेट में जगह दी जाए।एनसीपी नेता एवं महाराष्ट्र में कैबिनेट मंत्री नरहरि झिरवाल ने बृहस्पतिवार को कहा कि जनता चाहती है कि दिवंगत उपमुख्यमंत्री अजित पवार की पत्नी सुनेत्रा पवार को राज्य के मंत्रिमंडल में शामिल किया जाए। अजित पवार की राकांपा राज्य में सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन का हिस्सा है जिसमें भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना भी शामिल हैं।अजित पवार की मृत्यु के बाद राकांपा के भविष्य के बारे में पूछे जाने पर झिरवाल ने कहा कि लोग चाहते हैं कि ‘वहिनी’ (यानी भाभी सुनेत्रा पवार) को मंत्रिमंडल में शामिल किया जाए। अजित पवार के करीबी रहे झिरवाल ने बारामती में नेता के अंतिम संस्कार के बाद एक समाचार चैनल से कहा, हम इस बारे में नेतृत्व से बात करेंगे और फैसला लेंगे।राकांपा के दोनों गुटों के विलय के संबंध में पूछे गए सवाल पर झिरवाल ने कहा, दोनों …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

Bihar: महिला रोजगार योजना में दो लाख मिलेंगे,शर्तें लागू; सीएम नीतीश ने दिया बड़ा अपडेट

और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं दूसरे चरण की समृद्धि यात्रा का समापन कर पटना लौटने के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बड़ी घोषणा की है। उन्होंने महिला रोजगार योजना पर बातचीत की। कैबिनेट की बैठक खत्म होने के बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट लिखा। इसमें उन्होंने कहा कि राज्य की महिलाओं को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से शुरू की गई मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत अब तक बड़े पैमाने पर लाभ पहुंचाया गया है। योजना के प्रथम चरण में प्रत्येक परिवार की एक महिला को स्वरोजगार शुरू करने के लिए 10 हजार रुपये की सहायता दी गई है। अब तक 1 करोड़ 56 लाख लाभुकों के खातों में डीबीटी के माध्यम से राशि ट्रांसफर की जा चुकी है। ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में शेष पात्र आवेदकों को भी नियमानुसार जल्द ही उनके खातों में राशि भेजी जाएगी। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 1 min · National Desk

परंपरा और राष्ट्रगौरव: राष्ट्रपति की मौजूदगी में बीटिंग रिट्रीट ने बांधा समां; ऐसे हुआ गणतंत्र दिवस का समापन

भारतीय वायुसेना के बैंड ने सिंदूर संरचना बनाई। यह प्रस्तुति ऑपरेशन सिंदूर को समर्पित रही। संगीत और संरचना के माध्यम से सैन्य बलों के बलिदान और पराक्रम को श्रद्धांजलि दी गई। दर्शकों ने इस प्रस्तुति को लंबे समय तक तालियों से सराहा। बीटिंग रिट्रीट समारोह हर वर्ष विजय चौक पर आयोजित होता है और यह गणतंत्र दिवस समारोहों के समापन का प्रतीक है। सैन्य परंपरा से निकले इस आयोजन में थलसेना, नौसेना और वायुसेना के बैंड देशभक्ति और शास्त्रीय धुनों की प्रस्तुति देते हैं। यह आयोजन भारतीय सशस्त्र बलों की परंपरा, अनुशासन और वीरता को रेखांकित करता है।समारोह के दौरान राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की मौजूदगी ने आयोजन को गरिमा प्रदान की। उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी समारोह में शामिल हुए। तीनों शीर्ष संवैधानिक पदों पर आसीन नेताओं की उपस्थिति ने इस आयोजन के राष्ट्रीय महत्व को और मजबूत किया।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि बीटिंग रिट्रीट समारोह गणतंत्र दिवस समारोहों के औपचारिक समापन का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि यह आयोजन भारत की समृद्ध सैन्य विरासत की ताकत को दर्शाता है। प्रधानमंत्री ने सशस्त्र बलों की प्रशंसा करते हुए कहा कि वे देश की रक्षा के लिए सदैव प्रतिबद्ध हैं और उनका अनुशासन व शौर्य पूरे राष्ट्र के लिए प्रेरणा है।समारोह में थलसेना, नौसेना और वायुसेना के बैंडों ने सामूहिक रूप से प्रस्तुति दी। देशभक्ति और शास्त्रीय संगीत के मिश्रण ने वातावरण को भावुक और गर्व से भर दिया। यह आयोजन न केवल सैन्य शक्ति का प्रदर्शन है, बल्कि भारत की सांस्कृतिक और परंपरागत विरासत का भी उत्सव है।बीटिंग रिट्रीट के साथ 77वां गणतंत्र दिवस समारोहों का समापन हुआ। तिरंगे क …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

Economic Survey: जीडीपी रफ्तार 7.4% की और महंगाई नरम, पांच सवालों में समझें देश की आर्थिक सेहत का हाल

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को वित्तीय वर्ष 2025-26 का आर्थिक सर्वेक्षण लोकसभा के पटल पर रखा। मुख्य आर्थिक सलाहकार वी. अनंत नागेश्वरन की अगुवाई में बनी इस सर्वे रिपोर्ट में भारतीय अर्थव्यवस्था की ताजा तस्वीर पेश की गई है। आर्थिक सर्वेक्षण के अनुसार भारत की विकास दर मजबूत हुई है, जबकि महंगाई के मोर्चे पर बड़ी राहत मिली है। आर्थिक समीक्षा में जाहिर किए गए अनुमानों को आसान सवाल-जवाब के जरिए समझिए।भारत की आर्थिक वृद्धि की रफ्तार तेज होने का अनुमान है। मुख्य आर्थिक सलाहकार के अनुसार, वित्त वर्ष 2025 में वास्तविक जीडीपी वृद्धि दर 6.5% थी, जिसके वित्त वर्ष 2026 में बढ़कर 7.4% होने का अनुमान है। यह कोविड-पूर्व के 6.4% के औसत से काफी बेहतर स्थिति है। वित्त वर्ष 2026-27 में देश की जीडीपी 6.8% से 7.4% तक रह सकती है।आर्थिक सर्वेक्षण के अनुसार महंगाई के मोर्चे पर आंकड़े थोड़े सुकून देने वाले हैं। खुदरा महंगाई दर वित्त वर्ष 2023 में 6.7% थी, यह वित्त वर्ष 2026 (दिसंबर तक) में घटकर मात्र 1.7% रह गई है। इसी तरह, कोर इन्फ्लेशन (सोना-चांदी को छोड़कर) भी गिरकर 2.9% (दिसंबर तक) पर आ गई है।अर्थव्यवस्था को घरेलू मांग और निवेश दोनों से सहारा मिल रहा है। निवेश गतिविधियों में इजाफा हुआ है। रियल ग्रॉस फिक्स्ड कैपिटल फॉर्मेशन (जीएफसीएफ) की वृद्धि दर वित्त वर्ष 2026 में 7.8% रहने का अनुमान है, जो वित्त वर्ष 2025 में 7.1% थी। वहीं निजी खपत व्यय (पीएफसीई) भी मजबूत है, इसके वित्त वर्ष 2026 में 7.0% की दर से बढ़ने की उम्मीद है।अर्थव्यवस्था को औपचारिक बनाने और बेहतर अनुपालन के कारण टैक्स कलेक्शन बढ़ा है। आयकरदाताओं की संख्या वित्त वर्ष 2022 के 6.9 करोड़ से बढ़कर वित्त वर्ष 20 …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

UP: यूपी के 15 लाख शिक्षक व शिक्षणेत्तर कर्मी करा सकेंगे निजी अस्पतालों में कैशलेस इलाज, इस तरह मिलेगा लाभ

उत्तर प्रदेश सरकार ने शिक्षा जगत से जुड़े लाखों कर्मियों को बड़ी राहत दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में गुरुवार को हुई कैबिनेट बैठक में यह तय किया गया कि अब प्रदेश के माध्यमिक व बेसिक शिक्षा विभाग से जुड़े शिक्षक, शिक्षणेत्तर कर्मी और उनके आश्रित परिवार सरकारी के साथ-साथ निजी अस्पतालों में भी कैशलेस इलाज करा सकेंगे। मुख्यमंत्री ने बीते वर्ष शिक्षक दिवस पर इसकी घोषणा की थी, जिस पर अब कैबिनेट ने मुहर लगा दी है। इससे बेसिक व माध्यमिक शिक्षा से जुड़े लगभग 15 लाख शिक्षक व शिक्षणेत्तर कर्मी लाभान्वित होंगे। इस पर समग्र रूप से लगभग 448 करोड़ रुपये का व्यय होगा। वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने प्रेसवार्ता में कैबिनेट के निर्णयों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बैठक में कुल 32 प्रस्ताव आए, जिनमें 30 को कैबिनेट की स्वीकृति मिली। और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 1 min · National Desk

'अजित दादा' पंचतत्व में विलीन: परिवार समेत समर्थकों ने नम आंखों से दी विदाई; अंतिम संस्कार में उमड़ा जनसैलाब

अंतिम संस्कार की रस्में दोपहर में शुरू हुईं। अजित पवार के बेटों, पार्थ और जय ने अपने पिता की चिता को मुखाग्नि दी। इस दौरान उनकी पत्नी और राज्यसभा सदस्य सुनेत्रा पवार अपने आंसू नहीं रोक पा रही थीं। जब उनके पार्थिव शरीर को राष्ट्रीय ध्वज में लिपटा हुआ उनके गांव काटेवाड़ी से विद्या प्रतिष्ठान मैदान लाया गया। मैदान में मौजूद हजारों लोगों ने “अजित दादा अमर रहें” के नारे लगाए, जिससे पूरा माहौल गमगीन हो गया।इस दुखद घड़ी में देश और राज्य के कई बड़े नेता बारामती पहुंचे। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, नितिन गडकरी, मुरलीधर मोहोल और भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन ने दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि दी। अजित पवार के चाचा और एनसीपी (एसपी) प्रमुख शरद पवार भी वहां मौजूद थे। वे पूरे समय चुपचाप बैठे रहे और अपने भतीजे को अंतिम विदाई दी। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे भी पुणे से बारामती पहुंचे और पुष्पचक्र अर्पित किए।अजित पवार की चचेरी बहन और सांसद सुप्रिया सुले पूरे समय सुनेत्रा पवार के साथ खड़ी रहीं और उन्हें सांत्वना देती रहीं। अंतिम संस्कार में प्रफुल्ल पटेल, रामदास अठावले, गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत, पूर्व मुख्यमंत्री सुशीलकुमार शिंदे और अशोक चव्हाण जैसे दिग्गज नेता भी शामिल हुए। शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे और मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने भी काटेवाड़ी जाकर अजित पवार को श्रद्धांजलि दी। अभिनेता रितेश देशमुख भी इस मौके पर मौजूद थे।अजित पवार अपने अनुशासन के लिए जाने जाते थे। अंतिम संस्कार के दौरान लाउडस्पीकर से बार-बार लोगों से शांति और अनुशासन बनाए रखने की अपील की गई। प्रशासन ने कहा कि शांति बनाए रखना ही ‘दादा’ के लिए सबसे बड़ी श्रद्धांजलि ह …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

हापुड़ में UGC पर हल्लाबोल: BJP दफ्तर में घुसे लोग, हिंदू संगठन और पार्टी के कार्यकर्ता भी विरोध में शामिल

यूजीसी कानून के विरोध में बुधवार को सवर्ण समाज के लोगों ने शहर से लेकर बहादुरगढ़ थाना क्षेत्र और गढ़ तहसील तक जोरदार प्रदर्शन किया। डहराकुटी से गढ़ तक पैदल मार्च निकालते हुए लोगों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस विरोध मार्च में भाजपा के सक्रिय कार्यकर्ता, बजरंग दल और करणी सेना के कार्यकर्ता सहित विभिन्न संगठनों से जुड़े सवर्ण समाज के लोग बड़ी संख्या में शामिल रहे। और पढ़ें …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 1 min · National Desk

Shashi Tharoor: कांग्रेस में 'सब कुछ ठीक है'? खरगे-राहुल गांधी से मिल कर शशि थरूर बोले- बातचीत अच्छी रही

पिछले कुछ महीनों से शशि थरूर और कांग्रेस नेतृत्व के बीच तनाव की खबरें आ रही थीं। थरूर ने सार्वजनिक रूप से स्वीकार किया था कि उनके कुछ मुद्दे हैं, जिन्हें वे पार्टी के मंच पर उठाना चाहते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा था कि वे 17 साल से कांग्रेस में हैं और उन्होंने कभी भी संसद में पार्टी के तय रुख का उल्लंघन नहीं किया है।विवाद की शुरुआत तब हुई जब थरूर पार्टी की एक अहम बैठक में शामिल नहीं हुए थे। हालांकि, उन्होंने बाद में स्पष्ट किया कि वे एक साहित्य उत्सव में गए थे और इसकी जानकारी नेतृत्व को पहले ही दे दी गई थी। इसके अलावा, कोच्चि में पार्टी के एक कार्यक्रम में उनके साथ हुए खराब व्यवहार की खबरों पर भी उन्होंने चुप्पी साधे रखी।पार्टी के भीतर असली बेचैनी तब बढ़ी जब पिछले साल अप्रैल में पहलगाम आतंकी हमले के बाद थरूर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संकट प्रबंधन की तारीफ की थी। कांग्रेस के कई नेताओं ने इस पर तीखी प्रतिक्रिया दी थी। इसके बाद भाजपा ने थरूर को एक अंतरदलीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व करने का न्योता दिया, जिसे उन्होंने स्वीकार कर लिया। इस दल में कांग्रेस का कोई और नेता शामिल नहीं था, जिससे उनके भाजपा में जाने की अफवाहें उड़ने लगीं।तनाव तब और बढ़ गया जब थरूर ने प्रधानमंत्री के एक भाषण की सोशल मीडिया पर सराहना की और “भारतीय राजनीति एक पारिवारिक व्यवसाय है” शीर्षक से एक लेख लिखा। इस लेख में उन्होंने वंशवादी राजनीति की आलोचना की थी, जिससे कांग्रेस नेतृत्व काफी नाराज हुआ था। हालांकि, थरूर ने हमेशा यही कहा कि उनकी टिप्पणियां किसी राजनीतिक रणनीति का हिस्सा नहीं, बल्कि राष्ट्रहित से प्रेरित थीं। उन्होंने साफ किया कि प्रधानमंत्री की तारीफ करने का मतलब यह नहीं है कि वे …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

यूपी कैबिनेट का बड़ा फैसला: 11.92 लाख शिक्षकों को सौगात, राज्य कर्मचारियों की तरह मिलेगी कैशलेस इलाज की सुविधा

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में गुरुवार को हुई कैबिनेट बैठक में प्रदेश के शिक्षकों को योगी सरकार ने बड़ी सौगात दी है। अब शिक्षकों को भी राज्य कर्मचारियों की तरह ही कैशलेस इलाज की सुविधा मिलेगी। बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दो दी गई है। इस फैसले से 11.92 लाख से ज्यादा शिक्षकों को सीधा लाभ मिलेगा। इस फैसले को आयुष्मान व्यवस्था के माध्यम से लागू किया जाएगा। इस फैसले से शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक व रसोइया सभी लाभांवित होंगे। इस फैसले के क्रियान्वयन में 358.61 करोड़ रुपये की लागत आएगी। और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं बैठक में माध्यमिक शिक्षा विभाग को भी कैशलेस सुविधा की मंजूरी दे दी गई है। इससे दो लाख 97 हजार 579 कर्मचारी लाभांवित होंगे। वहीं, सरकार 89.25 करोड़ रुपये का व्यय भार पड़ेगा। हालांकि, जो कर्मचारी पहले से ही किसी सरकारी योजना जैसे आयुष्मान से आच्छादित हैं उन्हें इसका लाभ नहीं दिया जाएगा। बता दें कि कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बीते साल के पांच सितंबर को शिक्षक दिवस पर शिक्षकों के लिए कैशलेश चिकित्सा सुविधा देने की घोषणा की थी। विभाग की ओर से इस योजना को आयुष्मान योजना की तरह लागू करने की तैयारी है। यह सुविधा पूरी तरह कैशलेश है। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक में कुल 32 में से 30 प्रस्ताव पास हो गए। सिर्फ 14वां और 17वां प्रस्ताव ही रोका गया। बैठक में लिए गए अन्य फैसले: - बैठक में शहरी पुनर्विकास नीति 2026 को मंजूरी दे दी गई। - नक्शा पास करने की प्रक्रिया सरल की जाएगी जिससे कि लोग नक्शा जरूर पास करें। विकास शुल्क के संशोधित प्राइस लागू किए जाएंगे। - बरेली में विज्ञान पार्क और नक्षत्रशाला की स्था …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

Budget 2026: 'देश को पाखंड से भरा संदेश दे रहे पीएम मोदी', आर्थिक सर्वे पर PM के बयान को लेकर बोली कांग्रेस

कांग्रेस ने गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर बजट सत्र पर उनकी टिप्पणियों को लेकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि वे प्रत्येक सत्र की शुरुआत से पहले “देश को अपना वही पाखंडी संदेश” देते हैं। आज का प्रदर्शन इसी कड़ी का हिस्सा है। कांग्रेस के प्रभारी महासचिव जयराम रमेश ने कहा, “वह (प्रधानमंत्री) राष्ट्रीय मुद्दों पर विपक्ष को विश्वास में लेने के लिए सर्वदलीय बैठकें नहीं बुलाएंगे और न ही उनकी अध्यक्षता करेंगे।” रमेश ने दावा किया कि वह अचानक अंतिम समय में विधेयक पेश करवाएंगे और आवश्यक विधायी जांच के बिना उन्हें संसद से पारित करवा देंगे। उन्होंने आगे कहा कि मोदी संसद में बैठकर विपक्षी नेताओं की चिंताओं का जवाब नहीं देंगे, बल्कि दोनों सदनों में चुनावी रैलियों में भाषण देंगे। आगे उन्होंने कहा “प्रत्येक सत्र की शुरुआत से पहले, वह संसद को पृष्ठभूमि बनाकर अपना वही पाखंड से भरा ‘देश के नाम संदेश’ देंगे। आज का प्रदर्शन इसी श्रृंखला का हिस्सा है,” यह भी पढ़ें- Security Alert: मेघालय में ISIS के नाम से मिली धमकी, गारो समुदाय को जमीन छोड़ने को कहा; जांच में जुटी पुलिस प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को कहा कि यूरोपीय संघ के साथ मुक्त व्यापार समझौता महत्वाकांक्षी भारत के लिए है। उन्होंने निर्माताओं से आग्रह किया कि वे उनके लिए खुल रहे नए बाजारों से लाभ उठाएं। मोदी ने यह भी कहा कि देश लंबे समय से लंबित समस्याओं से उबर रहा है और दीर्घकालिक समाधानों की दिशा में काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि अब समाधान खोजने का समय आ गया है, न कि बाधाएं पैदा करने का। उन्होंने आगे कहा कि उनकी सरकार केवल फाइलों तक सीमित नहीं है, बल्कि लोगों तक कल्याणकारी योजनाओं की अंतिम-मील डिलीवरी स …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk