तेहरान में मुनीर से मिले गालिबाफ: ईरान ने अमेरिका पर लगाया समझौता तोड़ने का आरोप; चीन ने क्या कहा?

गालिबाफ ने टेलीग्राम पर एक बयान साझा किया। इसमें बताया गया कि उन्होंने मुनीर के साथ समझौते को लागू करने में अमेरिका की ओर से की गई ‘कई बार की गईं’ शर्तों की अनदेखी पर चर्चा की। गालिबाफ ने कहा, ‘समझौते में सभी पक्षों की जिम्मेदारियां साफ हैं। अमेरिका ने अपनी जिम्मेदारियां नहीं निभाईं। इससे उसने क्षेत्र में स्थिरता कायम होने से रोका। साथ ही, इस देश पर अविश्वास का एक और कारण पैदा कर दिया। ईरानी अधिकारी ने यह भी कहा कि तेहरान समझौते को लागू करने की कोशिश जारी रखेगा। उन्होंने कहा कि ईरान पर बाहरी दबाव का असर नहीं हो रहा है। बयान में कहा गया, हम समझौता ज्ञापन की शर्तों को लागू करने की कोशिश जारी रख रहे हैं। अमेरिका को समझौते के आधार पर अपनी जिम्मेदारियां निभानी होंगी। ये भी पढ़ें: मुलाकात के दौरान मुनीर ने भी कहा कि वह क्षेत्र में स्थिरता वापस लाने की कोशिश जारी रखेंगे। मुनीर सोमवार को ही तेहरान पहुंचे थे। वह ईरान के अधिकारियों से बातचीत के लिए वहां गए हैं। उनका यह दौरा ऐसे समय हो रहा है, जब क्षेत्र में तनाव बढ़ा हुआ है। ईरान और अमेरिका के बीच भी लगातार तनाव बना हुआ है। मुनीर के दौरे पर ईरान ने क्या कहा? ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने इससे पहले मुनीर के दौरे को ईरान और पाकिस्तान के बीच ‘बहुत अच्छे और खास संबंधों’ के तहत होने वाला दौरा बताया था। बघाई ने मुनीर के तेहरान पहुंचने से पहले प्रेस वार्ता में कहा था, ईरान और पाकिस्तान के बीच द्विपक्षीय संबंध इस समय अपने सबसे अच्छे दौर में हैं। दोनों देश हर क्षेत्र में इन संबंधों को लगातार मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। पश्चिम एशिया में संघर्ष के दौरान पाकिस्तान प …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 25, 2026 · 2 min · National Desk

Srinagar: तीन दशक बाद खुलीं कश्मीरी पंडितों के हत्याकांड की फाइलें, वंधामा समेत पुराने मामलों की जांच शुरू

कश्मीर घाटी में 1989-90 के दौर में भड़की आतंकी हिंसा और कश्मीरी पंडितों के पलायन के तीन दशक से अधिक समय बाद जम्मू-कश्मीर प्रशासन और जांच एजेंसियों ने अनसुलझे आतंकी हत्याकांडों की फाइलें खोलने के क्रम में वंधामा नरसंहार की जांच 28 साल बाद आधिकारिक तौर पर दोबारा शुरू कर दी है। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने हालिया उच्चस्तरीय सुरक्षा बैठकों में जांच एजेंसियों को आतंकवाद और मानवाधिकार उल्लंघन के पुराने मामलों को दोबारा खोलकर पीड़ितों को न्याय दिलाने के निर्देश दिए थे। प्रशासन ने 1990 के दौर के पूरे टेरर इकोसिस्टम की पहचान करने के निर्देश दिए हैं। इसमें ऐसे लोग भी शामिल हैं, जो उस समय आतंकियों के मददगार थे और आज भी किसी न किसी रूप में तंत्र में मौजूद हो सकते हैं। जिलाधिकारियों और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों (एसएसपी) को नई एफआईआर दर्ज करने, साक्ष्य जुटाने तथा आतंकी हिंसा का शिकार बने परिवारों को प्राथमिकता के आधार पर सरकारी सहायता और स्वरोजगार उपलब्ध कराने के साथ उनकी कब्जाई गई जमीनों और संपत्तियों को वापस दिलाने की प्रक्रिया में तेजी लाने को कहा गया है।बंधामा की खौफनाक वारदात 25 जनवरी 1998 की रात मध्य कश्मीर के गांदरबल जिले के वंधामा गांव में हुई थी। 26 जनवरी की पूर्व संध्या और रमजान के पवित्र महीने में शब-ए-कद्र की रात सेना की वर्दी में आए हथियारों से लैस आतंकियों ने कश्मीरी पंडितों के घरों में धावा बोल दिया था। आतंकियों ने चार परिवारों के सदस्यों को एक जगह इकट्ठा कर अंधाधुंध गोलियां बरसाईं। इसमें नौ महिलाओं और चार बच्चों समेत कुल 23 कश्मीरी पंडितों की बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। मारे गए लोगों में जम्मू से अपने रिश्तेदारों से मिलने आए पांच मेहमान भी शामिल थे …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 25, 2026 · 2 min · National Desk

Top News: डाक मतपत्र से जुड़े मामले में ट्रंप को सुप्रीम कोर्ट से राहत, शाह का घुसपैठ पर जीरो टॉलरेंस का आदेश

Top News: डाक मतपत्र से जुड़े मामले में ट्रंप को सुप्रीम कोर्ट से राहत, शाह का घुसपैठ पर जीरो टॉलरेंस का आदेश …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) मूल लेख स्रोत पर पढ़ें

August 25, 2026 · 1 min · National Desk

बंगाल में सरकारी डॉक्टरों की निजी प्रैक्टिस पर रोक: 72 घंटे का नियम, किन दिनों नहीं देख सकेंगे निजी मरीज?

उन्होंने बताया कि यह रोक तुरंत लागू कर दी गई है। इस तरह कुल 72 घंटे तक निजी प्रैक्टिस पर रोक रहेगी। इसका मकसद यह है कि डॉक्टर सरकारी अस्पताल में भर्ती मरीजों के इलाज के लिए उपलब्ध रहें।अधिकारी ने कहा, यह रोक मरीज के भर्ती होने वाले दिन से लागू होगी। इसके बाद अगले 48 घंटे तक भी जारी रहेगी। इसका मकसद यह है कि अस्पताल में भर्ती मरीजों का इलाज लगातार होता रहे। मरीज का इलाज करने वाले डॉक्टर जरूरत पड़ने पर अस्पताल में मौजूद रहें। इस आदेश का सीधा असर सरकारी मेडिकल कॉलेजों में काम करने वाले डॉक्टरों की निजी प्रैक्टिस पर पड़ेगा।सरकारी डॉक्टरों के लिए आमतौर पर हर हफ्ते मरीजों को अस्पताल में भर्ती करने का एक तय दिन होता है। नई व्यवस्था के तहत डॉक्टर उस दिन निजी मरीज नहीं देख सकेंगे। इसके बाद अगले दो दिन भी निजी मरीज नहीं देख पाएंगे। इससे हफ्ते में निजी मरीज देखने के लिए उनके पास कम दिन बचेंगे। कुछ डॉक्टरों की हफ्ते में दो दिन मरीजों को अस्पताल में भर्ती करने की ड्यूटी होती है। ऐसे डॉक्टरों के लिए यह रोक हफ्ते के ज्यादातर कामकाजी दिनों तक लागू हो सकती है।कुछ डॉक्टरों ने अचानक लगी इस रोक को लेकर चिंता जताई। उनका कहना है कि इससे उन मरीजों पर असर पड़ सकता है, जिनका सरकारी डॉक्टरों की देखरेख में निजी अस्पतालों में पहले से इलाज चल रहा है।हालांकि, कुछ मरीजों ने इस फैसले का स्वागत किया है। उनका कहना है कि सरकारी अस्पताल में मरीज के भर्ती होने के बाद डॉक्टर अस्पताल में मौजूद रहेंगे। इससे मरीज का लगातार उपचार होता रहेगा। इलाज की गुणवत्ता भी बेहतर हो सकती है। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 25, 2026 · 2 min · National Desk

सूरत में पीएम मोदी के नाम पर मछली बाजार: बिना मंजूरी लगा बोर्ड, कारोबारियों ने जताई आपत्ति; क्यों हुआ विवाद?

क्यों लगा पीएम मोदी के नाम का बोर्ड? सूरत शहर के नानपुरा इलाके में लक्कड़कोट में एक नया मछली बाजार बनाया गया है। इसे सूरत नगर निगम (एसएमसी) ने बनाया है। बाजार के प्रवेश द्वार पर एक बड़ा बोर्ड लगाया गया है। इस पर लिखा है- श्री नरेंद्र मोदी थोक मछली बाजार। बोर्ड के एक कोने में प्रधानमंत्री मोदी की तस्वीर भी है। इस बोर्ड के लगने के बाद कुछ मछली कारोबारियों ने इसका विरोध किया। पीएम के नाम पर क्यों जताई आपत्ति? मछली कारोबारी सुरेंद्र लश्करी ने बाजार के नाम पर आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शाकाहारी हैं। इसलिए उनका नाम मछली बाजार से नहीं जोड़ा जाना चाहिए। लश्करी ने कहा, नरेंद्र मोदी ने अपनी जिंदगी में कभी समुद्री भोजन (सी फूड) नहीं खाया है। वह पूरी तरह शाकाहारी हैं। इसलिए यह बोर्ड नहीं लगाया जाना चाहिए। ये भी पढ़ें: एसएफएमए ने नाम का समर्थन क्यों किया? हालांकि, सूरत फिश मर्चेंट एसोसिएशन (एसएफएमए) के अध्यक्ष कल्पेश नवसारीवाला ने इस कदम का बचाव किया। उन्होंने कहा कि एसोसिएशन ने अपने स्तर पर एक प्रस्ताव पारित किया था। इसमें बाजार का नाम नरेंद्र मोदी के नाम पर रखने की बात कही गई थी। बोर्ड पर मछली कारोबारियों की एसोसिएशन का नाम भी लिखा है। बाजार के लिए केंद्र ने कितने रुपये दिए? नवसारीवाला ने कहा कि केंद्र सरकार ने बाजार बनाने के लिए प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत 3 करोड़ रुपये दिए हैं। उन्होंने मछुआरों के कल्याण के लिए सरकार की ओर से शुरू की गई कई योजनाओं और कामों का भी जिक्र किया। नवसारीवाला ने कहा, प्रधानमंत्री मोदी ने यह योजना शुरू की थी। इसके तहत एसएमसी को इस बाजार को बनाने के लिए 3 करोड़ रु …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 25, 2026 · 2 min · National Desk

Jabalpur News: प्रदेश के चार जिलों में चिटफंड कंपनी खोलकर 42 करोड़ का घोटाला, सीआईडी की जांच में हुआ खुलासा

प्रदेश के चार जिलों में फर्जी चिटफंड कंपनी खोलकर 16सौ निवेशकों को 42 करोड़ रुपये से अधिक का चूना लगाया है। सीआईडी ने जांच के दौरान पाया कि आरोपियों ने देश के 17 राज्यों में फर्जी चिटफंड कंपनी खोलकर साढ़े तीन करोड़ निवेशकों को एक खरब पांच अरब से अधिक का चूना लगाया है। जांच में प्रदेश के तीन अन्य जिलों में फर्जी कंपनी खोलकर निवेशकों से करोड़ों रुपये की ठगी करने तथ्य प्रकाश में आए हैं। सीआईडी इस संबंध में जांच कर रही है। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 25, 2026 · 1 min · National Desk

US ने देशों को दी चेतावनी: स्कॉट बेसेंट बोले- ईरान से तोड़ें संबंध या लगाएंगे प्रतिबंध; चीन को लेकर क्या कहा?

स्कॉट बेसेंट ने कहा, “हमारा उद्देश्य इस तानाशाही शासन को बनाए रखने वाली हर आर्थिक जीवनरेखा को काटना है, जब तक कि तेहरान पूरी तरह अलग-थलग न पड़ जाए।” उन्होंने कहा कि अमेरिकी ‘ऑपरेशन इकनॉमिक आउटकास्ट’ के तहत वित्त विभाग ने उन सभी माध्यमों, मददगारों और नेटवर्क की पहचान कर ली है, जिनका इस्तेमाल ईरान तेल की तस्करी और प्रतिबंधों से बचने के लिए करता रहा है।अमेरिकी वित्त मंत्री बेसेंट ने कहा कि ट्रेजरी विभाग की ओर से चिन्हित गतिविधियों को बंद करने के लिए प्रत्येक देश के लिए तय समयसीमा निर्धारित की गई है। उन्होंने कहा, “ट्रेजरी, विदेश विभाग और अमेरिकी सेना की टीमें अब दुनियाभर में अपने समकक्षों से मुलाकात कर रही हैं और उन्हें बता रही हैं कि अमेरिका कार्रवाई की उम्मीद करता है।” उन्होंने कहा, “घड़ी की सुई अब चलना शुरू हो गई है।“बेसेंट ने कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप दुनियाभर के नेताओं को फोन कर रहे हैं और उनसे तेहरान के साथ अपने संबंध खत्म करने का “विशेष अनुरोध” कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिका को सप्ताहांत में ही इसके परिणाम दिखाई देने लगे हैं। हालांकि, उन्होंने इन परिणामों के बारे में विस्तार से जानकारी नहीं दी।उन्होंने ने कहा, “जो लोग अमेरिका के साथ खड़े होंगे, उन्हें हमारी साझेदारी का लाभ मिलेगा। जो लोग ईरानी शासन से खुद को जोड़ेंगे, उन्हें कमजोर पड़ रहे शासन के साथ बढ़ते अलगाव का सामना करने की उम्मीद करनी चाहिए।“चीनी बैंकों को कुछ लक्षित संस्थानों की सूची में शामिल नहीं किए जाने के सवाल पर बेसेंट ने कहा, “हम आज यहां यह स्पष्ट करना चाहते हैं कि कोई भी अमेरिकी प्रतिबंधों की पहुंच से बाहर नहीं है।” उन्होंने कहा, “हम पाते हैं कि देशों के साथ जुड़ने क …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 25, 2026 · 2 min · National Desk

शोपियां: चेकिंग के दौरान तीन संदिग्धों के गिरफ्तार होने की सूचना, हैंड ग्रेनेड और हिजबुल के पोस्टर बरामद

दक्षिण कश्मीर के शोपियां जिले में सुरक्षाबलों द्वारा नाका चेकिंग के दौरान तीन संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में लिए जाने की खबर सामने आई है। सूत्रों के अनुसार, मुगल रोड पर पदपावन के पास संयुक्त सुरक्षाबलों की एक टीम नियमित नाका चेकिंग कर रही थी, उसी दौरान एक मोटरसाइकिल (जेके18बी-6130) पर सवार तीन लोगों को रोका गया। सूत्रों का कहना है कि तलाशी के दौरान इन संदिग्धों के कब्जे से 2 हैंड ग्रेनेड और आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिद्दीन के पांच आपत्तिजनक व धमकी भरे पोस्टर बरामद किए गए। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 25, 2026 · 1 min · National Desk

Amit Shah: अमित शाह का घुसपैठ पर जीरो टॉलरेंस का आदेश, आतंकवाद से लड़ाई में AI भी अहम; सरकार की क्या तैयारी?

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोमवार को नई दिल्ली में नौवें राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति सम्मेलन 2026 का उद्घाटन किया। सम्मेलन में देशभर से करीब 850 अधिकारी शामिल हुए। अमित शाह ने सुरक्षा एजेंसियों को घुसपैठ और अवैध आव्रजन के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों में एजेंसियों को ज्यादा समन्वित और सख्त तरीके से काम करना होगा। आतंकवाद के खिलाफ AI का इस्तेमाल कैसे बढ़ेगा? अमित शाह ने सुरक्षा एजेंसियों को मल्टी-एजेंसी सेंटर यानी MAC पर उपलब्ध खुफिया जानकारी के विश्लेषण में AI आधारित तकनीक का इस्तेमाल बढ़ाने को कहा। इसके साथ ही उन्होंने AI की मदद से राष्ट्रीय सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए मानक संचालन प्रक्रिया यानी SOP तैयार करने पर भी जोर दिया। उनका निर्देश है कि तकनीक का इस्तेमाल केवल जानकारी जुटाने तक सीमित न रहे, बल्कि उसके विश्लेषण और कार्रवाई में भी किया जाए। सम्मेलन में किन सुरक्षा चुनौतियों पर हुई चर्चा? सम्मेलन के पहले दिन आतंकवाद, कट्टरपंथ, साइबर अपराध और पाकिस्तान की प्रॉक्सी वॉर जैसे मुद्दे प्रमुख रहे। अमित शाह ने आतंकवाद और कट्टरपंथ से निपटने के लिए गृह मंत्रालय की ‘प्रहार’ पहल के प्रभावी क्रियान्वयन और सुरक्षा कर्मियों के प्रशिक्षण पर जोर दिया। उन्होंने विदेशों में छिपे भगोड़ों को भारत वापस लाने की प्रक्रिया तेज करने और उनके मुकदमों में तेजी लाने का भी निर्देश दिया। भगोड़ों और यूएपीए मामलों पर क्या रणनीति होगी? अमित शाह ने सुरक्षा एजेंसियों को फरार आरोपियों के खिलाफ अनुपस्थिति में मुकदमा चलाने यानी ट्रायल इन एब्सेंटिया के प्रावधान का इस्तेमाल करने पर भी जोर दिया। गै …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 24, 2026 · 2 min · National Desk

सोपोर में सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी: खाली मकान से गोला-बारूद बरामद, एसओजी, RR और CRPF ने की संयुक्त कार्रवाई

उत्तरी कश्मीर के बारामुला जिले के सोपोर स्थित तारजू क्षेत्र में सुरक्षाबलों ने संयुक्त तलाशी अभियान में सोमवार देर रात बड़ी मात्रा में हथियार और गोला-बारूद बरामद किया है। पुलिस के एक अधिकारी ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि यह कार्रवाई जम्मू कश्मीर पुलिस के स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी), सेना की 52 राष्ट्रीय राइफल्स (आरआर), 177 व 179 बटालियन सीआरपीएफ की ओर से संयुक्त रूप से की गई है। बताया जा रहा है कि संबंधित मकान एक कश्मीरी पंडित परिवार का है, जो वर्ष 1990 में यहां से पलायन कर गया। सुरक्षाबलों ने मौके से एक एके-47 राइफल, तीन मैगजीन, 72 कारतूस, चार हैंड ग्रेनेड और एक आईईडी बरामद की है। सुरक्षाबलों ने सभी हथियारों और विस्फोटकों को कब्जे में ले लिया है। जांच की जा रही है कि हथियार किसके थे और बंद मकान तक कैसे पहुंचे। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

August 24, 2026 · 1 min · National Desk