Rahul Gandhi: राहुल गांधी बोले- विदेश नीति का मतलब सिर्फ नेताओं को गले लगाना है; मोदी सरकार पर साधा निशाना

दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में रचनात्मक कांग्रेस के राष्ट्रीय अधिवेशन को संबोधित करते हुए लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने सरकार पर लोगों को अपनी बात रखने से रोकने का आरोप लगाया। उन्होंने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों और अपनी बेटी के लिए न्याय की मांग कर रही उत्तराखंड की एक महिला का जिक्र किया। राहुल ने कहा कि सरकार व्यवस्था लागू करना चाहती है, जबकि कांग्रेस का काम भारत को अपनी बात कहने का अवसर देना है। क्या जंतर-मंतर पर छात्रों को अपनी बात रखने से रोका गया? राहुल गांधी ने कहा कि जंतर-मंतर पर छात्र अपनी बात रखना चाहते थे। उनके मुताबिक, छात्र परेशान थे और अपनी पीड़ा व्यक्त करना चाहते थे, लेकिन सरकार ने उन्हें ऐसा करने से रोक दिया। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से यह कहा जाता है कि जंतर-मंतर पर व्यवस्था बनाई जाएगी और लोगों को अपनी बात रखने की अनुमति नहीं दी जा सकती। क्या उत्तराखंड की महिला के मामले का भी राहुल ने किया जिक्र? उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री आवास के सामने धरना देने के दौरान एक पुलिसकर्मी ने उनसे सरकार के लोगों को हटाने की बात कही थी। राहुल ने यह भी कहा कि कुछ मीडिया कर्मी निजी तौर पर मानते हैं कि जो हो रहा है, वह सही नहीं है, लेकिन नौकरी और परिवार की जिम्मेदारियों के कारण खुलकर बोल नहीं पाते। राहुल गांधी ने कहा कि देश में एक राष्ट्रीय भावना भी होती है। उनके मुताबिक, इसका मतलब यह है कि लोग कुछ लोगों को अपनी बनाई हुई व्यवस्था देश पर थोपने की अनुमति नहीं देंगे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और पूरा विपक्ष अब अपनी बात खुलकर रख रहा है और यह सिलसिला रुकने वाला नहीं है। राहुल गांधी ने एक महिला का जिक्र क …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 13, 2026 · 2 min · National Desk

Uttarakhand: चमोली में बड़ा हादसा; VPHEP की निर्माणाधीन टनल में हुआ भूस्खलन; 18 मजदूर अंदर फंसे, दो को निकाला

सीएम धामी ने लिया संज्ञान, एसडीआरएफ-एनडीआरएफ की टीम रवाना मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद चमोली के पीपलकोटी स्थित टीएचडीसी टनल के भीतर मलबा और पानी आने की घटना पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए राहत एवं बचाव कार्यों को युद्धस्तर पर संचालित करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि घटना की गंभीरता को देखते हुए एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों को तत्काल घटनास्थल पर भेज दिया गया है। जिला प्रशासन सहित सभी संबंधित विभागों एवं एजेंसियों को समन्वय के साथ त्वरित राहत एवं बचाव अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। कहा कि वे स्वयं वरिष्ठ अधिकारियों से निरंतर संपर्क में हैं तथा स्थिति की पल-पल की जानकारी प्राप्त कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता टनल में फंसे प्रत्येक व्यक्ति को सुरक्षित बाहर निकालना है और इस दिशा में सभी आवश्यक संसाधन लगाए गए हैं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि राहत एवं बचाव कार्यों में किसी प्रकार की शिथिलता न बरती जाए तथा प्रभावित लोगों और उनके परिजनों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाए। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 13, 2026 · 1 min · National Desk

महाराष्ट्र: हमले के बाद PM मोदी ने सुखबीर बादल का जाना हाल, सीएम फडणवीस ने दिए जांच के आदेश

पंजाब के पूर्व उपमुख्यमंत्री और शिरोमणि अकाली दल के प्रमुख सुखबीर सिंह बादल पर महाराष्ट्र के नांदेड़ में हुए हमले को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जानकारी ली है। सूत्रों के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को सुखबीर सिंह बादल की पत्नी हरसिमरत कौर बादल से फोन पर बातचीत के दौरान उनके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली। वहीं, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने नांदेड़ के पुलिस अधीक्षक से घटना की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने पुलिस को हमले के पीछे के मकसद का पता लगाने और मामले की गहन जांच करने के निर्देश दिए हैं। महाराष्ट्र के गृह मंत्री योगेश कदम ने गुरुवार को बताया कि नांदेड़ में सुखबीर सिंह बादल पर हुए हमले के संबंध में उन्होंने महानिरीक्षक (आईजी) से बात की है और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने पूरी घटना की जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने बताया कि हमलावर को गिरफ्तार कर लिया गया है और आरोपी पिछले दो वर्षों से गुरुद्वारे में स्वयंसेवक के रूप में काम कर रहा था। उन्होंने आगे बताया कि आरोपी ने धारदार हथियार से हमला किया और हमले को रोकने की कोशिश में एक पुलिसकर्मी भी घायल हो गया।उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने भी इस घटना का गंभीर संज्ञान लिया है। उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने सुखबीर सिंह बादल की पत्नी एवं सांसद हरसिमरत कौर बादल से फोन पर बातचीत कर उनका हालचाल जाना। इस दौरान उन्होंने सुखबीर सिंह बादल के स्वास्थ्य की आत्मीयता से जानकारी ली और उनके जल्द से जल्द पूर्ण रूप से स्वस्थ होने की प्रार्थना की। साथ ही उन्होंने कौर को स्पष्ट आश्वासन दिया कि इस हमले के दोषियों को किसी भी परिस्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। हमलावरों के खिलाफ जल्द से जल्द और कड़ी से कड़ी …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 13, 2026 · 2 min · National Desk

'आजकल नरेंद्र मोदी रात में सोते नहीं हैं': राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री पर साधा निशाना, RSS को लेकर कही यह बात

दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में रचनात्मक कांग्रेस के राष्ट्रीय अधिवेशन को संबोधित करते हुए लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने सरकार पर लोगों को अपनी बात रखने से रोकने का आरोप लगाया। उन्होंने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों और अपनी बेटी के लिए न्याय की मांग कर रही उत्तराखंड की एक महिला का जिक्र किया। राहुल ने कहा कि सरकार व्यवस्था लागू करना चाहती है, जबकि कांग्रेस का काम भारत को अपनी बात कहने का अवसर देना है। क्या जंतर-मंतर पर छात्रों को अपनी बात रखने से रोका गया? राहुल गांधी ने कहा कि जंतर-मंतर पर छात्र अपनी बात रखना चाहते थे। उनके मुताबिक, छात्र परेशान थे और अपनी पीड़ा व्यक्त करना चाहते थे, लेकिन सरकार ने उन्हें ऐसा करने से रोक दिया। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से यह कहा जाता है कि जंतर-मंतर पर व्यवस्था बनाई जाएगी और लोगों को अपनी बात रखने की अनुमति नहीं दी जा सकती। क्या उत्तराखंड की महिला के मामले का भी राहुल ने किया जिक्र? उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री आवास के सामने धरना देने के दौरान एक पुलिसकर्मी ने उनसे सरकार के लोगों को हटाने की बात कही थी। राहुल ने यह भी कहा कि कुछ मीडिया कर्मी निजी तौर पर मानते हैं कि जो हो रहा है, वह सही नहीं है, लेकिन नौकरी और परिवार की जिम्मेदारियों के कारण खुलकर बोल नहीं पाते। राहुल गांधी ने कहा कि देश में एक राष्ट्रीय भावना भी होती है। उनके मुताबिक, इसका मतलब यह है कि लोग कुछ लोगों को अपनी बनाई हुई व्यवस्था देश पर थोपने की अनुमति नहीं देंगे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और पूरा विपक्ष अब अपनी बात खुलकर रख रहा है और यह सिलसिला रुकने वाला नहीं है। राहुल गांधी ने एक महिला का जिक्र क …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 13, 2026 · 2 min · National Desk

Parliament: संसद के मानसून सत्र के आज आखिरी दिन लोकसभा में क्या हुआ? जानिए राज्यसभा में कितना हुआ काम

राज्यसभा में भी विपक्ष का हंगामा देखने को मिला। हालांकि विपक्ष के हंगामे के बीच भी सरकार ने सदन में खान और खनिज संशोधन विधेयक पारित करा लिया। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने दावा किया कि कल वे हल्द्वानी गए, जहां उन्होंने एक जनसभा को संबोधित किया। वहां आज भाजपा के नेताओं ने शुद्धिकरण हवन किया। खरगे ने कहा कि यह लोकतंत्र और देश के लिए ठीक नहीं है। खरगे ने चेताया कि इससे देश बंटेगा। इस मुद्दे पर आज राज्यसभा में खूब हंगामा हुआ। हालांकि भाजपा नेता जेपी नड्डा ने भी इस घटना की निंदा की और कहा कि इस मामले की जांच की जाएगी। लोकसभा स्थगित होने के बाद भी विपक्ष का विरोध प्रदर्शन जारी है। सपा सांसदों ने राम मंदिर में कथित चंदा चोरी के मुद्दे पर सराकर को घेरा। सपा सांसद धर्मेंद्र यादव ने बताया कि उनकी पार्टी के वरिष्ठ सांसदों ने तय किया है कि वे कनाट प्लेस के हनुमान मंदिर जाएंगे। अब भगवान हनुमान ही भगवान राम के चंदे की सुरक्षा कर सकेंगे।कांग्रेस सांसद तारिक अनवर ने कहा कि ‘सरकार सदन चलवाने में असफल रही। सदन तभी चलता है, जब सत्ता पक्ष और विपक्ष बातचीत करें और सदन चलाने का रास्ता ढूंढें। लेकिन सरकार ने अपनी हठधर्मिता नहीं छोड़ी और प्रधानमंत्री और गृह मंत्री पूरे सत्र में सदन में उपस्थित नहीं हुए। इससे क्या संकेत मिलता है? इससे पता चलता है कि उनके लिए सदन का कोई महत्व नहीं है और इसलिए उन्होंने लगातार सदन की अवहेलना की।‘मानसून सत्र जंतर मंतर पर छात्रों पर पुलिस कार्रवाई, राम मंदिर में कथित चंदा चोरी, नीट पेपर लीक और अमित शाह के सदन नहीं आने के मुद्दे पर खासा हंगामेदार रहा। मानसून सत्र के दौरान राज्यसभा में कुल 37 घंटे, 49 मिनट ही काम हुआ। इस दौरान 12 विध …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 13, 2026 · 2 min · National Desk

‘सवाल पूछते हैं, जवाब नहीं सुनते’: संसद में हो रहे विरोध पर कंगना का राहुल पर हमला, कहा- ये कैसा व्यवहार है?

भाजपा सांसद कंगना रनौत ने गुरुवार को संसद में विपक्ष के लगातार विरोध-प्रदर्शन की आलोचना की। उन्होंने विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर आरोप लगाया कि वे सरकार से जवाब तो मांगते हैं, लेकिन साथ ही चर्चा होने भी नहीं देते। रनौत ने कहा, ‘यह बेहद आपत्तिजनक है। उन्होंने यहां का माहौल पूरी तरह से खराब कर दिया है। हालात दिन-ब-दिन बिगड़ते जा रहे हैं।’ छात्रों के विरोध-प्रदर्शन और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से बयान की मांग को लेकर सरकार और विपक्ष के बीच जारी गतिरोध के बीच उनकी ये टिप्पणी आई है।विपक्ष दिल्ली में विरोध कर रहे छात्रों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई को लेकर सरकार से जवाब मांग रहा है। वहीं, सरकार का कहना है कि इस मामले पर संसद में चर्चा हो सकती है। बुधवार को संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि अमित शाह छात्र विरोध-प्रदर्शन पर चर्चा में भाग लेने और विपक्ष द्वारा उठाए गए मुद्दों का जवाब देने के लिए तैयार हैं। कंगना ने विपक्ष से क्या सवाल किया? रनौत ने विपक्ष के रवैये पर सवाल उठाते हुए कहा, ‘एक तरफ राहुल गांधी गृह मंत्रालय से सवाल पूछते हैं, फिर भी वे कहते हैं कि वे गृह मंत्रालय को बोलने नहीं देंगे। यह कैसा व्यवहार है?’ वे चर्चा की मांग करते हैं, लेकिन जब मौका दिया जाता है, तो वे कहते हैं कि उन्हें जवाब नहीं चाहिए।’ बता दें कि अमित शाह ने विपक्ष की ओर से उठाए गए सवालों पर विस्तार से चर्चा करने और उनका जवाब देने की पेशकश की थी। हालांकि, राहुल गांधी ने कहा कि विपक्ष गृह मंत्री का भाषण सुनने में दिलचस्पी नहीं रखता, बल्कि वह यह जानना चाहता है कि छात्रों के खिलाफ कथित बल प्रयोग का आदेश किसने दिया था। विपक्ष पर क्या आरोप लगाया? रनौत ने विपक्ष पर …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 13, 2026 · 2 min · National Desk

Bihar: तेजस्वी के आंदोलन से पहले छात्र गोलीकांड पर सरकार का बड़ा फैसला, इन हथियारों के इस्तेमाल पर लगी रोक

एक दिन पहले ही नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सीवान में छात्रों पर AK-47 से गोली चलाए जाने वाले मामले पर 19 अगस्त को आंदोलन की घोषणा की थी। लेकिन, इससे पहले सीएम सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली सरकार ने इस मामले में बड़ा निर्णय लिया है। बिहार पुलिस मुख्यालय की ओर से विधि-व्यवस्था ड्यूटी और भीड़ नियंत्रण के दौरान AK-47, INSAS और SLR जैसे असॉल्ट हथियारों के इस्तेमाल पर रोक लगा दी गई है। मुख्यालय की ओर से जारी निर्देश के अनुसार, इन हथियारों का इस्तेमाल अब केवल उग्रवाद, आतंकवाद और बड़े अपराधियों से जुड़े मामलों में ही किया जाएगा। विधि-व्यवस्था या भीड़ नियंत्रण की ड्यूटी के दौरान कोई भी पुलिस अधिकारी या जवान इन हथियारों का इस्तेमाल नहीं कर सकेगा। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 13, 2026 · 1 min · National Desk

पंजाब में बड़ा सड़क हादसा: आम आदमी पार्टी के तीन कार्यकर्ताओं की मौत, वित्त मंत्री हरपाल चीमा के थे करीबी

रायकोट-जगरांव रोड पर गांव बस्सियां के पास बुधवार-गुरुवार की दरमियानी रात करीब सवा एक बजे एक तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर पानी से भरे तालाब में जा गिरी। हादसा इतना भीषण था कि कार में सवार पांच लोगों में से तीन की मौत हो गई, जबकि दो लोग बाल-बाल बच गए। मृतकों की पहचान बलकार सिंह, विशाल और संदीप के रूप में हुई है। तीनों के आम आदमी पार्टी से जुड़े होने और पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा के करीबी साथी होने की जानकारी सामने आई है। जानकारी के अनुसार, पांचों लोग नकोदर से कार में सवार होकर दिड़बा क्षेत्र की ओर लौट रहे थे। बस्सियां के पास मोड़ पर तेज रफ्तार कार चालक के नियंत्रण से बाहर हो गई और सड़क किनारे स्थित पानी से भरे तालाब में गिर गई। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई।हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और राहत दल मौके पर पहुंच गए। काफी मशक्कत के बाद कार और उसमें फंसे लोगों को बाहर निकाला गया। तीन लोगों की मौत हो चुकी थी, जबकि दो अन्य को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। पुलिस ने मृतकों के शव कब्जे में लेकर सरकारी अस्पताल जगरांव में रखवा दिए हैं। हादसे के कारणों की जांच की जा रही है।प्रारंभिक तौर पर हादसे की वजह कार की तेज रफ्तार और मोड़ पर नियंत्रण बिगड़ना बताई जा रही है। हालांकि पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी। सवालों के घेरे में प्रशासन, पहले भी हो चुके हैं हादसे इस हादसे ने रायकोट-जगरांव रोड पर बस्सियां के पास सड़क सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों के अनुसार जिस स्थान पर कार तालाब में गिरी, वहां पहले भी कई हादसे हो चुके हैं। ग्रामीणों का दावा है कि दुर्घटना संभावित इस स्थान को लेकर वे कई बार सरकार और प्रशास …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 13, 2026 · 2 min · National Desk

कावेरी विवाद पर कर्नाटक बंद: कन्नड़ संगठनों का राज्यव्यापी प्रदर्शन, तमिलनाडु से बस सेवा जारी

तमिलनाडु के ट्रक चालकों को दिए गुलाब यह प्रदर्शन कोप्पल तालुक के हिटलनाल टोल गेट पर हुआ। यह जगह राष्ट्रीय राजमार्ग पर है। कर्नाटक बंद के तहत केरावे युवा सेना के नेता विजयकुमार के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने तमिलनाडु नंबर के ट्रकों को रोका। प्रदर्शनकारियों ने ट्रक चालकों से भिड़ने के बजाय उन्हें गुलाब दिए। यह गुलाब देना एक प्रतीकात्मक तरीके से विरोध जताने का हिस्सा था। फूल देते हुए विजयकुमार ने ट्रक चालकों से कहा, हम शांति पसंद करने वाले लोग हैं। हमें उकसाने की कोशिश न करें। प्रदर्शनकारियों ने तमिलनाडु सरकार के खिलाफ नारे भी लगाए। उन्होंने कावेरी जल नियमन समिति यानी सीडब्ल्यूआरसी के एक निर्देश का विरोध किया। इस निर्देश में कर्नाटक को 15 दिनों तक तमिलनाडु के लिए 12 हजार क्यूसेक पानी छोड़ने को कहा गया है। बंद का आह्वान किसने किया था? प्रदर्शन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने नारे लगाए- फूल ले लो, पानी मत मांगो। इसके बाद पुलिस ने प्रदर्शन में दखल दिया। पुलिस ने प्रदर्शन के आयोजकों को हिरासत में ले लिया और अपने साथ ले गई। कोप्पल में हुआ यह प्रदर्शन 13 अगस्त को कर्नाटक ओक्कुटा संगठन की ओर से बुलाए गए राज्यव्यापी बंद का हिस्सा था। यह बंद सीडब्ल्यूआरसी के पानी छोड़ने के निर्देश के विरोध में बुलाया गया था। कोप्पल जिला इकाई की ओर से जारी एक पत्र के मुताबिक, बंद का नेतृत्व कर्नाटक ओक्कुटा के प्रदेश अध्यक्ष वाटाल नागराज कर रहे थे। प्रदर्शन का तालमेल कर्नाटक रक्षणा वेदिके युवा शाखा के प्रदेश अध्यक्ष बीजन्ना राजन्ना और सुवर्ण कर्नाटक युवा सेना के प्रदेश अध्यक्ष टीके नायक को करना था। संगठनों ने राज्यभर में सुबह 6 बजे से प्रदर्शन करने का आह्व …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 13, 2026 · 2 min · National Desk

Jharkhand: JPSC-JSSC आंदोलन का 20वां दिन, 11वें दिन भी अनशन पर प्रेम नायक, बोले- CBI जांच से कम कुछ मंजूर नहीं

PSC-JSSC समेत विभिन्न मांगों को लेकर रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में चल रहा छात्र आंदोलन गुरुवार को 20वें दिन भी जारी है। आंदोलनकारी छात्र भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच समेत अपनी मांगों को लेकर लगातार धरने पर बैठे हैं। 10 अगस्त को छात्रों ने विधानसभा के बाहर भी दिनभर प्रदर्शन किया था। वहीं, आंदोलन के दौरान अनशन पर बैठे छात्र प्रेम नायक ने कहा कि उनका अनशन 11वें दिन में पहुंच गया है और सरकार की ओर से मांगें स्वीकार किए जाने तक आंदोलन जारी रखने का फैसला लिया गया है। 11वें दिन भी जारी है प्रेम नायक का अनशन छात्र प्रदर्शनकारी प्रेम नायक ने कहा कि आज उनके अनशन का 11वां दिन और छात्रों के समग्र आंदोलन का 20वां दिन है। उन्होंने दावा किया कि उनकी स्वास्थ्य स्थिति लगातार बिगड़ रही है और डॉक्टरों ने उन्हें अनशन समाप्त करने की सलाह दी है। हालांकि, छात्रों का कहना है कि सरकार उनकी मांगों को स्वीकार नहीं कर रही है, इसलिए अनशन समेत आंदोलन जारी रखने का निर्णय लिया गया है। प्रेम नायक ने कहा कि अनशन पर बैठे छात्रों ने डॉक्टरों से स्पष्ट कर दिया है कि सरकार की ओर से मांगें पूरी किए जाने तक वे अनशन समाप्त नहीं करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि प्रशासन की ओर से बीती रात आंदोलन स्थल का दौरा किया गया था और अधिकारियों के रवैये में कुछ नरमी दिखाई दी, लेकिन आंदोलनकारियों का आरोप है कि प्रशासन अभी भी धरना स्थल खाली कराने का प्रयास कर रहा है। ‘सरकार किसी भी तरह हमें हटाना चाहती है’ प्रेम नायक ने आरोप लगाया कि सरकार की ओर से आंदोलनकारियों को किसी भी तरह हटाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि छात्र अपनी मांगों को लेकर पीछे हटने के लिए …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 13, 2026 · 2 min · National Desk