यूपी: गंगा एक्सप्रेसवे का शुभारंभ कल, जारी हुईं टोल की भी दरें; कार- दोपहिया वाहनों को देने होंगे इतने पैसे

जारी दरों के अनुसार, दोपहिया, तिपहिया और ट्रैक्टर चालकों को प्रति किलोमीटर 1.28 रुपये का टोल देना होगा। वहीं कार, जीप, वैन और हल्के मोटर वाहन के लिए यह दर 2.55 रुपये प्रति किलोमीटर रखी गई है। हल्के वाणिज्यिक वाहन, लाइट गुड्स व्हीकल या मिनीबस के लिए 4.05 रुपये प्रति किलोमीटर टोल निर्धारित किया गया है।बस और ट्रक जैसे भारी वाहनों के लिए टोल दर 8.20 रुपये प्रति किलोमीटर तय की गई है। इसके अलावा भारी निर्माण मशीनरी , अर्थ मूविंग इक्विपमेंट और तीन से छह एक्सल वाले मल्टी एक्सल वाहनों के लिए 12.60 रुपये प्रति किलोमीटर शुल्क देना होगा। सात या उससे अधिक एक्सल वाले ओवरसाइज्ड वाहनों के लिए सबसे अधिक 16.10 रुपये प्रति किलोमीटर टोल निर्धारित किया गया है।यूपीडा के अधिकारियों के मुताबिक, यह दरें एक्सप्रेसवे के संचालन और रखरखाव के खर्च को ध्यान में रखते हुए तय की गई हैं। साथ ही भविष्य में महंगाई दर के अनुसार इन टोल दरों में संशोधन भी संभव है।गंगा एक्सप्रेसवे उत्तर प्रदेश की सबसे बड़ी आधारभूत परियोजनाओं में से एक है, जो पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश को जोड़ते हुए तेज और सुरक्षित आवागमन की सुविधा प्रदान करेगा। टोल दरों के निर्धारण के बाद अब इसके संचालन की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम पूरा हो गया है। 12 जिलों को सीधी कनेक्टिविटी, यात्रा समय में बड़ी कमी इसके शुभारंभ के लिए प्रधानमंत्री सुबह 11.15 पर हरदोई पहुंचेंगे और 12.55 पर यहां से वापस लौटेंगे। इस दौरान पीएम गंगा एक्सप्रेसवे का उदघाटन करने के साथ ही यूपीडा की प्रदर्शनी का अवलोकन करेंगे और साथ ही पौधरोपण करने के अलावा जनसभा समेत अन्य गतिविधियों में हिस्सा लेंगे। प्रधानमंत्री जिस गंगा एक्सप्रेसवे को हरी झंडी दिखाएंगे वह मेरठ, हापुड़, बुलंदश …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 28, 2026 · 2 min · National Desk

यूपी पंचायत चुनाव: पिछड़ा वर्ग आयोग का गठन न होने पर हाईकोर्ट ने सरकार से मांगा जवाब, 19 मई मिली तारीख

हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने प्रदेश में पंचायत चुनाव से पूर्व पिछड़ा वर्ग आयोग का गठन अब तक न हो पाने के मामले मेंअपर मुख्य सचिव /प्रमुख सचिव पंचायती राज अनिल कुमार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 19 मई की तिथि नियत की है। न्यायमूर्ति सौरभ लवानिया की एकल पीठ ने यह आदेश स्थानीय अधिवक्ता मोतीलाल यादव की अवमानना याचिका पर दिया है। याचिका में उत्तर प्रदेश में पिछड़ा वर्ग आयोग का गठन न हो पाने पर अवमानना की कार्यवाही चलाए जाने की मांग की गई है।याचिका में 4 फरवरी 2026 के हाईकोर्ट के एक आदेश का हवाला देते हुए कहा गया है कि राज्य सरकार की ओर से कोर्ट को भरोसा दिलाया गया था कि पंचायत चुनाव से पहले पिछड़ा वर्ग आयोग का गठन कर लिया जाएगा और संबंधित कानून के तहत इस आयोग के रिपोर्ट के आधार पर ही ओबीसी आरक्षण लागू किया जाएगा। सरकार की ओर से आए इस जवाब के आधार पर हाईकोर्ट ने संबंधित याचिका को निस्तारित कर दिया था। मौजूदा अवमानना याचिका में इसी आदेश का हवाला देते हुए कहा गया है कि राज्य सरकार की ओर से आश्वासन दिए जाने के बावजूद अब तक उक्त आयोग का गठन नहीं किया गया, जो कोर्ट की अवमानना की परिधि में आता है। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 28, 2026 · 2 min · National Desk

'ईरान ढहने वाला नहीं, हम एक मजबूत देश': मोजतबा के प्रतिनिधि ने UN पर उठाए सवाल, बताया अमेरिकी हमलों का असली सच

जियाईनिया ने साफ कर दिया है कि ईरान चुप बैठने वाला देश नहीं है और वह अपनी संप्रभुता की रक्षा करना जानता है। उनका कहना है कि ईरान पर हमला करने वाले लड़ाकू विमान सीधे अमेरिका से नहीं उड़ सकते, बल्कि वे ईरान के आसपास मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों से उड़ान भर रहे हैं, जिसमें फलस्तीन की जमीन भी शामिल है। ईरान के अधिकारी ने पूछा है कि अगर आपके घर पर कोई चारों तरफ से हमला करे, तो क्या आप चुप रहेंगे? उन्होंने भारत और ईरान की सभ्यताओं की तुलना करते हुए कहा कि हम दोनों ही देश कभी हमलावर नहीं रहे, बल्कि हमें हमेशा बाहरी ताकतों से लड़ना पड़ा है। ईरान ने अमेरिका के सैन्य ठिकानों पर क्यों किया हमला? डॉ. जियाईनिया ने कहा कि ईरान केवल उन लोगों को निशाना बना रहा है जिन्होंने उनके क्षेत्र में घुसपैठ की है। एक लड़ाकू विमान अमेरिकी क्षेत्र से ईरान तक उड़ान नहीं भर सकता, इसलिए अमेरिका ने ईरान के चारों तरफ अपने सैन्य अड्डे बनाए हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर आपके घर के चारों ओर मौजूद अड्डों से हमला हो, तो आप क्या करेंगे? जियाईनिया ने स्पष्ट किया कि ईरान ऐसे हमलों के सामने चुप नहीं बैठेगा और अपनी रक्षा करना उसका कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि ईरान और भारत जैसी प्राचीन सभ्यताएं कभी हमलावर नहीं रहीं, बल्कि उन्होंने हमेशा विदेशी ताकतों का सामना किया है। क्या अंतरराष्ट्रीय संगठन अमेरिका के खिलाफ कुछ नहीं बोल रहे? ईरान के अधिकारी ने नाराजगी जताते हुए कहा कि यह पहली बार है जब कोई देश खुलेआम अंतरराष्ट्रीय कानूनों को तोड़ने की बात कह रहा है। ट्रंप ने ईरानी सभ्यता को मिटाने की बात कही, फिर भी कोई अंतरराष्ट्रीय संस्था उनके खिलाफ आवाज नहीं उठा रही है। संयुक्त राष …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 28, 2026 · 2 min · National Desk

पीएम मोदी के भाषण की 10 खास बातें: लखपति दीदी से लेकर नारी शक्ति की चर्चा, विपक्ष पर सियासी तीर चलाए; PHOTOS

1 of 12 महिलाओं और बेटियों का अभिवादन स्वीकारते पीएम मोदी। - फोटो : संवाद Link Copied Varanasi News: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अनुसार विकसित भारत के निर्माण में नारी शक्ति की भूमिका केंद्रीय और निर्णायक है। आज महिलाएं शिक्षा, रोजगार, विज्ञान, उद्यमिता और रक्षा जैसे विविध क्षेत्रों में तेजी से आगे बढ़ रही हैं और देश की प्रगति को नई दिशा दे रही हैं। उनकी बढ़ती भागीदारी न केवल आर्थिक विकास को गति दे रही है, बल्कि सामाजिक बदलाव का भी आधार बन रही है। 2 of 12 रिमोट से परियोजनाओं का लोकार्पण करते पीएम मोदी। - फोटो : संवाद सरकार का लक्ष्य महिलाओं को हर स्तर पर सशक्त बनाना है, ताकि वे आत्मनिर्भर बनकर निर्णय प्रक्रिया में सक्रिय भूमिका निभा सकें। विभिन्न योजनाओं और नीतियों के माध्यम से महिलाओं को अवसर, सुरक्षा और सम्मान प्रदान किया जा रहा है, जिससे वे राष्ट्र निर्माण की मुख्य धारा में मजबूती से जुड़ सकें। 3 of 12 बरेका मैदान में जाते भाजपा कार्यकर्ता। - फोटो : संवाद “हर-हर महादेव” से शुरुआत प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन की शुरुआत “हर-हर महादेव” के उद्घोष के साथ की, जो काशी की आस्था और परंपरा का प्रतीक है। इस उद्घोष ने पूरे पंडाल में उत्साह का माहौल बना दिया। उन्होंने कहा कि काशी केवल एक शहर नहीं, बल्कि आध्यात्मिक ऊर्जा का केंद्र है, जहां हर कार्य भगवान शिव के आशीर्वाद से शुरू होता है। 4 of 12 बीएलडब्ल्यू मैदान में पीएम मोदी को सुनने जाती जनता। - फोटो : संवाद काशी की आध्यात्मिक पहचान उन्होंने काशी को माता श्रृंगार गौरी, अन्नपूर्णा, विशालाक्षी और मां गंगा की भूमि बताते हुए इसकी दिव्यता का वर्णन किया। पीएम ने कहा कि यह नगरी भारत क …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 28, 2026 · 2 min · National Desk

Petrol-Diesel Price: चुनावों के बाद कीमतें बढ़ाने की कोई योजना नहीं, मंत्रालय ने अटकलों को किया खारिज

पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय में संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने पश्चिम एशिया के घटनाक्रमों पर एक प्रेस वार्ता के दौरान कहा, “पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ाने का कोई प्रस्ताव नहीं है।” वह इस सवाल का जवाब दे रही थीं कि क्या बुधवार को पश्चिम बंगाल में मतदान संपन्न होने के बाद खुदरा ईंधन की कीमतें बढ़ाई जाएंगी।यह बयान उन अटकलों को शांत करने के लिए महत्वपूर्ण है, जिनके कारण आंध्र प्रदेश जैसे राज्यों के कुछ हिस्सों में ‘पैनिक बाइंग’ (घबराहट में खरीदारी) शुरू हो गई थी। रिपोर्टों के अनुसार, आसन्न मूल्य वृद्धि की अफवाहों के कारण आंध्र प्रदेश के कई शहरों में रविवार को 400 से अधिक पेट्रोल पंप सूख गए थे और कुछ आउटलेट्स पर मांग में 30-33 प्रतिशत तक की वृद्धि देखी गई थी।शर्मा ने कहा, “हमने कुछ जगहों पर पैनिक बाइंग देखी है। हम इन सभी जगहों पर राज्य सरकारों के साथ लगातार संपर्क में हैं। सभी खुदरा आउटलेट्स की निगरानी की जा रही है और आपूर्ति को प्राथमिकता दी जा रही है ताकि स्टॉक की उपलब्धता सुनिश्चित हो और कोई कमी न हो।” उन्होंने जनता से अफवाहों पर विश्वास न करने और आधिकारिक स्रोतों पर भरोसा करने का आग्रह किया।उल्लेखनीय है कि खुदरा पेट्रोल और डीजल की कीमतें रिकॉर्ड चौथे वर्ष से अपरिवर्तित बनी हुई हैं। कीमतें अप्रैल 2022 की शुरुआत से स्थिर हैं। इनपुट लागत और पंप की कीमतों के बीच बढ़ते अंतर के कारण सरकारी ईंधन खुदरा विक्रेताओं को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। कुछ अनुमानों के मुताबिक, इन कंपनियों को रोजाना करीब 2,400 करोड़ रुपये का नुकसान हो रहा है।विश्लेषकों ने पहले बढ़ती वैश्विक कच्चे तेल की लागत के कारण चुनावों के बाद 25-28 रुपये प्रति लीटर की मूल्य वृद्धि की संभावना …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 28, 2026 · 2 min · National Desk

ISIS के निशाने पर हिंदू?: 'जिहाद के नाम पर बनाया जा रहा निशाना', मीरा रोड चाकू कांड पर भड़के फणडवीस

महाराष्ट्र के मीरा रोड इलाके में हुए चाकू से हमले के मामले में अब जांच ने गंभीर और बड़ा मोड़ ले लिया है। ऐसे में राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस पूरे मामले को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि यह मामला लोन वुल्फ यानी अकेले किए गए हमले जैसा लगता है और शुरुआती जांच में आरोपी के घर से कुछ संदिग्ध और आपत्तिजनक सामग्री मिली है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आरोपी के व्यवहार और मिले सबूतों से ऐसा संकेत मिलता है कि वह खुद को कट्टर विचारों से प्रभावित कर चुका था। उन्होंने यह भी बताया कि शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी की सोच जिहाद के नाम पर हिंदू धर्म को निशाना बनाने की ओर झुकी हुई थी। अमेरिका से लौटा था आरोपी मुख्यमंत्री के अनुसार, आरोपी के घर से कुछ किताबें और संदिग्ध सामग्री मिली है, जो गलत या भ्रामक जानकारी फैलाने वाली हो सकती हैं। उन्होंने बताया कि आरोपी पहले अमेरिका में रहता था और हाल ही में भारत लौटा था। फडणवीस ने यह भी कहा कि शुरुआती जांच में पता चला है कि आरोपी जिहाद के नाम पर हिंदू समुदाय को निशाना बनाने की सोच रखता था और इसी मानसिकता के चलते उसने यह हमला किया। उन्होंने आगे बताया कि इस पूरे मामले की जांच सिर्फ आरोपी तक सीमित नहीं रहेगी। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाएंगी कि क्या इसके पीछे कोई बड़ा नेटवर्क या साजिश जुड़ी हुई है। मुख्यमंत्री ने साफ किया कि जांच का दायरा सिर्फ एक व्यक्ति तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि यह भी देखा जाएगा कि आरोपी किस तरह से प्रभावित हुआ और क्या इसके पीछे कोई और लोग या संगठन शामिल हैं। समझिए पूरा घटनाक्रम बता दें कि यह घटना सोमवार को उस समय हुई जब 31 वर्षीय आरोपी, जो पहले अमेरिका में लंबे समय तक रह चुका थ …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 28, 2026 · 2 min · National Desk

राजा रघुवंशी हत्याकांड: शिलांग कोर्ट से सोनम रघुवंशी को मिली जमानत, पीड़ित परिवार को लगा झटका

मेघालय की राजधानी शिलांग की एक अदालत ने चर्चित राजा रघुवंशी हत्याकांड में बड़ा फैसला सुनाते हुए मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को जमानत दे दी है। कई महीनों से जेल में बंद सोनम को चौथी सुनवाई में राहत मिली, जबकि इससे पहले उसकी तीन जमानत याचिकाएं खारिज हो चुकी थीं। इस फैसले से पीड़ित परिवार को गहरा झटका लगा है। इंदौर के ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुंवंशी की हत्या से जुड़े इस मामले में अदालत ने मंगलवार, सोनम रघुवंशी की जमानत याचिका मंजूर कर ली। इस घटनाक्रम की पुष्टि मृतक के भाई विपिन रघुवंशी ने की। सोनम पर अपने पति राजा रघुवंशी की हत्या की साजिश रचने का आरोप है और वह इस केस की मुख्य आरोपी मानी जाती है। लंबे समय से वह शिलांग की जेल में बंद थी और लगातार जमानत के लिए प्रयास कर रही थी, लेकिन अदालत पहले उसकी तीन याचिकाएं खारिज कर चुकी थी।इस मामले में अन्य आरोपियों लोकेंद्र सिंह तोमर, बलबीर अहिरवार और शिलॉम जेम्स को पहले ही जमानत मिल चुकी है। हालांकि कथित सहयोगी राज रघुवंशी अब भी न्यायिक हिरासत में है। परिवार के मुताबिक, अदालत का यह फैसला उनके लिए बड़ा झटका है और न्याय की उनकी लड़ाई को कमजोर करता है। उन्होंने कहा कि वे आगे कानूनी विकल्पों पर विचार करेंगे।यह मामला मध्य प्रदेश के इंदौर निवासी राजा रघुवंशी की कथित हत्या से जुड़ा है, जिसमें उनकी पत्नी सोनम रघुवंशी को मुख्य आरोपी बनाया गया है। इस हत्याकांड ने अपने सामने आने के बाद व्यापक सुर्खियां बटोरी थीं और जांच के दौरान कई चौंकाने वाले पहलू सामने आए थे। शिलांग कोर्ट से सोनम रघुवंशी को मिली जमानत इस हाई-प्रोफाइल हत्याकांड में एक अहम मोड़ मानी जा रही है। हालांकि, जमानत मिलने का मतलब आरोपों से बरी होना नहीं है। अब इस मामले …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 28, 2026 · 2 min · National Desk

Gujarat Local Body Polls Result 2026: गुजरात निकाय चुनावों में भाजपा का दबदबा, अब तक 2531 सीटों पर दर्ज की जीत

गुजरात में हुए स्थानीय निकाय चुनावों की शुरुआती मतगणना में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने अपने प्रतिद्वंद्वियों पर मजबूत बढ़त बना ली है। चुनाव अधिकारियों ने जानकारी दी कि मंगलवार सुबह शुरू हुई गिनती के प्रारंभिक दौर में पार्टी ने अब तक 9,200 से अधिक सीटों में से 2,531 सीटों पर जीत दर्ज की है। राज्य निर्वाचन आयोग के ताजा आंकड़ों के अनुसार, कांग्रेस ने अब तक 385 सीटों पर जीत हासिल की है, जबकि निर्दलीय और अन्य दलों जिनमें आम आदमी पार्टी और ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन शामिल हैं ने 169 सीटों पर कब्जा किया है।प्रारंभिक रुझानों में भाजपा ने क्षेत्रवार भी बढ़त बनाए रखी है। पार्टी ने तालुका पंचायत में 1,165 सीटें, जिला पंचायत में 251, नगरपालिकाओं में 825 और नगर निगमों में 290 सीटें जीतकर अपने प्रतिद्वंद्वियों से काफी आगे स्थिति मजबूत की है। वहीं कांग्रेस, जो मुख्य विपक्षी दल है, ने तालुका पंचायत में 235 सीटें, जिला पंचायत में 23, नगरपालिकाओं में 118 और नगर निगमों में 8 सीटें हासिल की हैं। अधिकारियों के अनुसार, राज्यभर में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच सुबह 9 बजे से मतगणना शुरू की गई।अहमदाबाद नगर निगम की कुल 192 सीटों के नतीजे सामने आ रहे हैं। शुरुआती रुझानों में भाजपा ने 54 सीटों पर बढ़त हासिल कर ली है। वहीं विपक्षी पार्टी कांग्रेस 11 सीटों पर आगे चल रही है। उधर, मेहसाणा नगर निगम में भी भाजपा का प्रदर्शन बेहतर रहा है। यहां की 52 सीटों में से 20 सीटों पर पार्टी ने जीत दर्ज कर ली है। वार्ड नंबर 1, 6, 7, 10 और 11 में भाजपा उम्मीदवारों ने सफलता हासिल की है।आदलाज, कलोल, मानसा और गांधीनगर क्षेत्रों में अधिकांश सीटों पर भी भाजपा ने जीत दर्ज की। कलोल मे …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 28, 2026 · 2 min · National Desk

सबरीमाला मामला: सुप्रीम कोर्ट की अहम टिप्पणी- धार्मिक संस्थानों में नियम जरूरी, अराजकता के लिए जगह नहीं

मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि धार्मिक स्वतंत्रता के अधिकार और प्रबंधन के बीच एक संतुलन जरूरी है। पीठ में जस्टिस बीवी नागरत्ना, जस्टिस एमएम सुंदरेश, जस्टिस अहसानुद्दीन अमानुल्लाह सहित अन्य वरिष्ठ न्यायाधीश शामिल हैं। सुनवाई के दौरान जस्टिस अमानुल्लाह ने कहा, ’ प्रबंधन के अधिकार का यह मतलब कतई नहीं है कि वहां कोई ढांचा ही न हो। हर चीज के लिए एक प्रक्रिया और नियम होने चाहिए।‘जस्टिस अमानुल्लाह ने कहा, ‘चाहे दरगाह हो या मंदिर, वहां संस्थान से जुड़े कुछ तत्व होते हैं। पूजा का तरीका और कार्यों का एक क्रम होता है। किसी को तो इसे विनियमित करना ही होगा। ऐसा नहीं हो सकता कि हर कोई अपनी मनमर्जी करे। न ही यह संभव है कि बिना किसी नियंत्रण के द्वार हर समय खुले रहें। सवाल यह है कि प्रबंधन करने वाली संस्था कौन सी है?अदालत ने यह भी साफ किया कि धार्मिक नियम संविधान के दायरे से बाहर नहीं हो सकते। जस्टिस अमानुल्लाह ने आगे कहा, ‘नियम जरूरी हैं, लेकिन वे संवैधानिक सीमाओं का उल्लंघन नहीं कर सकते। व्यापक संविधानिक मापदंडों पर किसी भी तरह का भेदभाव स्वीकार्य नहीं है। हर संस्थान के अपने मानक होने चाहिए और यह हर व्यक्ति द्वारा व्यक्तिगत रूप से निर्धारित नहीं किया जा सकता।‘सुनवाई के दौरान हजरत ख्वाजा निजामुद्दीन औलिया की दरगाह से जुड़े वंशज पीरजादा सैयद अल्तमश निजामी की ओर से अधिवक्ता निजाम पाशा पेश हुए। उन्होंने तर्क दिया कि दरगाह एक ऐसी जगह है जहां संत को दफनाया जाता है। उन्होंने कहा, ‘इस्लाम के भीतर संतों की स्थिति को लेकर अलग-अलग विचार हो सकते हैं। लेकिन सूफी विचारधारा में उस स्थान के प्रति गहरी श्रद्धा होती है। भारत में सूफी मत के कई बड़े सिलसिले हैं, …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 28, 2026 · 2 min · National Desk

The Bonus Market Updates: शेयर बाजार में नरमी; सेंसेक्स 200 अंक टूटा, निफ्टी में भी बिकवाली

हफ्ते के दूसरे कारोबारी दिन सेंसेक्स में 200 अंक से अधिक की गिरावट दर्ज की गई। वहीं, निफ्टी 24,050 से नीचे आ गया। सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के शेयरों में भारी गिरावट के कारण मंगलवार को बाजार नरम पड़ गया। सेंसेक्स शुरुआती कारोबार में 208.84 अंक गिरकर 77,094.79 पर आ गया; निफ्टी 42.8 अंक गिरकर 24,049.90 पर पहुंच गया। शुरुआती कारोबार में रुपया डॉलर के मुकाबले 24 पैसे गिरकर 94.39 पर आ गया। हालांकि, सुबह 9 बजकर 48 मिनट पर शुरुआती झटकों से उबरकर सेंसेक्स 57.32 (0.07%) अंक मजबूत होकर 77,360.95 पर जबकि निफ्टी 45.85 (0.19%) के स्तर पर कारोबार करता दिखा। सेंसेक्स-निफ्टी में गिरावट, लेकिन छोटे शेयरों में दिखी मजबूती एक दिन पहले की शानदार तेजी के बाद मंगलवार सुबह भारतीय शेयर बाजार लाल निशान में खुले। अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध समाप्त होने की उम्मीदें कमजोर पड़ने और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में आए भारी उछाल ने निवेशकों को एक बार फिर सतर्क कर दिया है। बड़े शेयरों में सुस्त शुरुआत के बावजूद व्यापक बाजार (ब्रॉडर मार्केट) में सकारात्मक रुख देखने को मिला है। निफ्टी स्मॉलकैप 100 और निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स में 0.3 प्रतिशत तक की बढ़त दर्ज की गई, जबकि बाजार में उतार-चढ़ाव को मापने वाला ‘इंडिया विक्स’ (India VIX) लगभग 7 प्रतिशत गिरकर 18.38 पर आ गया, जो निवेशकों के लिए थोड़ी राहत की बात है। शुरुआती कारोबार के दौरान स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (एसबीआई), एक्सिस बैंक, सन फार्मा और इंडिगो के शेयरों में करीब 1 प्रतिशत की गिरावट देखी गई, जबकि इसके विपरीत अदाणी पोर्ट्स, टीसीएस, लार्सन एंड टुब्रो और महिंद्रा एंड महिंद्रा के शेयर 1 प्रतिशत की बढ़त के साथ हरे निशान में …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 28, 2026 · 2 min · National Desk