Delhi Pollution: दिल्लीवासियों को प्रदूषण से राहत नहीं, बेहद खराब श्रेणी में बरकरार हवा, 350 पार पहुंचा AQI

राजधानी में हवा की दिशा बदलने और गति सुस्त पड़ने के चलते फिजा शुक्रवार को एक बार फिर से खराब से बेहद खराब की श्रेणी में पहुंच गई। जो अभी भी उसकी श्रेणी में बरकरार है। वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 350 पार जा पहुंचा है। एयर क्वालिटी अर्ली वार्निंग सिस्टम फॉर दिल्ली द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, शनिवार सुबह दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 358 दर्ज किया गया है, जो ‘बेहद खराब’ श्रेणी में आता है। और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 1 min · National Desk

Pune Civic Polls: निकाय चुनाव के लिए चाचा-भतीजा एकसाथ, अजित पवार के साथ मंच पर दिखीं सुप्रिया; घोषणा पत्र जारी

एनसीपी और एनसीपी (शरद पवार) ने शनिवार को पुणे नगर निगम चुनाव में एक साथ चुनाव लड़ने के फैसले के बाद अपना संयुक्त घोषणापत्र जारी किया। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री अजित पवार और सांसद सुप्रिया सुले ने एक ही मंच साझा किया। शरद पवार और अजीत पवार की पार्टी पुणे और पिंपरी चिंचवाड़ में निकाय चुनाव एकसाथ लड़ रही है। अजित पवार ने कहा हमारा मकसद पुणे के नागरिकों के लिए विकास और स्थिरता सुनिश्चित करना है। इस संयुक्त घोषणापत्र के माध्यम से हम शहर की जनता के सामने अपनी स्पष्ट नीति पेश कर रहे हैं। वहीं सुप्रिया सुले ने भी कहा कि पार्टी सभी वर्गों और समाज के हितों को ध्यान में रखते हुए चुनावी रणनीति बनाएगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि संयुक्त मंच से भाजपा और अन्य विपक्षी पार्टियों के सामने मजबूत संदेश जाएगा।गौरतलब है कि महाराष्ट्र में 15 जनवरी को 29 नगर निगमों, जिनमें पुणे और पिंपरी-चिंचवाड़ शामिल हैं, के लिए चुनाव होने हैं। राज्य चुनाव आयोग ने 15 जनवरी को इन क्षेत्रों में सार्वजनिक अवकाश घोषित किया है ताकि अधिक से अधिक लोग वोट डालें। आयोग ने 70% से ज्यादा मतदान सुनिश्चित करने का भी आग्रह किया है।पुणे और पिंपरी-चिंचवाड़ जैसे बड़े शहरी क्षेत्रों में भाजपा अपनी पकड़ बनाए रखने की कोशिश कर रही है, जबकि एनसीपी पिंपरी-चिंचवाड़ के 32-वार्ड निगम में वापसी की तैयारी कर रही है। इस निगम में लगभग 17.13 लाख मतदाता होंगे, जो 128 पार्षदों का चुनाव करेंगे। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 2 min · National Desk

Iran Protests LIVE Updates: ईरान में विरोध-प्रदर्शन जारी, पुलिस की गोलीबारी में 217 मौतों का दावा

09:30 AM, 10-Jan-2026 ईरान के इतिहास का सबसे बड़ा आंदोलन मानवाधिकार समूहों के अनुसार विरोध प्रदर्शन देश के सभी 31 प्रांतों के 100 से अधिक शहरों और कस्बों में फैल चुके हैं, जिससे यह हाल के इतिहास में देश के सबसे व्यापक विरोध आंदोलनों में से एक बन गया है। प्रदर्शकारियों ने अयातुल्ला अली खामेनेई के सत्ता के खिलाफ मोर्चा खोला हुआ है। विरोध प्रदर्शन शनिवार (10 जनवरी) को 13वें दिन में प्रवेश कर चुका है। मानवाधिकार समूहों के अनुसार विरोध प्रदर्शन देश के सभी 31 प्रांतों के 100 से अधिक शहरों और कस्बों में फैल चुके हैं, जिससे यह हाल के इतिहास में देश के सबसे व्यापक विरोध आंदोलनों में से एक बन गया है। प्रदर्शकारियों ने अयातुल्ला अली खामेनेई के सत्ता के खिलाफ मोर्चा खोला हुआ है। विरोध प्रदर्शन शनिवार (10 जनवरी) को 13वें दिन में प्रवेश कर चुका है। 09:25 AM, 10-Jan-2026 ईरान में विरोध प्रदर्शनों की वजह? ईरान के अंदर खराब अर्थव्यवस्था, आसमान छूती खाद्य कीमत और गिरती मुद्रा के विरोध प्रदर्शन शुरू हुए। जिसने अब सीधा सत्ता परिवर्तन की मांग का रूप ले लिया है। 28 दिसंबर को रियाल के रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचने के बाद तेहरान के मुख्य बाजारों में शुरू हुए ये प्रदर्शन अब सभी 31 प्रांतों में फैल चुके हैं। सुरक्षा बलों की कड़ी कार्रवाई और व्यापक इंटरनेट प्रतिबंध के बावजूद हजारों की संख्या में लोग सड़कों पर उतर चुके हैं। तेहरान, मशहद और अन्य प्रमुख शहरों में ‘तानाशाह का नाश हो’ के नारे और रजा पहलवी के नेतृत्व में राजशाही की वापसी के समर्थन में नारे गूंज रहे हैं। ईरान के अंदर खराब अर्थव्यवस्था, आसमान छूती खाद्य कीमत और गिरती मुद्रा के विरोध प्रदर्शन शुरू हुए। जिसने अब सीधा सत्ता परिवर्तन की मांग का र …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 2 min · National Desk

Greenland: 'चीन वाली कहानी झूठी, सबसे बड़ा खतरा US', ग्रीनलैंड पर ट्रंप की धमकी के बाद बोले डेनमार्क के सांसद

ग्रीनलैंड को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की हालिया टिप्पणियों पर डेनमार्क में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। डेनमार्क की कंजर्वेटिव पार्टी के सांसद रासमस जारलोव ने अमेरिका के रुख को न सिर्फ परेशान करने वाला बल्कि पूरी तरह अस्वीकार्य करार दिया है। रासमस जारलोव ने कहा कि यह बेहद चौंकाने वाली बात है कि संयुक्त राज्य अमेरिका जैसे सहयोगी देश द्वारा सैन्य कार्रवाई की धमकी दी जा रही है। उन्होंने कहा, ‘यह अभूतपूर्व है कि आप अपने ही मित्र देशों को धमकाएं ऐसे देशों को, जिन्होंने कभी आपके खिलाफ कुछ नहीं किया और हमेशा वफादार रहे।डेनिश सांसद ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर डेनमार्क जैसे देश को इस तरह की आक्रामक भाषा का सामना करना पड़ सकता है, तो यह दुनिया के अन्य देशों के लिए भी खतरे की घंटी है। उन्होंने कहा ‘अगर डेनमार्क सुरक्षित नहीं है, तो फिर कोई भी देश सुरक्षित नहीं’। ग्रीनलैंड के संदर्भ में यारलोव ने ट्रंप के तर्कों को पूरी तरह खारिज कर दिया। उन्होंने साफ कहा कि ग्रीनलैंड की ओर से न तो कोई खतरा है और न ही किसी प्रकार की शत्रुता। उन्होंने जोड़ा “ग्रीनलैंड के मामले में किसी भी तरह का बहाना नहीं बनता, न कोई धमकी है, न दुश्मनी।“चीन को लेकर किए जा रहे दावों पर भी रासमस जारलोव ने सवाल उठाए। उनके अनुसार, ग्रीनलैंड में चीन की मौजूदगी लगभग नगण्य है। उन्होंने कहा कि वहां न तो चीन का कोई दूतावास है, न खनन गतिविधियां, न स्वामित्व और न ही कोई सैन्य ठिकाना। उन्होंने स्पष्ट किया कि ग्रीनलैंड को लेकर चीन से खतरे की बात एक मनगढ़ंत कहानी है। यारलोव ने यह भी याद दिलाया कि अमेरिका को पहले से ही ग्रीनलैंड में सैन्य पहुंच प्राप्त है, लेकिन उसने खुद ही अपनी मौजूदगी को बड़े पैमान …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 2 min · National Desk

Iran: 'वहीं मारेंगे जहां सबसे ज्यादा दर्द होगा...', ट्रंप की ईरान को फिर धमकी, कहा- हालात पर हमारी कड़ी नजर

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार (स्थानीय समय) को कहा कि अमेरिका ईरान के हालात पर बहुत करीब से नजर रखी जा रही है। इसी के साथ उन्होंने उम्मीद जताई है कि देश में प्रदर्शनकारी सुरक्षित रहेंगे। वहीं उन्होंने कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि अगर प्रदर्शनकारियों को मारा गया, तो अमेरिका दखल देगा और वहीं हमला करेगा, जहां सबसे ज्यादा दर्द होगा।व्हाइट हाउस में शीर्ष तेल और गैस कंपनियों के अधिकारियों के साथ बैठक के दौरान मीडिया से बातचीत में ट्रंप ने कहा कि ईरान की स्थिति पर अमेरिका बहुत करीबी नजर रखे हुए है। ईरान के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘ईरान बड़ी मुसीबत में है। मुझे लगता है कि लोग कुछ शहरों पर कब्जा कर रहे हैं, जो किसी ने सोचा भी नहीं था कि मुमकिन होगा। हम हालात पर बहुत ध्यान से नजर रख रहे हैं। मैंने बहुत मजबूती से कहा है कि अगर वे पहले की तरह लोगों को मारना शुरू करते हैं, तो हम दखल देंगे। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 1 min · National Desk

UP Weather: विक्षोभ के असर से बदला मौसम का मिजाज, घटा कोहरा और चढ़ने लगा पारा; दो दिन ठंड से आंशिक राहत

उत्तर प्रदेश में विक्षोभ के असर से माैसम का मिजाज बदल गया है। शुक्रवार को सुबह नोएडा, गाजियाबाद और बुलंदशहर में हल्की बूंदाबांदी हुई। वहीं मथुरा में बूंदाबांदी के साथ ओले भी गिरे। तराई व पश्चिमी इलाकों में सुबह के समय धना कोहरा रहा। पूर्वानुमानों के मुताबिक प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों में दिन चढ़ने के साथ गुनगुनी धूप खिली। साथ ही कई जिलों में दिन के तापमान में हल्की बढ़त दर्ज की गई। और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 1 min · National Desk

US: 'सीधे हमसे डील करनी है, वेनेजुएला से नहीं', दुनिया की दिग्गज तेल कंपनियों के सामने दादागिरी पर उतरे ट्रंप

वेनेजुएला में सत्ता परिवर्तन के बाद अमेरिका ने ऊर्जा कूटनीति में बड़ा दांव चला है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने व्हाइट हाउस में दुनिया की दिग्गज तेल-गैस कंपनियों के शीर्ष अधिकारियों से मुलाकात कर साफ कर दिया कि वेनेजुएला में निवेश अब सीधे अमेरिका के साथ होगा, न कि वेनेजुएला सरकार के साथ। ट्रंप ने सुरक्षा की गारंटी देते हुए तेल उद्योग को बड़े निवेश के लिए खुला न्योता दिया। ट्रंप ने ये भी कहा कि अगर अमेरिका ने समय रहते कार्रवाई नहीं की होती, तो चीन या रूस वेनेजुएला में अपनी मजबूत मौजूदगी बना चुके होते।डि व्हाइट हाउस में हुई बैठक में ट्रंप ने कहा कि निवेशक वेनेजुएला में “पूरी सुरक्षा और स्थिरता” के साथ काम करेंगे। उनका कहना था कि अब हालात पूरी तरह बदल चुके हैं और कंपनियां अमेरिका के साथ सीधे सौदे करेंगी। ट्रंप ने यह भी दोहराया कि दशकों पहले अमेरिका ने अपनी तकनीक और पूंजी से वेनेजुएला का तेल उद्योग खड़ा किया था, जिसे बाद में छीन लिया गया। अब अमेरिका उन परिसंपत्तियों को फिर से मजबूत करेगा।ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिकी तेल कंपनियां सरकारी नहीं, बल्कि अपना पैसा लगाकर कम से कम 100 अरब डॉलर का निवेश करेंगी। यह निवेश वेनेजुएला के तेल ढांचे और उत्पादन क्षमता को दोबारा खड़ा करने के लिए होगा। उनके मुताबिक, इससे पश्चिमी गोलार्ध की दो बड़ी ऊर्जा शक्तियों की अर्थव्यवस्थाएं और गहराई से जुड़ेंगी।बैठक में मौजूद अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने कहा कि यह अभियान अमेरिका को अधिक समृद्ध, शक्तिशाली और सुरक्षित बनाएगा। उनका दावा था कि इससे अमेरिका में ड्रग ओवरडोज से होने वाली मौतों में भी कमी आएगी। ट्रंप ने मीडिया से कहा कि वेनेजुएला जाने वाली कंपनियों को सुरक्षा की पूरी …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 2 min · National Desk

Top News: देश के हर दूसरे शहर की हवा जहरीली, PM मोदी आज से गुजरात दौरे पर; मेक्सिको-ग्रीनलैंड को ट्रंप की धमकी

और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं देश और दुनिया में एक साथ कई बड़े घटनाक्रम सामने आए हैं। उत्तर भारत समेत दिल्ली में सर्दी ने रिकॉर्ड तोड़ दिया है। राजधानी में शुक्रवार को सीजन की सबसे ठंडी सुबह दर्ज की गई, जबकि कोहरे और शीतलहर ने जनजीवन प्रभावित किया। इसके साथ ही देश के हर दूसरे शहर में गंभीर वायु प्रदूषण का खुलासा हुआ है, जिसमें दिल्ली-एनसीआर सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्रों में शामिल है। राजनीतिक मोर्चे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तीन दिवसीय गुजरात दौरे पर हैं, जहां वे सोमनाथ स्वाभिमान पर्व और वाइब्रेंट गुजरात सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप लगातार आक्रामक रुख अपनाए हुए हैं। वेनेजुएला में सत्ता परिवर्तन के बाद उन्होंने तेल कंपनियों से सीधे अमेरिका के साथ डील करने की बात कही और चीन-रूस को रोकने का दावा किया। वहीं ग्रीनलैंड को लेकर ट्रंप की धमकियों ने वैश्विक राजनीति में हलचल बढ़ा दी है। देश के भीतर जयपुर में नशे में धुत रईसजादे की तेज रफ्तार ऑडी कार ने 16 लोगों को कुचल दिया, जिसमें एक की मौत हो गई। बिहार में जमीन के बदले नौकरी घोटाले ने लालू परिवार की सियासत पर सवाल खड़े कर दिए हैं। वहीं तकनीक के क्षेत्र में हिंदी और एआई की बढ़ती दोस्ती नई पहचान बना रही है। खेल जगत में महिला प्रीमियर लीग का रोमांचक आगाज हुआ, जहां आरसीबी ने आखिरी ओवरों में मैच पलट दिया। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 2 min · National Desk

CREA Report: देश के हर दूसरे शहर में गंभीर वायु प्रदूषण, शीर्ष 10 में NCR के सात, दिल्ली-गाजियाबाद का बुरा हाल

देश के 44 प्रतिशत यानी तकरीबन हर दूसरा शहर गंभीर वायु प्रदूषण से ग्रस्त है। यह अल्पकालिक नहीं, बल्कि दीर्घकालिक वजहों से है। यह दर्शाता है कि प्रदूषण के लिए तात्कालिक घटनाओं के बजाय ऐसे स्रोत जिम्मेदार हैं, जहां से निरंतर उत्सर्जन होता है। शीर्ष 10 प्रदूषित शहरों में से सात दिल्ली-एनसीआर के हैं। चिंता में डालने वाला यह खुलासा ऊर्जा और स्वच्छ वायु अनुसंधान केंद्र (सीआरईए) के विश्लेषण में हुआ है। देश के 10 सर्वाधिक प्रदूषित शहरों में नोएडा चौथे स्थान पर था। इसके बाद क्रमश: गुरुग्राम, ग्रेटर नोएडा, भिवाड़ी, हाजीपुर, मुजफ्फरनगर और हापुड़ रहे। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि इन प्रदूषित शहरों में से सिर्फ 4% ही राष्ट्रीय स्वच्छ वायु कार्यक्रम (एनसीएपी) के अंतर्गत आते हैं। सीआरईए ने उपग्रह डाटा का उपयोग करते हुए 4,041 शहरों में पीएम2.5 के स्तर का आकलन किया। इसमें कम से कम 1,787 शहरों में पांच वर्षों (2019-2024) में हर साल पीएम 2.5 का स्तर राष्ट्रीय मानक से अधिक रहा।यह संरचनात्मक समस्या की ओर इशारा करती है, जो अल्पकालिक घटनाओं के बजाय निरंतर उत्सर्जन स्रोतों से संचालित होती है। आकलन में 2020 को शामिल नहीं किया गया, क्योंकि तब कोरोना महामारी फैली थी। पीएम 2.5 से मतलब हवा में मौजूद उन सूक्ष्म कणों से है, जिनका व्यास 2.5 माइक्रोमीटर या उससे कम होता है। ये कण इतने छोटे होते हैं कि सांस के साथ फेफड़ों में चले जाते है और सांस व हृदय संबंधी समस्याएं बढ़ रही हैं। ब्यूरोरिपोर्ट में कहा गया है कि समस्या इतनी गंभीर होने के बावजूद, हवा स्वच्छ करने के लिए शुरू किए गए एनसीएपी में सिर्फ 130 शहरों को शामिल किया गया है। इनमें भी सर्वाधिक प्रदूषित 1787 शहरों में से सिर्फ 67 ही …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 2 min · National Desk

Trump Meet: वेनेजुएला का तेल कब्जाने के लिए ट्रंप की तैयारी शुरू, व्हाइट हाउस में कंपनियों के साथ की बड़ी बैठक

ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कहा कि बिग ऑयल की कंपनियां वेनेजुएला में कम से कम 100 अरब डॉलर का निवेश करेंगी। इस बैठक में शेवरॉन, एक्सॉन मोबिल और कोनोकोफिलिप्स जैसी दिग्गज कंपनियों के शामिल होने की संभावना है। अमेरिका की मंशा वेनेजुएला के जर्जर तेल ढांचे को फिर से खड़ा करने और उसके विशाल कच्चे तेल भंडार का लाभ उठाने की है।यह बैठक ऐसे समय हो रही है, जब अमेरिका ने हाल ही में वेनेजुएला में बड़े पैमाने पर कार्रवाई करते हुए वहां के नेता मादुरो और उनकी पत्नी को हिरासत में लिया था। दोनों को मादक पदार्थ तस्करी और नार्को-टेररिज्म के आरोपों में अमेरिका लाया गया है। इसके बाद मादुरो की करीबी सहयोगी डेल्सी रोड्रिगेज ने कार्यवाहक राष्ट्रपति के रूप में शपथ ली। ट्रंप ने साफ कहा है कि अमेरिका अब वेनेजुएला की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखेगा।ट्रंप पहले ही कह चुके हैं कि वेनेजुएला की अंतरिम सरकार तीन से पांच करोड़ बैरल प्रतिबंधित तेल अमेरिका को सौंपेगी। यह तेल बाजार भाव पर बेचा जाएगा, लेकिन उससे मिलने वाला पैसा ट्रंप प्रशासन के नियंत्रण में रहेगा। ट्रंप का दावा है कि इस राशि का इस्तेमाल वेनेजुएला के लोगों और अमेरिका दोनों के हित में किया जाएगा। इस योजना को लेकर तेल बाजार में चर्चाएं तेज हैं।हालांकि तेल उद्योग से जुड़े सूत्रों का कहना है कि 100 अरब डॉलर का आंकड़ा फिलहाल ठोस प्रतिबद्धताओं पर आधारित नहीं है। कई कंपनियां वेनेजुएला में निवेश को लेकर सतर्क हैं। राजनीतिक अस्थिरता, कानूनी जोखिम, वर्षों की उपेक्षा से खराब हो चुका तेल ढांचा और भारी लागत कंपनियों की बड़ी चिंता है। विशेषज्ञों का मानना है कि बिना स्पष्ट कानूनी सुरक्षा और औपचारिक समझौतों के इतनी बड़ी राशि का निवेश म …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 2 min · National Desk