Brazil-India: अमेरिकी टैरिफ तनाव के बीच PM ने लूला दा सिल्वा से बात की, जल्द भारत आएंगे ब्राजील के राष्ट्रपति

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बृहस्पतिवार को ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा से बात की। पीएम मोदी ने कहा कि वैश्विक दक्षिण के साझा हितों को आगे बढ़ाने के लिए दोनों देशों में करीबी सहयोग बहुत ज़रूरी है। सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में प्रधानमंत्री ने कहा, मैं जल्द ही ब्राज़ील के राष्ट्रपति का भारत में स्वागत करने का इंतजार कर रहा हूं। पीएम मोदी ने कहा, राष्ट्रपति लूला से बात करके खुशी हुई। हमने भारत-ब्राजील रणनीतिक साझेदारी में मजबूत गति की समीक्षा की, जो आने वाले साल में नई ऊंचाइयों पर पहुंचने के लिए तैयार है। उन्होंने आगे कहा, वैश्विक दक्षिण के साझा हितों को आगे बढ़ाने के लिए हमारा करीबी सहयोग बहुत जरूरी है।भारत 2026 में ब्रिक्स शिखर बैठक की अध्यक्षता करने वाला है और इसमें शामिल होने के लिए अन्य शासनाध्यक्षों के अलावा लूला दा सिल्वा भी आने वाले हैं। लूला ने पिछले अगस्त में पुष्टि की थी कि 2026 की शुरुआत में भारत का राजकीय दौरा होगा। उन्होंने था कि वह ट्रंप द्वारा लगाए गए टैक्स से निपटने के लिए ब्रिक्स देशों के समूह के बीच बातचीत शुरू करेंगे। यह बात दोनों नेताओं के बीच ऐसे समय हो रही है, जब राष्ट्रपति ट्रंप दावोस में बोर्ड ऑफ पीस की नींव रख रहे हैं।वहीं दूसरी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से पेश किए गए ‘बोर्ड ऑफ पीस’ के हस्ताक्षर समारोह में भारत शामिल नहीं हुआ। यह पहल दावोस में विश्व आर्थिक मंच के इतर आयोजित की गई थी और इसका उद्देश्य गाजा में स्थायी शांति की दिशा में काम करना बताया गया है। भारत के अलावा फ्रांस, ब्रिटेन, चीन, जर्मनी सहित कई प्रमुख देश भी हस्ताक्षर समारोह में मौजूद नहीं थे। वहीं जर्मनी, इटली, पराग्वे, रूस, स्लोवेनिया, …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 22, 2026 · 2 min · National Desk

सरकार की जिद पर क्रिकेट की कुर्बानी: बांग्लादेश का विश्वकप से हटने का फैसला, बीसीबी की आय 60% घटने की आशंका

सरकार की जिद पर क्रिकेट की कुर्बानी: बांग्लादेश का विश्वकप से हटने का फैसला, बीसीबी की आय 60% घटने की आशंका विस्तार Follow Us और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं बांग्लादेश क्रिकेट अपने इतिहास के सबसे बड़े संकट के मुहाने पर खड़ा है। सरकार के सलाहकार आसिफ नजरुल के सख्त रुख और राष्ट्रीय प्रतिष्ठा से जुड़े फैसले के चलते बांग्लादेश का टी20 विश्व कप 2026 से हटना लगभग तय माना जा रहा है। इस अभूतपूर्व हालात का असर सिर्फ मैदान तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इससे बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (बीसीबी) को करोड़ों का आर्थिक झटका लग सकता है, जबकि खिलाड़ी अपने करियर के सबसे अहम मौके से वंचित होने की कगार पर हैं। अमिनुल ने आईसीसी के पाले में डाली गेंद बैठक के बाद बीसीबी अध्यक्ष अमिनुल ने कहा, ‘हम लगातार आईसीसी से संपर्क जारी रखेंगे। बांग्लादेश विश्व कप में खेलना चाहता है, लेकिन वे अपने मैच भारत में नहीं खेलेगा। हम लगातार लड़ाई जारी रखेंगे। आईसीसी बोर्ड की बैठक में कई आश्चर्यजनक फैसले हुए। मुस्तफिजुर का मामला एकमात्र मामला नहीं है। इसे लेकर एकमात्र फैसला भारत ले रहा है।’ अमिनुल ने कहा, ‘आईसीसी ने भारत से बाहर मैच आयोजित करने के हमारे अनुरोध को अस्वीकार कर दिया था। हमें विश्व क्रिकेट की स्थिति के बारे में कोई जानकारी नहीं है। इसकी लोकप्रियता घट रही है। उन्होंने दो करो …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 22, 2026 · 2 min · National Desk

महाराष्ट्र के CM इतने लाचार क्यों?: मंत्री के फरार बेटे पर HC की तल्ख टिप्पणी, पूछा- क्या राज्य में कानून है

अदालत शिवसेना मंत्री भारत गोगावले के बेटे विकास गोगावले की अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई कर रही थी। जस्टिस माधव जामदार ने तीखी टिप्पणी में कहा कि मंत्रियों के बच्चे अपराध करते हैं और खुलेआम घूमते हैं लेकिन पुलिस उन्हें ढूंढ नहीं पाती। बता दें कि विकास को महाड नगर परिषद चुनाव के दौरान प्रतिद्वंद्वी गुटों के बीच हुई हिंसक झड़प से जुड़े मामले में आरोपी बनाया गया है।कोर्ट की फटकार के बाद, सरकार ने आश्वासन दिया कि मंत्री यह सुनिश्चित करेंगे कि उनका बेटा एक दिन के भीतर आत्मसमर्पण कर दे। विकास गोगावले ने सत्र अदालत द्वारा उनकी अग्रिम जमानत याचिका खारिज किए जाने के बाद हाई कोर्ट का रुख किया, लेकिन वह अभी भी फरार है।जस्टिस माधव जामदार ने कहा कि क्या राज्य के मुख्यमंत्री इतने लाचार हैं कि वह एक मंत्री के खिलाफ भी कुछ नहीं कहते? मंत्रियों के बच्चे अपराध करते हैं और खुलेआम घूमते हैं और वे अपने माता-पिता के संपर्क में रहते हैं लेकिन पुलिस उन्हें ढूंढ नहीं पाती? जज ने यह भी सवाल किया कि क्या राज्य में कानून-व्यवस्था और कानून का राज कायम है।महाधिवक्ता मिलिंद साठे ने कहा कि मंत्री गोगावले अपने बेटे से बात करेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि वह शुक्रवार को पुलिस के सामने सरेंडर कर दे। हाई कोर्ट ने कहा कि उसे कल सुनवाई से पहले सरेंडर करने के लिए कहें। कोर्ट ने पहले चेतावनी दी थी कि अगर पुलिस विकास गोगावले को पकड़ने में विफल रहती है तो उसे आदेश पारित करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा। जस्टिस जामदार ने आगे कहा कि आप (पुलिस) पर दबाव हो सकता है, अदालत पर नहीं।यह मामला रायगड जिले के महाड में नगर परिषद चुनाव के दौरान दो गुटों के बीच हुई हिंसक झड़प से जुड़ा है। यह झड़प 2 दिसंबर को एकनाथ …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 22, 2026 · 2 min · National Desk

दोबारा राष्ट्रपति बनते ही ट्रंप की मोटी कमाई: दूसरे कार्यकाल के पहले साल में ही कमाए 1.4 अरब डॉलर, यह है तरीका

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने दूसरे कार्यकाल के पहले वर्ष में ही अपने पद की हनक का इस्तेमाल कर कम से कम 1.4 अरब डॉलर (करीब ₹1.4 बिलियन) कमा लिए हैं। भारतीय रुपयों में आंके तो यह राशि करीब 12,831.21 करोड़ रुपये होती है। न्यूयॉर्क टाइम्स की ओर से प्रकाशित एक रिपोर्ट में यह सनसनीखेज दावा किया गया है। रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप ने यह संपत्ति क्रिप्टोकरेंसी, विदेशी लाइसेंसिंग और कॉरपोरेट सेटलमेंट के जरिए जुटाई है। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि अमेरिका के इतिहास में पद पर रहते हुए किसी भी राष्ट्रपति की ओर से निजी लाभ कमाने का एक अभूतपूर्व उदाहरण है। क्या बना ट्रंप की कमाई का सबसे बड़ा जरिया? रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप की कमाई का सबसे बड़ा जरिया क्रिप्टोकरेंसी रही है। उन्होंने विभिन्न क्रिप्टोकरेंसी डील्स के जरिए कम से कम 867 मिलियन डॉलर (करीब 86.7 करोड़ डॉलर) कमाए हैं। यह कमाई अक्सर गुप्त सौदों के जरिए हुई। उदाहरण के लिए, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) समर्थित एक निवेश फर्म ने ट्रंप की एक फर्म में 2 अरब डॉलर जमा करने की योजना बनाई थी। इसके ठीक दो सप्ताह बाद, राष्ट्रपति ट्रंप ने यूएई को अमेरिका के उन्नत चिप्स (Advanced Chips) तक पहुंच प्रदान कर दी। ट्रंप परिवार ने संकेत दिया है कि क्रिप्टो से होने वाला वास्तविक मुनाफा अनुमान से कहीं अधिक हो सकता है। कहां-कहां से हुई ट्रंप की जोरदार कमाई? अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उससे जुड़ी संस्थाओं ने विदेशी सरकारों के साथ सहयोग करके कई परियोजनाओं को आगे बढ़ाया है। जिससे उन्हें मोटी कमाई हुई है। ये हैं- क्या टेक कंपनियों और मीडिया से भी की गई वसूली? ट्रंप ने अपने नाम का लाइसेंस देकर 23 मिलियन डॉलर कमा …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 22, 2026 · 2 min · National Desk

Bihar : तेजस्वी यादव की सुरक्षा में कटौती, नितिन नवीन और ललन सिंह समेत कई नेताओं का सुरक्षा घेरा बढ़ा

सुरक्षा समिति की सिफारिश के बाद बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की सुरक्षा कम कर दी गई है। अब तक उन्हें ‘Z’ श्रेणी की सुरक्षा दी जा रही थी, जिसे घटाकर अब ‘Y+’ कर दिया गया है। इसके साथ ही तीन अन्य वरिष्ठ नेताओं मदन मोहन झा, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष उदय नारायण चौधरी और राजेश राम की सुरक्षा पूरी तरह से वापस ले ली गई है।एक ओर जहाँ विपक्ष की सुरक्षा में कटौती हुई है, वहीं सत्ता पक्ष के कई रसूखदार चेहरों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। भाजपा के राष्ट्रीय स्तर के नेताओं और बिहार सरकार के मंत्रियों को अब और भी कड़े सुरक्षा घेरे में रखा जाएगा। भाजपा के वरिष्ठ नेता नितिन नवीन, केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह, केंद्रीय मंत्री ललन सिंह, स्वास्थ्य मंत्री मंगल पाण्डेय और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी को अब जेड श्रेणी की सुरक्षा दी गई है। इन्हें वाई से बढ़ाकर वाई प्लस और फिर सुरक्षा मानकों के अनुरूप अपग्रेड किया गया है।जेड श्रेणी के तहत 22 सुरक्षाकर्मी दिए जाते हैं। इसमें 4 से 5 एनएसजी कमांडो के साथ दिल्ली पुलिस, आईटीबीपी या सीआरपीएफ के जवान और स्थानीय पुलिस शामिल होती है। वहीं वाई प्लस श्रेणी के तहत 11 सुरक्षाकर्मी दिए जाते हैं। इसमें 1 या 2 कमांडो के साथ 2 निजी सुरक्षा अधिकारी और अन्य जवान तैनात होते हैं।इस संबंध में गृह विभाग का कहना है कि यह बदलाव किसी राजनीतिक द्वेष के कारण नहीं बल्कि खतरे के आकलन के आधार पर किया गया है। समिति हर कुछ महीनों में विधायकों और मंत्रियों को मिलने वाली सुरक्षा की समीक्षा करती है और इसी आधार पर सुरक्षा बढ़ाने या घटाने का निर्णय लिया जाता है। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 22, 2026 · 2 min · National Desk

Oscars 2026: ऑस्कर की रेस से बाहर हुई 'होमबाउंड', सामने आई नॉमिनेशन लिस्ट; ‘सिनर्स’ ने रचा इतिहास

98वें ऑस्कर में ‘सिनर्स’ ने इतिहास रच दिया है। ‘सिनर्स’ ने इस बार के ऑस्कर में 16 नॉमिनेशन हासिल किए हैं। जो अब तक ऑस्कर के इतिहास में किसी भी फिल्म को मिले सबसे ज्यादा नॉमिनेशन हैं। ‘सिनर्स’ के अलावा लियोनार्डो डिकैप्रियो की ‘वन बैटल आफ्टर अनदर’ को भी 13 नॉमिनेशन मिले हैं। फिल्म जगत के सबसे प्रमुख अवॉर्ड्स में शामिल ऑस्कर 2026 के नॉमिनेशन आज सामने आ गए हैं। भारत समेत दुनियाभर की नजरें इन नॉमिनेशन पर लगी थीं। हर साल ऑस्कर्स को अकेडमी ऑफ मोशन पिक्चर आर्ट्स एंड साइंसेज (AMPAS) आयोजित करता है। भारत की तरफ से इस बार ऑस्कर्स में ‘होमबाउंड’ का नाम शामिल था, लेकिन भारत को यहां निराशा मिली है, क्योंकि ‘होमबाउंड’ को ऑस्कर में नॉमिनेशन नहीं मिला है। जबकि ‘सिनर्स’ ने 16 नॉमिनेशन के साथ ऑस्कर में इतिहास रच दिया है। इसके अलावा फ्रेंकस्टीन और वन बैटल आफ्टर अनदर का भी बोलबाला देखने को मिला। ऑस्कर्स अवॉर्ड्स का आयोजन 15 मार्च 2026 को होना है। बेस्ट इंटरनेशनल फीचर फिल्म की रेस में थी ‘होमबाउंड’ 98वें ऑस्कर अवॉर्ड में भारत की सारी उम्मीदें ‘होमबाउंड’ पर टिकी थीं। ‘होमबाउंड’ बेस्ट इंटरनेशनल फीचर फिल्म की रेस में शामिल थी। लेकिन नॉमिनेशन में ‘होमबाउंड’ को जगह नहीं मिली। इसके अलावा ‘कांतारा चैप्टर 1’, ‘तन्वी द ग्रेट’, ‘महावतार नरसिम्हा’ और ‘टूरिस्ट फैमिली’ जैसी फिल्मों का नाम बेस्ट पिक्चर की रिमाइंडर लिस्ट में शामिल किया गया था। लेकिन इन फिल्मों को भी ऑस्कर में कोई नॉमिनेशन नहीं मिला। इस तरह से एक बार फिर ऑस्कर जीतने की भारत की उम्मीदों को झटका लगा है। इन फिल्मों ने ‘होमबाउंड’ को पछाड़कर बनाई जगह ‘होमबाउंड’ के अलावा बेस्ट इंटरनेशनल फीचर फिल्म की रेस में जिन फिल्मों को नॉमिनेशन मिला उनमें ‘ …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 22, 2026 · 2 min · National Desk

भोजशाला का इतिहास क्या है: मंदिर कब बना मस्जिद? जानें कैसे इस विवाद ने बदल दी मध्य प्रदेश की सियासी दिशा

भोजशाला का इतिहास क्या है: मंदिर कब बना मस्जिद? जानें कैसे इस विवाद ने बदल दी मध्य प्रदेश की सियासी दिशा विस्तार Follow Us और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं ऐसे में यह जानना अहम है कि धार में जिस भोजशाला को लेकर विवाद की स्थिति बनी है, उसका इतिहास क्या है? यहां हिंदू-मुस्लिम पक्ष कब-कब आमने-सामने आए? इस मुद्दे पर राजनीति कैसे और कब शुरू हुई? विवाद की मौजूदा स्थिति क्या है? भारत की पुरातत्व सर्वेक्षण एजेंसी (एएसआई) का इस जगह को लेकर क्या कहती है? कोर्ट में इस मामले में कब-क्या हुआ? आइये जानते हैं…. ऐसे में यह जानना अहम है कि धार में जिस भोजशाला को लेकर विवाद की स्थिति बनी है, उसका इतिहास क्या है? यहां हिंदू-मुस्लिम पक्ष कब-कब आमने-सामने आए? इस मुद्दे पर राजनीति कैसे और कब शुरू हुई? विवाद की मौजूदा स्थिति क्या है? भारत की पुरातत्व सर्वेक्षण एजेंसी (एएसआई) का इस जगह को लेकर क्या कहती है? कोर्ट में इस मामले में कब-क्या हुआ? मध्य प्रदेश में एक जिला है ‘धार’, जो इस वक्त चर्चा में है। आमतौर पर शांत रहने वाला ये शहर अक्सर तब सुर्खियों में आता है जब बसंत पंचमी शुक्रवार के दिन पड़ती है। इस बार भी बसंत पंचमी शुक्रवार को है और एक बार फिर इसी वजह से ये शहर चर्चा में है। दरअसल यहां की भोजशाला में बसंत पंचमी के दिन देवी सरस्वती की पूजा होती है। इसी जगह पर शुक्रवा …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 22, 2026 · 2 min · National Desk

जम्मू-कश्मीर के डोडा में हादसा: सेना का वाहन 400 फीट गहरी खाई में गिरा, दस जवानों की जान गई; 11 घायल

इससे वह बेहद दुखी हैं। हम उनके उत्कृष्ट सेवा भाव और सर्वोच्च बलिदान को हमेशा याद रखेंगे। शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं। उपराज्यपाल ने आगे कहा कि इस गहरे दुख की घड़ी में पूरा देश शोकाकुल परिवारों के साथ एकजुटता और समर्थन में खड़ा है। मृत जवानों के नाम जोबन जीत, सुधेर नरवाल, मोनू, मोहित, एचआर कंवर, सिमरन, पी लोरा, सुलिंदर, अजय लोफरा और स्वर्ण नाग पाल। घायल जवानों के नाम साहिल, जेपी सिंह, नीरज, अनूप, नागिस, अमन, शंकर, संदीप, जोबनप्रीत, राकेश और अभिमन्यु के रूप में हुई है। सभी घायलों का इलाज जारी है और उनकी हालत पर नजर रखी जा रही है। उन्होंने बताया कि घायल जवानों को एयरलिफ्ट कर अस्पताल पहुंचाया गया है और वरिष्ठ अधिकारियों को उनके सर्वोत्तम इलाज के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना भी की। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 22, 2026 · 1 min · National Desk

Air India: एक हादसे ने सब खत्म कर दिया? ₹15,000 करोड़ का 'महासंकट' और एअर इंडिया ने लिया बड़ा फैसला

टाटा समूह और सिंगापुर एयरलाइंस के स्वामित्व वाली एयर इंडिया एक बार फिर गहरे वित्तीय संकट में घिरती नजर आ रही है। पिछले साल अहमदाबाद में हुए भीषण विमान हादसे और भू-राजनीतिक तनावों के चलते एयरलाइन 31 मार्च, 2026 को समाप्त होने वाले वित्त वर्ष में रिकॉर्ड 1.6 अरब डॉलर (करीब 15,000 करोड़ रुपये) का घाटा दर्ज कर सकती है। मुनाफे की उम्मीदों पर फिरा पानी एअर इंडिया की इस हालत का सबसे बड़ा जिम्मेदार अहमदाबाद में हुए भीषण विमान हादसे को माना जा रहा है। जून में हुए उस दिल दहला देने वाले ड्रीमलाइनर क्रैश ने न सिर्फ 240 जिंदगियों को खत्म किया, बल्कि एयरलाइन की बरसों की साख को भी मटियामेट कर दिया। विशेषज्ञों का मानना है कि इस एक हादसे ने एयरलाइन के ‘टर्नअराउंड प्लान’ की कमर तोड़ दी है। यह अनुमानित घाटा एअर इंडिया के लिए एक बड़ा यू-टर्न है क्योंकि जून में हुए ड्रीमलाइनर हादसे से पहले एयरलाइन मुनाफे की ओर बढ़ रही थी। एयरलाइन ने इस वित्त वर्ष में परिचालन ब्रेक-इवन हासिल करने का लक्ष्य रखा था, लेकिन अब मुनाफा हासिल करना दूर की कौड़ी नजर आ रही है। दोहरी मार: विमान हादसा और एयरस्पेस प्रतिबंध ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, एअर इंडिया, जो टाटा समूह और सिंगापुर एयरलाइंस लिमिटेड का एक संयुक्त उद्यम है, के लिए यह साल बेहद उथल-पुथल भरा रहा है। पिछले तीन वर्षों में एयरलाइन को कुल 32,210 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है, और पिछले साल ही इसने 10,000 करोड़ रुपये की नई वित्तीय सहायता मांगी थी। एयरलाइन की बैलेंस शीट पर सबसे गहरी चोट जून में हुए ड्रीमलाइनर क्रैश ने पहुंचाई, जिसमें 240 से अधिक लोगों की जान चली गई थी। इस हादसे ने एयरलाइन की उस प्रगति को मटियामेट कर दिया जो उसने वर्षों …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 22, 2026 · 2 min · National Desk

इंजीनियर युवराज का आखिरी Video: 'ऐसे ही रह बेटा.. गाड़ी बुलवाई है', सीढ़ी पर बैठ रेस्क्यू टीम देती रही निर्देश

युवराज की मौत का कौन है आखिर जिम्मेदार? सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस और दमकल के कर्मियों ने पहले रस्सी फेंककर बचाने का प्रयास किया, मगर रस्सी उस तक नहीं पहुंची। जो क्रेन बुलाई गई, वह भी उस तक नहीं पहुंच पाई, जिस कारण राहत बचाव कार्य में देरी हुई। मौके पर कोई गोताखोर भी नहीं पहुंचा। इस कारण वे अपनी आंखों के सामने ही बेटे को कार सहित डूबते हुए देख रहे थे। सफलता न मिलने पर एसडीआरएफ और एनडीआरएफ के जवानों को बुलाया गया। युवराज की मौत से पहले भी हो चुका था हादसा कई घंटे के सर्च ऑपरेशन के बाद युवराज को बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। जिस जगह पर हादसा हुआ है, वहां पहले भी एक ट्रक कोहरे के कारण फंस चुका था, बावजूद इसके सबक नहीं लिया गया। जिस बेसमेंट में हादसा हुआ, वहां हमेशा पानी भरा रहता है। इस घटना से पहले ट्रक हादसे के बाद भी कोई प्रयास नहीं किया गया। घटना स्थल के पास नाला भी खुला हुआ है, वहां कोई रिफ्लेक्टर और बैरिकेड भी नहीं था। ये भी पढ़ें: इंजीनियर मौत मामला: NGT ने लिया स्वत: संज्ञान… पांच अधिकारियों को नोटिस; दो और बिल्डर भी गिरफ्तार …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 22, 2026 · 1 min · National Desk