'अजित दादा' पंचतत्व में विलीन: परिवार समेत समर्थकों ने नम आंखों से दी विदाई; अंतिम संस्कार में उमड़ा जनसैलाब

अंतिम संस्कार की रस्में दोपहर में शुरू हुईं। अजित पवार के बेटों, पार्थ और जय ने अपने पिता की चिता को मुखाग्नि दी। इस दौरान उनकी पत्नी और राज्यसभा सदस्य सुनेत्रा पवार अपने आंसू नहीं रोक पा रही थीं। जब उनके पार्थिव शरीर को राष्ट्रीय ध्वज में लिपटा हुआ उनके गांव काटेवाड़ी से विद्या प्रतिष्ठान मैदान लाया गया। मैदान में मौजूद हजारों लोगों ने “अजित दादा अमर रहें” के नारे लगाए, जिससे पूरा माहौल गमगीन हो गया।इस दुखद घड़ी में देश और राज्य के कई बड़े नेता बारामती पहुंचे। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, नितिन गडकरी, मुरलीधर मोहोल और भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन ने दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि दी। अजित पवार के चाचा और एनसीपी (एसपी) प्रमुख शरद पवार भी वहां मौजूद थे। वे पूरे समय चुपचाप बैठे रहे और अपने भतीजे को अंतिम विदाई दी। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे भी पुणे से बारामती पहुंचे और पुष्पचक्र अर्पित किए।अजित पवार की चचेरी बहन और सांसद सुप्रिया सुले पूरे समय सुनेत्रा पवार के साथ खड़ी रहीं और उन्हें सांत्वना देती रहीं। अंतिम संस्कार में प्रफुल्ल पटेल, रामदास अठावले, गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत, पूर्व मुख्यमंत्री सुशीलकुमार शिंदे और अशोक चव्हाण जैसे दिग्गज नेता भी शामिल हुए। शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे और मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने भी काटेवाड़ी जाकर अजित पवार को श्रद्धांजलि दी। अभिनेता रितेश देशमुख भी इस मौके पर मौजूद थे।अजित पवार अपने अनुशासन के लिए जाने जाते थे। अंतिम संस्कार के दौरान लाउडस्पीकर से बार-बार लोगों से शांति और अनुशासन बनाए रखने की अपील की गई। प्रशासन ने कहा कि शांति बनाए रखना ही ‘दादा’ के लिए सबसे बड़ी श्रद्धांजलि ह …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

हापुड़ में UGC पर हल्लाबोल: BJP दफ्तर में घुसे लोग, हिंदू संगठन और पार्टी के कार्यकर्ता भी विरोध में शामिल

यूजीसी कानून के विरोध में बुधवार को सवर्ण समाज के लोगों ने शहर से लेकर बहादुरगढ़ थाना क्षेत्र और गढ़ तहसील तक जोरदार प्रदर्शन किया। डहराकुटी से गढ़ तक पैदल मार्च निकालते हुए लोगों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस विरोध मार्च में भाजपा के सक्रिय कार्यकर्ता, बजरंग दल और करणी सेना के कार्यकर्ता सहित विभिन्न संगठनों से जुड़े सवर्ण समाज के लोग बड़ी संख्या में शामिल रहे। और पढ़ें …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 1 min · National Desk

Shashi Tharoor: कांग्रेस में 'सब कुछ ठीक है'? खरगे-राहुल गांधी से मिल कर शशि थरूर बोले- बातचीत अच्छी रही

पिछले कुछ महीनों से शशि थरूर और कांग्रेस नेतृत्व के बीच तनाव की खबरें आ रही थीं। थरूर ने सार्वजनिक रूप से स्वीकार किया था कि उनके कुछ मुद्दे हैं, जिन्हें वे पार्टी के मंच पर उठाना चाहते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा था कि वे 17 साल से कांग्रेस में हैं और उन्होंने कभी भी संसद में पार्टी के तय रुख का उल्लंघन नहीं किया है।विवाद की शुरुआत तब हुई जब थरूर पार्टी की एक अहम बैठक में शामिल नहीं हुए थे। हालांकि, उन्होंने बाद में स्पष्ट किया कि वे एक साहित्य उत्सव में गए थे और इसकी जानकारी नेतृत्व को पहले ही दे दी गई थी। इसके अलावा, कोच्चि में पार्टी के एक कार्यक्रम में उनके साथ हुए खराब व्यवहार की खबरों पर भी उन्होंने चुप्पी साधे रखी।पार्टी के भीतर असली बेचैनी तब बढ़ी जब पिछले साल अप्रैल में पहलगाम आतंकी हमले के बाद थरूर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संकट प्रबंधन की तारीफ की थी। कांग्रेस के कई नेताओं ने इस पर तीखी प्रतिक्रिया दी थी। इसके बाद भाजपा ने थरूर को एक अंतरदलीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व करने का न्योता दिया, जिसे उन्होंने स्वीकार कर लिया। इस दल में कांग्रेस का कोई और नेता शामिल नहीं था, जिससे उनके भाजपा में जाने की अफवाहें उड़ने लगीं।तनाव तब और बढ़ गया जब थरूर ने प्रधानमंत्री के एक भाषण की सोशल मीडिया पर सराहना की और “भारतीय राजनीति एक पारिवारिक व्यवसाय है” शीर्षक से एक लेख लिखा। इस लेख में उन्होंने वंशवादी राजनीति की आलोचना की थी, जिससे कांग्रेस नेतृत्व काफी नाराज हुआ था। हालांकि, थरूर ने हमेशा यही कहा कि उनकी टिप्पणियां किसी राजनीतिक रणनीति का हिस्सा नहीं, बल्कि राष्ट्रहित से प्रेरित थीं। उन्होंने साफ किया कि प्रधानमंत्री की तारीफ करने का मतलब यह नहीं है कि वे …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

यूपी कैबिनेट का बड़ा फैसला: 11.92 लाख शिक्षकों को सौगात, राज्य कर्मचारियों की तरह मिलेगी कैशलेस इलाज की सुविधा

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में गुरुवार को हुई कैबिनेट बैठक में प्रदेश के शिक्षकों को योगी सरकार ने बड़ी सौगात दी है। अब शिक्षकों को भी राज्य कर्मचारियों की तरह ही कैशलेस इलाज की सुविधा मिलेगी। बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दो दी गई है। इस फैसले से 11.92 लाख से ज्यादा शिक्षकों को सीधा लाभ मिलेगा। इस फैसले को आयुष्मान व्यवस्था के माध्यम से लागू किया जाएगा। इस फैसले से शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक व रसोइया सभी लाभांवित होंगे। इस फैसले के क्रियान्वयन में 358.61 करोड़ रुपये की लागत आएगी। और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं बैठक में माध्यमिक शिक्षा विभाग को भी कैशलेस सुविधा की मंजूरी दे दी गई है। इससे दो लाख 97 हजार 579 कर्मचारी लाभांवित होंगे। वहीं, सरकार 89.25 करोड़ रुपये का व्यय भार पड़ेगा। हालांकि, जो कर्मचारी पहले से ही किसी सरकारी योजना जैसे आयुष्मान से आच्छादित हैं उन्हें इसका लाभ नहीं दिया जाएगा। बता दें कि कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बीते साल के पांच सितंबर को शिक्षक दिवस पर शिक्षकों के लिए कैशलेश चिकित्सा सुविधा देने की घोषणा की थी। विभाग की ओर से इस योजना को आयुष्मान योजना की तरह लागू करने की तैयारी है। यह सुविधा पूरी तरह कैशलेश है। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक में कुल 32 में से 30 प्रस्ताव पास हो गए। सिर्फ 14वां और 17वां प्रस्ताव ही रोका गया। बैठक में लिए गए अन्य फैसले: - बैठक में शहरी पुनर्विकास नीति 2026 को मंजूरी दे दी गई। - नक्शा पास करने की प्रक्रिया सरल की जाएगी जिससे कि लोग नक्शा जरूर पास करें। विकास शुल्क के संशोधित प्राइस लागू किए जाएंगे। - बरेली में विज्ञान पार्क और नक्षत्रशाला की स्था …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

Weather:ठंड का कमबैक! दिल्ली-NCR में फिर बदलेगा मौसम, कड़ाके की ठंड के साथ आंधी-बारिश; जानिए वीकेंड का हाल

दरअसल, दिल्ली-एनसीआर में तापमान में काफ़ी बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। 27 जनवरी का अधिकतम तापमान गिरकर 16.9 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि 26 जनवरी को यह 23.2 डिग्री सेल्सियस था। वहीं, 27 जनवरी को न्यूनतम तापमान बढ़कर 12.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो 26 जनवरी को 8 डिग्री सेल्सियस था। भारतीय मौसम विभाग के अनुसार 28 जनवरी को दिल्ली का अधिकतम तापमान करीब 18 डिग्री और न्यूनतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा। पिछले कुछ हफ्तों से तापमान और अन्य मौसमीय मानकों में लगातार उतार-चढ़ाव बना हुआ है। आने वाले दिनों में यह सिलसिला जारी रहेगा और 29 जनवरी को न्यूनतम तापमान में फिर से तेज़ गिरावट आने की संभावना है।मौसम विभाग के मुताबिक, 31 जनवरी से 2 फरवरी के बीच एक नया पश्चिमी विक्षोभ पश्चिमी हिमालय क्षेत्र को प्रभावित करेगा। इसके असर से 1 फरवरी को पहाड़ी इलाकों में भारी बारिश और बर्फबारी की संभावना जताई गई है।निजी मौसम एजेंसी स्काइमेट वेदर के मुताबिक, 28 जनवरी को दिन के दूसरे हिस्से में दिल्ली में आंशिक रूप से बादल छाए रहे। 29 और 30 जनवरी को भी आसमान में बादलों की आवाजाही बनी रहने की संभावना है। हालांकि, बीटिंग द रिट्रीट समारोह के दौरान बारिश के आसार नहीं हैं, लेकिन ऊंचे बादलों की मौजूदगी के चलते दिन का तापमान नियंत्रित रह सकता है। स्काइमेट के अनुसार, 30 जनवरी 2026 की रात के बाद एक नया पश्चिमी विक्षोभ पश्चिमी हिमालय की ओर बढ़ सकता है। इसके प्रभाव से मैदानी इलाकों में चक्रवाती परिसंचरण बनने की संभावना है। इन दोनों मौसम प्रणालियों के संयुक्त असर से दिल्ली-एनसीआर में एक बार फिर बारिश का दौर देखने को मिल सकता है। हालांकि बारिश ज्यादा तेज नहीं होगी, लेकिन सप्ताहांत क …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

Budget 2026: 'देश को पाखंड से भरा संदेश दे रहे पीएम मोदी', आर्थिक सर्वे पर PM के बयान को लेकर बोली कांग्रेस

कांग्रेस ने गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर बजट सत्र पर उनकी टिप्पणियों को लेकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि वे प्रत्येक सत्र की शुरुआत से पहले “देश को अपना वही पाखंडी संदेश” देते हैं। आज का प्रदर्शन इसी कड़ी का हिस्सा है। कांग्रेस के प्रभारी महासचिव जयराम रमेश ने कहा, “वह (प्रधानमंत्री) राष्ट्रीय मुद्दों पर विपक्ष को विश्वास में लेने के लिए सर्वदलीय बैठकें नहीं बुलाएंगे और न ही उनकी अध्यक्षता करेंगे।” रमेश ने दावा किया कि वह अचानक अंतिम समय में विधेयक पेश करवाएंगे और आवश्यक विधायी जांच के बिना उन्हें संसद से पारित करवा देंगे। उन्होंने आगे कहा कि मोदी संसद में बैठकर विपक्षी नेताओं की चिंताओं का जवाब नहीं देंगे, बल्कि दोनों सदनों में चुनावी रैलियों में भाषण देंगे। आगे उन्होंने कहा “प्रत्येक सत्र की शुरुआत से पहले, वह संसद को पृष्ठभूमि बनाकर अपना वही पाखंड से भरा ‘देश के नाम संदेश’ देंगे। आज का प्रदर्शन इसी श्रृंखला का हिस्सा है,” यह भी पढ़ें- Security Alert: मेघालय में ISIS के नाम से मिली धमकी, गारो समुदाय को जमीन छोड़ने को कहा; जांच में जुटी पुलिस प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को कहा कि यूरोपीय संघ के साथ मुक्त व्यापार समझौता महत्वाकांक्षी भारत के लिए है। उन्होंने निर्माताओं से आग्रह किया कि वे उनके लिए खुल रहे नए बाजारों से लाभ उठाएं। मोदी ने यह भी कहा कि देश लंबे समय से लंबित समस्याओं से उबर रहा है और दीर्घकालिक समाधानों की दिशा में काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि अब समाधान खोजने का समय आ गया है, न कि बाधाएं पैदा करने का। उन्होंने आगे कहा कि उनकी सरकार केवल फाइलों तक सीमित नहीं है, बल्कि लोगों तक कल्याणकारी योजनाओं की अंतिम-मील डिलीवरी स …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

Security Alert: मेघालय में ISIS के नाम से मिली धमकी, गारो समुदाय को जमीन छोड़ने को कहा; जांच में जुटी पुलिस

मेघालय के वेस्ट गारो हिल्स जिले में एक विवादित पोस्टर मिलने के बाद तनाव का माहौल है। इस पोस्टर पर आतंकी संगठन आईएसआईएस का नाम लिखा है। इसमें स्थानीय गारो समुदाय को अपनी जमीन खाली करने की धमकी दी गई है। पुलिस ने इस मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों ने गुरुवार को बताया कि यह पोस्टर जिले के तुरा इलाके में मिला है। इसमें अंग्रेजी भाषा में फुबारी, राजाबाला, टिकरीकिला, सेसला और गारोबाधा जैसे क्षेत्रों का जिक्र है। पोस्टर में चेतावनी दी गई है कि इन इलाकों में रहने वाले गारो समुदाय के लोग 2027 से पहले अपनी जमीन छोड़ दें। ऐसा न करने पर उन्हें गंभीर नतीजे भुगतने की बात कही गई है।पोस्टर पर अमीनुर इस्लाम नाम के किसी व्यक्ति का नाम लिखा है। पुलिस इस बात की पुष्टि करने में जुटी है कि क्या वाकई यह किसी अंतरराष्ट्रीय आतंकी संगठन की करतूत है या किसी ने सिर्फ डर फैलाने के लिए इसका नाम इस्तेमाल किया है। राज्य मंत्री मार्क्यूस मारक ने इस घटना की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि समाज के सांप्रदायिक सद्भाव बिगाड़ने वाली ऐसी धमकियां बर्दाश्त नहीं होंगी। पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर लिया है।यह धमकी भरी घटना ऐसे समय में हुई है जब हाल ही में जिले में एक युवा पर्यावरण कार्यकर्ता की भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। डिल्लसेंग एम. संगमा नाम का यह कार्यकर्ता राजाबाला इलाके में एक अवैध पत्थर खदान की जांच करने गया था, तभी उन पर हमला हुआ था। इस घटना के बाद से इलाके में पहले ही तनाव था।राज्य सरकार ने अब अवैध खदानों के खिलाफ सख्त अभियान चलाने का आदेश दिया है। संवेदनशील जगहों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। फिलहाल प्रशासन ने आम जनता से किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दे …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

Chandigarh Mayor Election Live: चंडीगढ़ के नए मेयर बने साैरभ जोशी, पिता को याद कर हुए भावुक

12:15 PM, 29-Jan-2026 आप के प्रभारी जरनैल सिंह ने कांग्रेस पर साधा निशाना आम आदमी पार्टी चंडीगढ़ के प्रभारी जरनैल सिंह ने एक बार फिर से कांग्रेस पर निशाना साधा है। कांग्रेस की वोटिंग के बाद उन्होंने ट्वीट किया कि कांग्रेस ने एक बार फिर से भाजपा का साथ दिया और इसका बदला चंडीगढ़ के लोग लेंगे। आम आदमी पार्टी चंडीगढ़ के प्रभारी जरनैल सिंह ने एक बार फिर से कांग्रेस पर निशाना साधा है। कांग्रेस की वोटिंग के बाद उन्होंने ट्वीट किया कि कांग्रेस ने एक बार फिर से भाजपा का साथ दिया और इसका बदला चंडीगढ़ के लोग लेंगे। 12:13 PM, 29-Jan-2026 डिप्टी मेयर पद भी भाजपा को डिप्टी मेयर चुनाव भी भाजपा की सुमन देवी जीत गई है। रामचंद्र यादव ने चुनाव से पहले अपना नाम वापस ले लिया। डिप्टी मेयर चुनाव भी भाजपा की सुमन देवी जीत गई है। रामचंद्र यादव ने चुनाव से पहले अपना नाम वापस ले लिया। 11:52 AM, 29-Jan-2026 सीनियर डिप्टी मेयर का चुनाव भी भाजपा जीती सीनियर डिप्टी मेयर के चुनाव में भाजपा के जसमनप्रीत सिंह जीत गए हैं। उन्होंने आप के उम्मीदवार मुन्नवर खान को हराया। सीनियर डिप्टी मेयर के चुनाव में भाजपा के जसमनप्रीत सिंह जीत गए हैं। उन्होंने आप के उम्मीदवार मुन्नवर खान को हराया। 11:46 AM, 29-Jan-2026 सीनियर डिप्टी मेयर के लिए सिर्फ भाजपा और आप में टक्कर अब मेयर सौरभ जोशी सीनियर डिप्टी और डिप्टी मेयर का चुनाव कराएंगे। कांग्रेस के वॉक आउट करने के कारण सीनियर डिप्टी मेयर के लिए सिर्फ भाजपा और आप में टक्कर होगी। अब मेयर सौरभ जोशी सीनियर डिप्टी और डिप्टी मेयर का चुनाव कराएंगे। कांग्रेस के वॉक आउट करने के कारण सीनियर डिप्टी मेयर के लिए सिर्फ भाजपा और आप में टक्कर होगी। 11:42 AM, 29-Jan-2026 पिता को याद कर भ …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

Bomb Threat: दिल्ली में पांच स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी, खाली कराए गए कैंपस; मौके पर बम निरोधक दस्ता

Bomb Threat: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के पांच स्कूलों को बृहस्पतिवार सुबह बम से उड़ाने की धमकी मिली, जिसके बाद स्कूल परिसरों को खाली कराया गया और सुरक्षा एजेंसियों ने तलाशी अभियान शुरू किया। दिल्ली फायर सर्विसेज ने पुष्टि की कि दिल्ली कैंट स्थित लोरेटो कॉन्वेंट, चितरंजन पार्क का डॉन बॉस्को और आनंद निकेतन व द्वारका स्थित कार्मेल कॉन्वेंट के परिसरों को धमकी मिली है। वहीं, लोधी एस्टेट स्थित सरदार पटेल विद्यालय ने छात्रों के अभिभावकों को संदेश भेजकर सुरक्षा खतरे की जानकारी दी। पुलिस और दमकल विभाग को तुरंत सूचना दी गई, जिसके बाद स्कूलों को खाली कराने की प्रक्रिया शुरू की गई और एंटी सबोटाज जांच की गई। डीएफएस के एक अधिकारी ने बताया कि हमारी टीमें मौके पर मौजूद हैं और तय मानक प्रक्रियाओं का पालन किया जा रहा है। अब तक कुछ भी संदिग्ध नहीं मिला है, हालांकि तलाशी अभियान जारी है।सरदार पटेल विद्यालय प्रशासन ने अभिभावकों को बताया कि सुबह सुरक्षा संबंधी धमकी मिली थी, जिसके बाद तुरंत अधिकारियों को सूचित किया गया। स्कूल ने बताया कि बम निरोधक दस्ते ने पूरे परिसर की गहन जांच की। अभिभावकों को भेजे गए संदेश में कहा गया कि यह बताते हुए राहत है कि परिसर को पूरी तरह सुरक्षित घोषित कर दिया गया है। छात्रों की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है और सभी आवश्यक प्रोटोकॉल तुरंत और जिम्मेदारी के साथ अपनाए गए। आज कक्षाएं सामान्य रूप से जारी रहेंगी।पुलिस सूत्रों ने बताया कि स्थानीय पुलिस, बम निरोधक दस्ते और डॉग स्क्वॉड को स्कूल परिसरों की जांच के लिए तैनात किया गया। कुछ स्कूलों में छात्रों और कर्मचारियों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया। पुलिस के अनुसार धमकियों के स्रोत का पता लगाने के …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk

India-EU FTA: भारत और यूरोपीय संघ के समझौते से अमेरिका को लगी मिर्ची; ट्रंप के मंत्री ने बताया बेहद निराशाजनक

अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने भारत और यूरोपीय संघ के बीच हुए नए व्यापार समझौते की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने कहा कि यूरोप ने यूक्रेन के लोगों की सुरक्षा और चिंता को छोड़कर व्यापारिक मुनाफे को ज्यादा महत्व दिया है। एक न्यूज चैनल से बातचीत में बेसेंट ने यूरोपीय संघ के इस रुख पर गहरी निराशा जताई। उन्होंने दावा किया कि यूक्रेन में जारी भीषण युद्ध के बावजूद यूरोप ने अपने आर्थिक हितों को प्राथमिकता दी है। अमेरिका का यह बयान यूरोपीय संघ और भारत के बीच लंबे समय से अटके व्यापार समझौते के पूरा होने के ठीक एक दिन बाद आया है। इस समझौते का मुख्य उद्देश्य आपसी व्यापार को बढ़ाना और अमेरिका पर यूरोप की निर्भरता को कम करना है। इस डील के तहत 96.6 प्रतिशत व्यापारिक सामानों पर आयात शुल्क या तो खत्म कर दिया जाएगा या काफी कम होगा। जानकारों का मानना है कि इस कदम से 2032 तक भारत को होने वाला यूरोपीय निर्यात दोगुना हो जाएगा। इससे यूरोपीय कंपनियों को करीब चार अरब यूरो की बड़ी बचत होने की उम्मीद है।बेसेंट ने कहा कि इस समझौते से अब यह साफ हो गया है कि यूरोपीय संघ ने पिछले साल भारत पर ऊंचे टैक्स लगाने के अमेरिकी फैसले का समर्थन क्यों नहीं किया था। उन्होंने आरोप लगाया कि यूरोपीय देश असल में रूस के युद्ध को पैसा पहुंचा रहे हैं। उनके मुताबिक, रूस का कच्चा तेल भारत जाता है और वहां से रिफाइंड तेल उत्पाद यूरोप में जाते हैं। इस तरह यूरोप अनजाने में अपने ही खिलाफ युद्ध के लिए रूस की मदद कर रहा है।अमेरिकी वित्त मंत्री ने बताया कि अमेरिका ने रूस से तेल खरीदने की वजह से भारत पर 25 प्रतिशत टैरिफ लगाया है। लेकिन यूरोपीय देशों ने इसके उलट भारत के साथ व्यापारिक डील कर ली। उन्होंने यह भी कहा कि …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 29, 2026 · 2 min · National Desk