UP: दस साल बाद जौहर विश्वविद्यालय के भीतर बनी सड़क को घोषित किया गया आम रास्ता, यूनिवर्सिटी गेट पर लगाया बोर्ड

UP: दस साल बाद जौहर विश्वविद्यालय के भीतर बनी सड़क को घोषित किया गया आम रास्ता, यूनिवर्सिटी गेट पर लगाया बोर्ड वर्ष 2003-04 में मुलायम सिंह के मुख्यमंत्री रहने के दौरान आजम खां ने जौहर विश्वविद्यालय के प्रस्तावित मानचित्र में मौजूद मुख्य द्वार से होते हुए लोक निर्माण विभाग से लगभग साढ़े तीन किमी लंबी सड़क का निर्माण कराया था। प्रदेश में दोबारा सपा सरकार बनने पर विश्वविद्यालय का निर्माण पूरा कराया गया। इसके बाद मई 2016 में त्वरित आर्थिक विकास योजना के तहत इस सड़क के चौड़ीकरण के लिए 17 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत कराया गया। 13 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से सड़क का चौड़ीकरण कराया गया। वर्ष 2003-04 में मुलायम सिंह के मुख्यमंत्री रहने के दौरान आजम खां ने जौहर विश्वविद्यालय के प्रस्तावित मानचित्र में मौजूद मुख्य द्वार से होते हुए लोक निर्माण विभाग से लगभग साढ़े तीन किमी लंबी सड़क का निर्माण कराया था।प्रदेश में दोबारा सपा सरकार बनने पर विश्वविद्यालय का निर्माण पूरा कराया गया। इसके बाद मई 2016 में त्वरित आर्थिक विकास योजना के तहत इस सड़क के चौड़ीकरण के लिए 17 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत कराया गया। 13 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से सड़क का चौड़ीकरण कराया गया। सपा नेता आजम खां की जौहर यूनिवर्सिटी के भीतर बनी 3.5 किमी लंबी सड़क को लोक निर्माण वि …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 16, 2026 · 2 min · National Desk

मानसून सत्र से पहले कांग्रेस का मंथन: सोनिया गांधी के घर पर जुटेगा शीर्ष नेतृत्व, सरकार के खिलाफ बनेगी रणनीति

मानसून सत्र से पहले कांग्रेस अपनी संसदीय रणनीति को अंतिम रूप देने के लिए बड़ी बैठक करने जा रही है। यह बैठक दिल्ली में कांग्रेस संसदीय दल (सीपीपी) की अध्यक्ष सोनिया गांधी के आवास पर होगी। बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, संगठन महासचिव के.सी. वेणुगोपाल समेत पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और रणनीतिकार शामिल होंगे। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) मूल लेख स्रोत पर पढ़ें ...

July 16, 2026 · 1 min · National Desk

इस्लामाबाद में पीओके पर बैठक: नैरेटिव भारत के खिलाफ, सिंधु जल संधि और कश्मीर पर दुष्प्रचार की बनी योजना

दिन बुधवार और समय दोपहर के ठीक दो बजे। पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद स्थित संसद भवन की पहली मंजिल पर समिति कक्ष संख्या-21 में अचानक हलचल तेज हो जाती है। एक-एक कर पाकिस्तान के कुछ वरिष्ठ मंत्री, सांसद और अधिकारी बैठक कक्ष में पहुंचते हैं। बैठक की अध्यक्षता संघीय मंत्री एवं संसदीय समिति ऑन कश्मीर के अध्यक्ष राणा मुहम्मद कासिम नून करते हैं। यह बैठक पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में प्रदर्शनकारियों की मौत और वहां तेजी से बिगड़ते हालात पर चर्चा के लिए बुलाई गई थी, लेकिन बैठक का एजेंडा कुछ और ही कहानी बयां करता है।अमर उजाला के पास मौजूद पाकिस्तान सरकार के एक गोपनीय दस्तावेज के अनुसार, संसदीय समिति ऑन कश्मीर की 14वीं बैठक में पीओके में हुई हिंसा और प्रदर्शनकारियों की मौत पर चर्चा का उल्लेख जरूर किया गया, लेकिन बैठक का मुख्य फोकस भारत के खिलाफ नया नैरेटिव तैयार करने, सिंधु जल संधि (इंडस वाटर्स ट्रीटी) पर झूठ का नैरेटिव और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मारे गए लोगों की बजाय कश्मीर मुद्दे को फिर से उठाने की साजिश पर रहा।गोपनीय दस्तावेज के अनुसार, बैठक में विदेशों में सक्रिय कश्मीरी संगठनों और प्रवासी पाकिस्तानियों की भूमिका पर भी विस्तार से चर्चा की गई। विदेश मंत्रालय के अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि विभिन्न देशों में पाकिस्तान के दूतावासों के माध्यम से सेमिनार, टॉक शो और अन्य कार्यक्रम आयोजित कर पाकिस्तान के पक्ष में माहौल तैयार किया जाए। साथ ही विदेशी मीडिया और प्रवासी समुदाय के जरिये कश्मीर मुद्दे को नए सिरे से अंतरराष्ट्रीय मंचों पर उठाने की रणनीति पर भी विचार किया गया।गोपनीय दस्तावेज से यह भी संकेत मिलता है कि पीओके में जारी विरोध प्रदर्शनों और …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 16, 2026 · 2 min · National Desk

Explainer: सरकारी लापरवाही ने पाकिस्तानी बच्चों को किया HIV संक्रमित, ये कितना बड़ा खतरा, भारत की क्या स्थिति?

पाकिस्तान में एचआईवी को लेकर क्या खुलासा हुआ है? पाकिस्तान की स्वास्थ्य संबंधी एक संसदीय समिति ने खुलासा किया है कि देश में तीन लाख से ज्यादा लोग एचआईवी से संक्रमित हैं। इनमें से महज 87 हजार लोगों की पहचान हो सकी है, यानी दो लाख से ज्यादा लोगों ऐसे हैं कि जिन्हें या तो पता ही नहीं है या फिर वो सामने नहीं आ रहे। जिन 87 हजार लोगों की पहचान हो सकी है उनमें से सिर्फ 34 हजार मरीज इलाज करा रहे हैं। दूसरा मामला सरकारी लापरवाही का है। दरअसल, पाकिस्तानी अखबार द डॉन की रिपोर्ट बताती है कि पाकिस्तान के कराची स्थित कुलसूम बाई वलिका (KBV) अस्पताल में चिकित्सीय लापरवाही से फैले एचआईवी संक्रमण का मामला पिछले साल सामने आया था और तब से लगातार नए मामले सामने आ रहे हैं। शुरुआती जांच में कई बच्चों के संक्रमित होने की पुष्टि हुई, जिसके बाद बड़े स्तर पर स्क्रीनिंग अभियान शुरू किया गया। जुलाई की शुरुआत में सिंध सरकार ने पुष्टि की कि 78 बच्चे एचआईवी से संक्रमित पाए गए हैं। एक परिवार के तीनों बच्चों के संक्रमित होने का मामला भी सामने आया, जिससे पूरे प्रकरण ने और गंभीर रूप ले लिया। इसके बाद सरकार ने अस्पताल और आसपास के इलाकों में व्यापक जांच अभियान चलाया। 10,500 से अधिक लोगों की स्क्रीनिंग में अब तक 120 लोग एचआईवी पॉजिटिव पाए गए हैं। पाकिस्तान में कितना जानलेवा एचआईवी? …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 16, 2026 · 2 min · National Desk

राम मंदिर चढ़ावा चोरी: दान देने के तरीके में बड़ा बदलाव, अब ये काम करने से बच रहे श्रद्धालु; कर्मियों ने कबूला

1 of 18 Ram Mandir Donation Scam - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें यह खबर एप पर पढ़ें या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो देखें संक्षिप्त देखें लोड हो रहा है अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो लॉगिन करें कुछ महीने पहले तक मंदिर में ऐसा दृश्य आम था कि श्रद्धालु दर्शन के दौरान भावुक होकर अपनी अंगूठी, चेन, झुमके, बाली, लॉकेट, कंगन, ब्रेसलेट या सोने-चांदी के सिक्के तक दानपात्र में अर्पित कर देते थे। चढ़ावा गणना के दौरान नोटों की छंटाई में अक्सर ये आभूषण निकलते थे, जिन्हें अलग सुरक्षित रखा जाता था। कुछ महीने पहले तक मंदिर में ऐसा दृश्य आम था कि श्रद्धालु दर्शन के दौरान भावुक होकर अपनी अंगूठी, चेन, झुमके, बाली, लॉकेट, कंगन, ब्रेसलेट या सोने-चांदी के सिक्के तक दानपात्र में अर्पित कर देते थे। चढ़ावा गणना के दौरान नोटों की छंटाई में अक्सर ये आभूषण निकलते थे, जिन्हें अलग सुरक्षित रखा जाता था। राम मंदिर में चढ़ावा चोरी का मामला सामने आने के बाद श्रद्धालुओं की आस्था पर कोई असर नहीं पड़ा है, लेकिन उनके दान देने के तरीके में बड़ा बदलाव जरूर दिखाई देने लगा है। पड़ताल में सामने आया कि अब दानपात्र में पहले की तरह सोने-चांदी के आभूषण और बेशकीमती सिक्के लगभग दिखाई नहीं देते। मंदिर के भीतर चढ़ावा व्यवस्था से जुड़े कर्मचारियों से बातचीत और मौके पर मिली जानकारी इस बदलाव की पुष्टि करती है। 2 of 18 राम मंदिर - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी अब कर्मचारियों का कहना है कि ऐसे चढ़ावे बेहद कम हो गए हैं। मंदिर परिसर में तैनात एक कर्मचारी ने नाम प्रकाशित न करने की शर्त पर बताया कि चोरी की घटना उजागर होने के बाद श्रद् …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 16, 2026 · 2 min · National Desk

राम मंदिर चढ़ावा चोरी: ट्रस्ट ने बरामद की थी अधिक रकम, एसआईटी को बताई कम; मामले को दबाने की थी पूरी कोशिश

राम मंदिर चढ़ावा चोरी की रकम करोड़ों में है। एसआईटी व पुलिस की बरामदगी में 80 लाख रुपये ही सामने आए, पर हकीकत में यह रकम ढाई से तीन करोड़ रुपये थी, जिसे ट्रस्ट के पदाधिकारियों ने खुद बरामद किया था। एसआईटी के सामने एक-तिहाई ही रकम बताई गई, वही बरामद हुई। ऐसा इसलिए किया गया कि अगर बड़ी रकम बरामद दिखाई जाती तो सवाल भी और बड़े उठते। एसआईटी जांच में इसके सबूत सामने आए हैं। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।सूत्रों ने बताया, चोरी का खुलासा होते ही ट्रस्ट के पदाधिकारियों ने सीसीटीवी फुटेज की मदद से संदिग्धों को पकड़ लिया था। इनसे बरामदगी शुरू कर दी गई, जिसका जिक्र एसआईटी ने भी किया है। ढाई से तीन करोड़ रुपये बरामद कर लिए गए।मकसद था कि बची रकम भी बरामद कर मामला दबा दिया जाए। मामला उजागर हुआ तो एक सप्ताह तक पूरा सेटलमेंट किया गया। जब सब पुख्ता हो गया, तब एसआईटी जांच की मांग की गई। एसआईटी ने वही बरामदगी दिखाई, जो ट्रस्ट ने बताई थी।सूत्रों के मुताबिक, करीब तीन करोड़ रुपये ट्रस्ट ने बरामद किए थे, जबकि सभी आरोपियों ने मिलकर दो से ढाई करोड़ रुपये खर्च कर दिए थे। इस हिसाब से चोरी की रकम पांच करोड़ रुपये से अधिक होने की आशंका है।समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अयोध्या में श्रीराम मंदिर के चढ़ावे की चोरी को भाजपा पर लगा काला दाग बताया है। अखिलेश ने कहा कि हर तरफ लूट, झूठ और चोरी का चक्र अबाध गति से चल रहा है। चढ़ावा-चंदा-दान चोरी खुलने के बाद भाजपा, आरएसएस और विश्व हिंदू परिषद के नेताओं के काले कारनामे उजागर हुए हैं। भाजपा में बदहवासी छा गई है और वह जनता का ध्यान भटकाने के लिए बचकाने बयान दे रही है। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 16, 2026 · 2 min · National Desk

ईरान के पुल-पावर प्लांट पर कब हमला करेगा US?: ट्रंप बोले- मुझे समयसीमा देना पसंद नहीं; तेहरान को दी ये सलाह

पश्चिम एशिया में संघर्ष समाप्त करने के लिए अमेरिका और ईरान के बीच हुए समझौते के टूटने के बाद दोनों देशों के बीच फिर से हमले तेज हो गए हैं। इसी मामले को लेकर ट्रंप ने यह बयान दिया। वह पेनसिल्वेनिया डिफेंस एंड इनोवेशन समिट में हिस्सा लेने के लिए वहां पहुंचे थे।जब ट्रंप से पूछा गया कि क्या उन्होंने ईरान के भीतर नागरिक परिसंपत्तियों पर हमले शुरू करने से पहले तेहरान को कोई अंतिम समयसीमा दी थी, तो उन्होंने कहा, “मुझे समयसीमा तय करना पसंद नहीं है, लेकिन उन्हें लगभग सब कुछ पता है। उन्हें पूरी कहानी मालूम है। उन्हें ठीक से व्यवहार करना होगा।“मंगलवार को फॉक्स न्यूज को दिए एक साक्षात्कार में ट्रंप ने चेतावनी दी थी कि अगर ईरान बातचीत की मेज पर वापस नहीं लौटता है तो अमेरिका अगले सप्ताह से उसके बिजली संयंत्रों और पुलों को निशाना बनाना शुरू कर देगा। उन्होंने कहा था कि अगर तेहरान वॉशिंगटन के साथ समझौता नहीं करता है तो उसके पास “कोई नहीं बचेगा।“ट्रंप ने कहा था, “हम कल रात उन पर बहुत जोरदार हमला करेंगे। उसके अगले दिन भी हमला करेंगे। फिर अगले सप्ताह उनके लिए हालात और खराब हो जाएंगे, क्योंकि अगले सप्ताह बिजली संयंत्रों की बारी होगी। अगले सप्ताह पुलों की बारी होगी। हम उनके सभी बिजली संयंत्रों को निष्क्रिय कर देंगे। हम उनके सभी पुलों को तबाह कर देंगे, जब तक कि वे बातचीत की मेज पर आकर वार्ता नहीं करते।“ट्रंप का यह बयान ऐसे समय आया है, जब पश्चिम एशिया में संघर्ष समाप्त करने के लिए वॉशिंगटन और तेहरान के बीच हुआ समझौता विफल हो चुका है। वहीं, अमेरिका के सैन्य हमले लगातार जारी हैं। सीएनएन की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका और ईरान के प्रतिनिधियों के बीच संपर्क अभी भी बना हुआ है। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 16, 2026 · 2 min · National Desk

England vs Argentina: किस तरह सात मिनट के अंदर अर्जेंटीना ने पलटा खेल? कटाया फाइनल का टिकट; इंग्लैंड हुआ बाहर

England vs Argentina: किस तरह सात मिनट के अंदर अर्जेंटीना ने पलटा खेल? कटाया फाइनल का टिकट; इंग्लैंड हुआ बाहर अर्जेंटीना ने सेमीफाइनल में इंग्लैंड को 2-1 से हराकर लगातार दूसरी बार फाइनल में जगह बना ली है। अर्जेंटीना का सामना अब खिताबी मुकाबले में स्पेन से होगा। अर्जेंटीना खिताब का बचाव करने से अब महज एक कदम दूर रह गई है। वहीं, इंग्लैंड का सफर सेमीफाइनल में ही थम गया है। इंग्लैंड और फ्रांस के बीच तीसरे स्थान के लिए मुकाबला होगा। इंग्लैंड ने दूसरे हाफ में गॉर्डन के गोल की मदद से बढ़त ली थी, लेकिन अर्जेंटीना ने सात मिनट के अंदर दो गोल करके मैच का रुख पलट दिया। मैदान पर नाचने लगे मेसी अर्जेंटीना के लिए सबसे पहले इंजो फर्नांडेज ने गोल दागा और फिर इंजरी समय में लाउतारो मार्टिनेज ने गोल कर टीम को 2-1 की बढ़त दिलाई। अर्जेंटीना ने आखिरी समय तक इस बढ़त को बरकरार रखा। लियोनल मेसी भले ही इस मैच में गोल नहीं कर सके, लेकिन दोनों गोल करने में उन्होंने मदद की। मेसी ने अपने शानदार खेल से बताया कि क्यों वह टीम के स्टार खिलाड़ी हैं। अर्जेंटीना की जीत के बाद मेसी खुशी से झूम उठे और साथी खिलाड़ियों के साथ डांस करने लगे। मैच में दिखी तल्खी इंग्लैंड और अर्जेंटीना के बीच शुरुआत से ही मैच में तल्खी देखने को मिली। मैच के शुरुआती मिनटों में ही इंग्लैंड और अर्जेंटीना के खिलाड़ियों के ब …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 16, 2026 · 2 min · National Desk

नोएडा में हादसा: छिजारसी में 11 हजार केवी लाइन का तार टूटकर गिरा, पांच लोग झुलसे, स्कूटी में लगी आग

पुलिस के अनुसार, घटना की सूचना मिलते ही सेक्टर-63 थाना पुलिस मौके पर पहुंची और राहत कार्य शुरू कराया। सेंट्रल नोएडा के एडीसीपी स्वतंत्र सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जानकारी के अनुसार 11 हजार केवी बिजली लाइन का तार अचानक टूटकर नीचे गिर गया था। इसी दौरान वहां से गुजर रहे लोग करंट की चपेट में आ गए। हादसे में स्कूटी भी आग की लपटों में घिर गई। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 16, 2026 · 1 min · National Desk

हवाई हमलों का दूसरा दौर शुरू: US ने ईरान के सैन्य ठिकानों को बनाया निशाना, ट्रंप बोले- डेडलाइन देना पसंद नहीं

इस बीच जब अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप से पूछा गया कि क्या पुलों पर बमबारी करने से पहले उन्होंने ईरान को कोई डेडलाइन दी है, तो अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, ‘मुझे डेडलाइन देना पसंद नहीं है, लेकिन उन्हें काफी हद तक पता है, वे पूरी बात जानते हैं। उन्हें बेहतर ढंग से पेश आना चाहिए।‘ईरान की मेहर न्यूज एजेंसी ने इराक की सीमा के पास स्थित अहवाज शहर में धमाकों की आवाज़ सुनाई देने की खबर दी है। इस महीने तनाव फिर से शुरू होने के बाद से अमेरिकी सेना ने कई बार अहवाज को निशाना बनाया है।अमेरिकी रक्षा विभाग के सूत्रों के अनुसार, इन ताजा हमलों का मुख्य उद्देश्य ईरान की उन सैन्य क्षमताओं को नेस्तनाबूद करना है, जिनका इस्तेमाल वह अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों में जहाजों को डराने और धमकाने के लिए करता रहा है। विशेष रूप से होर्मुज में व्यावसायिक जहाजों की सुरक्षित आवाजाही को बाधित करने के ईरानी प्रयासों को रोकने के लिए यह कदम उठाया गया है। अमेरिका ने स्पष्ट किया है कि वह वैश्विक व्यापार को प्रभावित करने वाली किसी भी हिमाकत के लिए सीधे ईरान को ही जिम्मेदार ठहरा रहा है।होर्मुज जलडमरूमध्य से दुनिया भर का करीब एक-तिहाई कच्चे तेल का व्यापार होता है। ऐसे में अमेरिका के इस दूसरे दौर के हमलों के बाद इस समुद्री रास्ते पर जहाजों की आवाजाही पूरी तरह प्रभावित होने की आशंका है। अगर ईरान इस हमले का जवाबी पलटवार करता है, तो खाड़ी देशों में एक नया युद्ध छिड़ सकता है, जिससे दुनिया भर में कच्चे तेल की कीमतें आसमान छू सकती हैं। अमेरिकी सेना फिलहाल ईरान की हरकतों पर पैनी नजर रखे हुए है और जवाबी कार्रवाई के लिए पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 16, 2026 · 2 min · National Desk