US Tariff: क्या दवाओं पर ट्रंप के 100% टैरिफ से भारत पर भी असर, नए फैसले से कितना प्रभावित होगा फार्मा सेक्टर?

जेनेरिक दवाओं को टैरिफ से रखा गया बाहर भारत के लिए क्या चुनौती? कंपनियों को लेकर ट्रंप प्रशासन का क्या रुख कैसे लागू होगा टैरिफ? हालांकि भारत के लिए राहत की बात यह है कि जेनेरिक दवाओं को फिलहाल इस टैरिफ से बाहर रखा गया है। अमेरिकी प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भारतीय कंपनियों की प्रमुख ताकत माने जाने वाले जेनेरिक ड्रग्स पर अभी कोई शुल्क नहीं लगाया जाएगा। इससे भारत से अमेरिका को होने वाले सस्ते दवाओं के निर्यात पर तत्काल असर नहीं पड़ेगा।भारत की फार्मा इंडस्ट्री का बड़ा हिस्सा अमेरिकी जेनेरिक बाजार पर निर्भर है और इस छूट से अल्पकाल में स्थिरता बनी रहने की उम्मीद है। एक वरिष्ठ व्हाइट हाउस अधिकारी के अनुसार, भविष्य में जेनेरिक उत्पादन की स्थिति की समीक्षा कर टैरिफ नीति में बदलाव किया जा सकता है।हालांकि, लंबे समय में यह फैसला भारत के लिए चुनौतीपूर्ण साबित हो सकता है। पेटेंटेड दवाओं और एक्टिव फार्मास्युटिकल इंग्रीडिएंट्स (APIs) पर भारी टैरिफ से वैश्विक सप्लाई चेन प्रभावित हो सकती है, जिसमें भारतीय कंपनियां अहम भूमिका निभाती हैं। खासकर कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरिंग और इंटरमीडिएट सप्लाई के क्षेत्र में इसका असर देखने को मिल सकता है।अमेरिकी प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि जिन कंपनियों के पास अमेरिका में उत्पादन शिफ्ट करने की योजना नहीं होगी, उनके भारत से आयातित पेटेंटेड उत्पादों पर 100 प्रतिशत शुल्क लागू होगा। हालांकि, जो कंपनियां उत्पादन अमेरिका में स्थानांतरित करने के लिए प्रतिबद्ध होंगी, उन्हें शुरुआती राहत के तौर पर 20 प्रतिशत टैरिफ दिया जाएगा, जो चार साल में बढ़कर 100 प्रतिशत हो जाएगा।यह टैरिफ जुलाई और सितंबर 2026 से चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। ट्रंप …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 3, 2026 · 2 min · National Desk

Bihar News: जहरीली शराब का कहर जारी, बिहार में अब तक चार लोगों की मौत, कई की हालत नाजुक

यह वीडियो/ हटाएं मृतकों की संख्या बढ़ी, कई लोग अभी भी बीमार मिली जानकारी के अनुसार, मृतकों की संख्या दो से बढ़कर चार हो गई है। कल जहरीली शराब पीने से चंदू की मौत हुई थी। वहीं आज सुबह तुरकौलिया थाना क्षेत्र के शंकर सरैया परसौना निवासी प्रमोद यादव, परीक्षण मांझी और हीरालाल महतो की मौत हो गई। उनका इलाज शहर के एक निजी अस्पताल में चल रहा था। सूत्रों के अनुसार, अभी भी कई लोग ऐसे हैं जो जहरीली शराब पीने से बीमार हैं और चोरी-चुपके इलाज करा रहे हैं। बताया जा रहा है कि गांव के कुछ लोगों ने शराब समझकर स्प्रिट का सेवन कर लिया। सेवन के कुछ ही देर बाद सभी की तबीयत बिगड़ने लगी। परिजनों ने उन्हें तत्काल स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया, जहां इलाज के दौरान अबतक दो लोगों की मौत हो चुकी है। अभी अन्य कई पीड़ितों का इलाज जारी है। आंखों की रोशनी प्रभावित, मामले की गंभीरता बढ़ी डॉक्टरों के अनुसार, इस जहरीली शराब के सेवन से पहले आंखों की रोशनी प्रभावित होती है। इससे मामले की गंभीरता और बढ़ गई है। फिलहाल चिकित्सकों की निगरानी में सभी घायलों का इलाज किया जा रहा है। ये भी पढ़ें; गांव में भय और आक्रोश, अवैध शराब पर सवाल घटना के बाद पूरे गांव में भय और आक्रोश का माहौल है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से अवैध शराब और स्प्रिट का कारोबार चल रहा है, लेकिन इस पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही है। पुलिस प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि मौत के वास्तविक कारण का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चलेगा। साथ ही अवैध शराब के कारोबार में शामिल लोगों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की ज …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 3, 2026 · 2 min · National Desk

शूटर आशु का एनकाउंटर: तीन गोलियों ने छलनी किया दिल और फेफड़े, सीने के हो गई थीं आर-पार; आठ माह पहले की थी शादी

1 of 14 moradabad encounter - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स सिविल लाइंस के रामगंगा विहार स्थित शुभम ग्रीन विला निवासी अरशू ढल की कांठ रोड पर प्रेम नगर में वजीरचंद एक्सपोर्ट फर्म है। उन्होंने सिविल लाइंस थाने में 15 मार्च को शातिर बदमाश आशु और उसके साथियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मुरादाबाद के सिविल लाइंस इलाके में बुधवार की रात मुठभेड़ के दौरान उधम सिंह गैंग के शार्प शूटर आशु उर्फ मोंटी को सीने में पुलिस की तीन गोलियां लगी थीं। तीनों गोलियां हार्ट और फेफड़ों को चीरते हुए बाहर निकल गई थीं। बृहस्पतिवार की दोपहर दो डॉक्टरों के पैनल द्वारा किए गए पोस्टमार्टम से इसकी पुष्टि हुई है। यह वीडियो/ हटाएं 2 of 14 मुरादाबाद पुलिस की मुठभेड़ में इनामी आशु ढेर - फोटो : अमर उजाला जिसमें उन्होंने बताया कि 12 मार्च की रात करीब आठ बजे उनके मोबाइल पर एक अंजान नंबर से मिस कॉल आई थी। इसके एक मिनट बाद व्हाट्सएप पर दोबारा कॉल आई। निर्यातक ने कॉल रिसीव की। फोन करने वाले ने अपना नाम आशु बताया और धमकी देते हुए पांच करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी थी। 3 of 14 मुरादाबाद पुलिस की मुठभेड़ में इनामी आशु ढेर - फोटो : अमर उजाला रकम नहीं देने पर हत्या करने की धमकी दी थी। दो दिन बाद उनकी फर्म पर भी बाइक सवारों ने फायरिंग की थी। एसएसपी ने आशु की गिरफ्तारी पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। 4 of 14 मुरादाबाद में हुई मुठभेड़ में पचास हजार का इनामी आशु ढेर - फोटो : अमर उजाला हापुड़ के हाफिजपुर थाना क्षेत्र के मीरापुर निवासी आशु उर्फ मोंटी अपने साथी के साथ बुधवार को रंगदारी की रकम वसूलने पहुंचा था। इसकी जानकारी मिलने पर मेरठ एसटीएफ और मुरादाबाद पुलिस उसकी …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 3, 2026 · 2 min · National Desk

ईंधन संकट: LPG सिलिंडर को लेकर अफवाह फैलाने पर केंद्र की सख्ती, सभी राज्य सरकारों को रोजाना ब्रीफिंग की सलाह

एलपीजी की उपलब्धता को लेकर फैल रही अफवाहों पर केंद्र सरकार ने चिंता जताई है। पेट्रोलियम व प्राकृतिक गैस मंत्रालय (MoPNG) ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों को पत्र लिखकर कहा है कि सिर्फ 17 राज्य/केंद्र शासित प्रदेश ही नियमित प्रेस ब्रीफिंग कर रहे हैं, जो स्थिति को संभालने के लिए पर्याप्त नहीं है। राज्यों से संचार व्यवस्था को मजबूत करने की अपील पेट्रोलियम सचिव नीरज मित्तल ने अपने पत्र में कहा कि कुछ क्षेत्रों में अब भी अफवाहें और गलत जानकारी फैल रही है, जिससे लोगों में अनावश्यक डर पैदा हो रहा है और कई जगहों पर घबराहट में खरीदारी (पैनिक बायिंग) देखी जा रही है। मंत्रालय ने राज्यों से अपील की है कि वे संचार व्यवस्था को और मजबूत करें ताकि स्थिति सामान्य बनी रहे। मंत्रालय ने राज्यों को क्या दिया सलाह वर्तमान में आंध्र प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, बिहार, गुजरात, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, केरल, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, मेघालय, नागालैंड, ओडिशा, राजस्थान, तमिलनाडु, तेलंगाना, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड जैसे 17 राज्य/यूटी नियमित या अंतराल पर प्रेस ब्रीफिंग कर रहे हैं। केंद्र ने बाकी राज्यों से भी तुरंत इसी तरह के कदम उठाने को कहा है। मंत्रालय ने सलाह दिया है कि वरिष्ठ स्तर पर रोजाना प्रेस ब्रीफिंग की जाए और सोशल व इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के जरिए सही और समय पर जानकारी दी जाए, ताकि लोगों को एलपीजी की पर्याप्त उपलब्धता और सुचारु वितरण का भरोसा मिल सके और अफवाहों पर रोक लगाई जा सके। इसके साथ ही केंद्र ने जमाखोरी और कालाबाजारी पर सख्त कार्रवाई के निर्देश भी दिए हैं। पत्र में कहा गया है कि इस तरह की गलत गतिविधियों को रोकने के लिए जरूरी कदम लगातार उठाए …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 3, 2026 · 2 min · National Desk

West Asia Crisis: UN में ड्रैगन का कड़ा विरोध, अमेरिका से कहा- हमले की धमकी के बदले शांति-कूटनीति की राह चुनें

चीन का यह औपचारिक विरोध अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के हालिया बयानों के जवाब में आया है। ट्रंप ने ईरान के खिलाफ सख्त लहजे का इस्तेमाल किया था। चाइना डेली के अनुसार, चीन के विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता माओ निंग ने इस स्थिति पर स्पष्टीकरण दिया। उन्होंने कहा कि सैन्य तरीके बुनियादी तौर पर किसी भी मुद्दे को हल नहीं कर सकते। माओ निंग ने जोर देकर कहा कि संघर्ष को और बढ़ाना किसी भी पक्ष के हित में नहीं है।अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने चेतावनी दी है कि अमेरिका अगले दो से तीन हफ्तों के भीतर ईरान पर बहुत जोरदार हमला करने जा रहा है। इस बयान ने पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ा दिया है। ट्रंप का कहना है कि वाशिंगटन का यह सैन्य अभियान ईरान के खतरे को खत्म करने के करीब है।अपने संबोधन में ट्रंप ने कहा कि वे ईरान को वापस वापस भेज देंगे, क्योंकि वह वहीं रहने के लायक है। हालांकि, उन्होंने यह भी बताया कि इस सैन्य तनाव के बीच कूटनीतिक बातचीत भी चल रही है। ट्रंप ने साफ किया कि उनका लक्ष्य ईरान में सत्ता परिवर्तन करना नहीं था। हालांकि उन्होंने दावा किया कि ईरान के पुराने नेताओं की मौत के कारण वहां का नेतृत्व ढांचा बदल गया है और एक तरह से सत्ता परिवर्तन हो चुका है।अमेरिकी राष्ट्रपति ने यह भी स्पष्ट किया कि जब तक अमेरिका के विशिष्ट लक्ष्य पूरे नहीं हो जाते, तब तक सैन्य अभियान जारी रहेंगे। उन्होंने विश्वास जताया कि अमेरिका बहुत जल्द अपने सभी उद्देश्यों को पूरा करने की राह पर है। चीन ने इन धमकियों पर चिंता जताते हुए शांति और बातचीत का रास्ता अपनाने की सलाह दी है। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 3, 2026 · 2 min · National Desk

Gas Crisis: दिल्ली में छोटे सिलिंडर की भारी किल्लत, अवैध रीफिलिंग का धंधा जोरों पर; बुकिंग के बाद भी इंतजार

राजधानी में बुकिंग कराने के बावजूद लोगों को एलपीजी सिलिंडर नहीं मिल रहे हैं जिससे उपभोक्ताओं में नाराजगी बढ़ रही है। कई इलाकों में गैस एजेंसियों के बाहर लंबी कतार रोज लग रही है। सबसे ज्यादा दिक्कत छोटे सिलिंडरों की किल्लत से हो रही है। इस कमी ने अवैध रिफिलिंग के धंधे को खुली छूट दे दी है, जिससे न सिर्फ उपभोक्ताओं की जेब पर असर पड़ रहा है, बल्कि सुरक्षा पर गंभीर खतरा भी खड़ा हो गया है। आरके पुरम, द्वारका, उत्तम नगर, लक्ष्मी नगर, शाहदरा, मयूर विहार और संगम विहार समेत कई इलाकों में उपभोक्ताओं को सिलिंडर लेने के लिए घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। उपभोक्ताओं के अनुसार, ऑनलाइन बुकिंग के दौरान जो डिलीवरी तारीख दी जाती है, उस पर सिलिंडर घर तक नहीं पहुंचता है।कई एजेंसियों पर छोटे सिलिंडर या तो मिलते ही नहीं या बेहद सीमित संख्या में उपलब्ध होते हैं, जो जल्दी खत्म हो जाते हैं। ठेला चलाने वालों, छोटे दुकानदारों और किराए पर रहने वाले लोगों के लिए यह स्थिति ज्यादा गंभीर है, क्योंकि वह बड़े सिलिंडर का खर्च नहीं उठा सकते। मजबूरी में उन्हें महंगे विकल्पों का सहारा लेना पड़ रहा है।अभी तक पुलिस की सख्ती नहीं होने से गैस की कालाबाजारी करने वालों को खुली छूट थी, जिसकी वजह से हर गली और मोहल्ले में 80 से 90 रुपये में एक किलो गैस मिल जाती थी लेकिन गैस किल्लत होते ही अवैध रिफलिंग करने वालों प्रति किलो गैस के दाम बढ़ाकर 200 से 400 रुपये कर दिए। इस बीच पुलिस ने भी सख्ती कर दी, जिससे दिक्कत और बढ़ गई है।गैस एजेंसियों का दावा है कि सिलिंडर की आपूर्ति सामान्य है और किसी तरह की कमी नहीं है। एजेंसियों के मुताबिक, ज्यादातर उपभोक्ताओं को समय पर डिलीवरी मिल रही है। कुछ मामलों में ट्रांसपोर् …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 3, 2026 · 2 min · National Desk

अमेरिकी सेना में बड़ा फेरबदल: ईरान से जंग के बीच हटाए गए आर्मी चीफ रैंडी जॉर्ज; हेगसेथ बोले- तत्काल रिटायर हों

यह वीडियो/ हटाएं पश्चिम एशिया में ईरान के साथ जंग लड़ रहे अमेरिका ने एक बड़ा फैसला लिया है। दरअसल, अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने अमेरिकी सेना के सबसे वरिष्ठ अधिकारी रैंडी जॉर्ज को तुरंत प्रभाव से पद छोड़ने के लिए कह दिया है। पेंटागन ने गुरुवार को इसकी पुष्टि की, लेकिन इस फैसले के पीछे कोई स्पष्ट कारण नहीं बताया गया है। यह फैसला ऐसे समय लिया गया है जब अमेरिका और इस्राइल, ईरान के खिलाफ लगातार सैन्य कार्रवाई कर रहे हैं। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 3, 2026 · 1 min · National Desk

TOP News: अमेरिकी सेना में बड़ा बदलाव; PM मोदी ने की जन विश्वास बिल की तारीफ; अवैध रीफिलिंग पर लगाम कब?

पश्चिम एशिया में ईरान के साथ जंग लड़ रहे अमेरिका ने एक बड़ा फैसला लिया है। दरअसल, अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने अमेरिकी सेना के सबसे वरिष्ठ अधिकारी रैंडी जॉर्ज को तुरंत प्रभाव से पद छोड़ने के लिए कह दिया है। पेंटागन ने गुरुवार को इसकी पुष्टि की, लेकिन इस फैसले के पीछे कोई स्पष्ट कारण नहीं बताया गया है। यह फैसला ऐसे समय लिया गया है जब अमेरिका और इस्राइल, ईरान के खिलाफ लगातार सैन्य कार्रवाई कर रहे हैं। वहीं राज्यसभा ने गुरुवार को जन विश्वास (संशोधन प्रावधान) बिल, 2026 पारित किया, जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आम जनता और व्यापार के लिए एक बड़ी सफलता बताया। पीएम मोदी ने कहा कि यह बिल नागरिकों के लिए विश्वास आधारित प्रणाली को मजबूत करता है और पुराने नियमों और कानूनों को खत्म करने का काम करता है। राजधानी में बुकिंग कराने के बावजूद लोगों को एलपीजी सिलिंडर नहीं मिल रहे हैं जिससे उपभोक्ताओं में नाराजगी बढ़ रही है। कई इलाकों में गैस एजेंसियों के बाहर लंबी कतार रोज लग रही है। सबसे ज्यादा दिक्कत छोटे सिलिंडरों की किल्लत से हो रही है। इस कमी ने अवैध रिफिलिंग के धंधे को खुली छूट दे दी है, जिससे न सिर्फ उपभोक्ताओं की जेब पर असर पड़ रहा है, बल्कि सुरक्षा पर गंभीर खतरा भी खड़ा हो गया है। ऐसी ही देश-दुनिया की अहम खबरें पढ़ें एक ही जगह और एक ही क्लिक पर… यह वीडियो/ हटाएं …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 3, 2026 · 2 min · National Desk

राज्यसभा में जन विश्वास (संशोधन) बिल पारित: पीएम मोदी बोले- जीवन और व्यापार आसान बनाने की दिशा में बड़ा कदम

राज्यसभा ने गुरुवार को जन विश्वास (संशोधन प्रावधान) बिल, 2026 पारित किया, जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आम जनता और व्यापार के लिए एक बड़ी सफलता बताया। पीएम मोदी ने कहा कि यह बिल नागरिकों के लिए विश्वास आधारित प्रणाली को मजबूत करता है और पुराने नियमों और कानूनों को खत्म करने का काम करता है। इस बिल से मामलों का तेजी से निपटारा होगा और छोटे अपराधों को अपराध के दायरे से बाहर करके मुकदमों का बोझ कम होगा। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट में पीएम मोदी ने आगे कहा कि बिल तैयार करने में संपूर्ण परामर्श प्रक्रिया अपनाई गई और सभी सुझावों को ध्यान में रखा गया। बता दें कि गुरुवार को राज्यसभा में इस बिल के माध्यम से 79 केंद्रीय कानूनों में 784 प्रावधानों में संशोधन किया है, ताकि छोटे अपराधों को सरल बनाया जा सके, व्यापार और जीवन दोनों को आसान बनाया जा सके और लोगों के उत्पीड़न पर रोक लगे।इसके साथ ही केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी जन विश्वास (संशोधन प्रावधान) बिल, 2026 पारित किए जाने पर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि संसद में जन विश्वास बिल 2026 का पारित होना भारत के लिए जीवन और व्यापार को सरल बनाने में एक विशाल कदम है। उन्होंने कहा कि कई कानूनी प्रावधानों को कम करने से नवभारत की सोच को साकार करना आसान होगा और आम नागरिकों और व्यवसायियों के लिए जिंदगी सरल होगी। इस बिल से छोटे अपराधों का विवादास्पद पहलू समाप्त होगा और व्यापार का वातावरण सुधरेगा। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 3, 2026 · 2 min · National Desk

ट्रंप की ईरान को चेतावनी: समझौता करो वरना बिगड़ेंगे हालात, ईरानी राष्ट्रपति ने भी किया पलटवार; जानिए क्या कहा?

पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष दिन-ब-दिन और भयावह होता जा रहा है। अमेरिका और इस्राइल के भीषण हमलों से दहक रहे मोर्चे पर ईरान भी इस्राइल और खाड़ी देशों में मैजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर जोरदार पलटवार कर रहा है। मिसाइलों और ड्रोन की गरज के बीच यह संघर्ष अब अपने 35वें दिन में प्रवेश कर रहा है और पूरे क्षेत्र में तनाव अब भी चरम पर है। इसी उग्र हालात के बीच अब एक बार फिर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने एक बार फिर ईरान को कड़ी और सीधी चेतावनी देते हुए साफ शब्दों में कहा कि ईरान बहुत देर होने से पहले अमेरिका के साथ समझौता कर ले, वरना हालात और बिगड़ सकते हैं। ट्रंप ने एक वीडियो भी साझा किया, जिसमें ईरान के करज इलाके में बीआई ब्रिज पर हुए कथित अमेरिका-इस्राइल हमले को दिखाया गया बताया जा रहा है। इस वीडियो के जरिए उन्होंने ईरान पर दबाव बनाने की कोशिश की और संकेत दिया कि अगर समझौता नहीं हुआ, तो ऐसे हमले आगे भी जारी रह सकते हैं।दूसरी ओर ट्रंप के इस चेतावनी और हमलों पर ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सवाल उठाया कि अस्पतालों, दवा बनाने वाली कंपनियों और मेडिकल रिसर्च सेंटर जैसेईरान का पाश्चर संस्थान पर हमला करने का क्या मतलब है। उन्होंने इसे मानवता के खिलाफ अपराध बताया और विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ), रेड क्रॉस और डॉक्टरों की अंतरराष्ट्रीय संस्था डॉक्टर विदाउट बॉर्डर से इस पर प्रतिक्रिया देने की अपील की।इसके अलावा, ईरान ने दावा किया है कि उसने जॉर्डन के अल-अजराक एयरबेस पर मौजूद अमेरिकी लड़ाकू विमानों को ड्रोन हमले से निशाना बनाया। ईरानी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, भविष्य में खाड़ी देशों के …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 3, 2026 · 2 min · National Desk