दो मिनट में पूरा बजट 2026: 1 अप्रैल से बदलेगा आयकर कानून, आपकी कमाई व बचत पर क्या होगा असर दो मिनट में समझिए?

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में वित्त वर्ष 2026-27 का केंद्रीय बजट पेश करते हुए ‘विकसित भारत’ की नींव को और मजबूत करने का रोडमैप साझा किया है। ‘युवा शक्ति’ और आर्थिक स्थिरता पर केंद्रित इस बजट का कुल आकार लगभग 53.5 लाख करोड़ रुपये रखा गया है। सरकार ने विकास की रफ्तार बनाए रखने के लिए बुनियादी ढांचे और मैन्युफैक्चरिंग पर सरकारी खजाना खोल दिया है, वहीं राजकोषीय अनुशासन को भी प्राथमिकता दी है। सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए राजकोषीय घाटे को सकल घरेलू उत्पाद (GDP) के 4.3 प्रतिशत तक सीमित रखने का लक्ष्य रखा है, जो चालू वित्त वर्ष के 4.4 प्रतिशत के संशोधित अनुमान से कम है। आम करदाताओं और मध्यम वर्ग को राहत देते हुए वित्त मंत्री ने विदेश यात्रा और शिक्षा को किफायती बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। सरकार ने विदेश यात्रा पैकेज की बिक्री पर टीसीएस की दर को 5 से 20 प्रतिशत के स्लैब से घटाकर सीधे 2 प्रतिशत करने का प्रस्ताव दिया है। यही राहत लिबरलाइज्ड रेमिटेंस स्कीम (एलआरएस) के तहत शिक्षा और चिकित्सा के लिए विदेश भेजे जाने वाले पैसे पर भी दी गई है, जहाँ अब टीसीएस की दर 2 प्रतिशत होगी। इसके अलावा, टैक्स फाइलिंग प्रक्रिया को लचीला बनाते हुए ‘रिवाइज्ड रिटर्न’ दाखिल करने की समयसीमा 31 दिसंबर से बढ़ाकर 31 मार्च कर दी गई है। वित्त मंत्री ने यह भी घोषणा की है कि व्यापक समीक्षा के बाद तैयार किया गया ‘आयकर अधिनियम 2025’ आगामी 1 अप्रैल 2026 से प्रभाव में आएगा।शेयर बाजार के निवेशकों और विशेषकर ट्रेडर्स के लिए बजट के प्रावधान थोड़े सख्त रहे हैं। सरकार ने डेरिवेटिव्स ट्रेडिंग पर सिक्योरिटीज ट्रांजेक्शन टैक्स में बढ़ोतरी की घोषणा की है। फ्यूचर्स पर एसटीटी …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

February 1, 2026 · 2 min · National Desk

जालंधर पहुंचे PM मोदी: डेरा सच्चखंड बल्लां में हुए नतमस्तक, आदमपुर एयरपोर्ट का नाम गुरु रविदास के नाम पर रखा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को आदमपुर एयरपोर्ट का नाम महान संत श्री गुरु रविदास जी के नाम पर रखने का उद्घाटन किया। इस मौके पर डेरा सचखंड बल्लां सहित विभिन्न स्थानों से पहुंची संगत और श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला। जैसे ही प्रधानमंत्री ने एयरपोर्ट के नए नाम का औपचारिक ऐलान किया, पूरा परिसर रविदास शक्ति के नारों से गूंज उठा। इसके साथ ही प्रधानमंत्री ने हलवारा एयरपोर्ट का वर्चुअल उद्घाटन भी किया। PM Shri @narendramodi participates in 649th Jayanti celebration of Sant Ravidass Ji in Jalandhar, Punjab. https://t.co/exWdogMGdt — BJP (@BJP4India) February 1, 2026 प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि श्री गुरु रविदास जी का जीवन समरसता, समानता और सामाजिक न्याय का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि गुरु रविदास जी ने अपने विचारों से समाज को नई दिशा दी और भेदभाव के खिलाफ आवाज बुलंद की। आदमपुर एयरपोर्ट का नाम उनके नाम पर रखना, उनकी शिक्षाओं के प्रति सम्मान और आने वाली पीढ़ियों को उनके विचारों से जोड़ने का प्रयास है।इस अवसर पर पंजाब के सामाजिक और धार्मिक संगठनों के प्रतिनिधि, संत समाज, संगत और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे। संगत ने गुरु रविदास जी की तस्वीरों और झंडों के साथ प्रधानमंत्री का स्वागत किया। पूरे कार्यक्रम में धार्मिक आस्था और सामाजिक सम्मान का संगम साफ नजर आया।राजनीतिक जानकारों के अनुसार, आदमपुर एयरपोर्ट का नाम श्री गुरु रविदास जी के नाम पर किया जाना पंजाब की दलित राजनीति और सामाजिक चेतना के लिहाज से भी अहम माना जा रहा है। इसे राज्य में सामाजिक संतुलन और सम्मान की राजनीति के तौर पर देखा जा रहा है।सुबह से ही डेरा परिसर में रौनक बढ़ने लगी और द …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

February 1, 2026 · 2 min · National Desk

MEA: 'दमन, क्रूरता और मानवाधिकार हनन का इतिहास जगजाहिर', बलूचिस्तान पर भारत ने पाकिस्तान को दिखाया आईना

भारत ने रविवार को बलूचिस्तान में शांति भंग करने में कथित भारतीय भूमिका को लेकर पाकिस्तान के आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। विदेश मंत्रालय ने इन आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए कहा कि यह पाकिस्तान की अपनी आंतरिक विफलताओं से ध्यान हटाने की पुरानी रणनीति है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने पाकिस्तान के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, ‘हम पाकिस्तान की ओर से लगाए गए बेबुनियाद आरोपों को पूरी तरह खारिज करते हैं। ये उसकी अपनी आंतरिक समस्याओं से ध्यान भटकाने की सदाबहार रणनीति के अलावा कुछ नहीं हैं।‘रणधीर जायसवाल ने कहा कि हर बार किसी हिंसक घटना के बाद इस तरह के निराधार आरोप दोहराने के बजाय पाकिस्तान को क्षेत्र के लोगों की लंबे समय से चली आ रही मांगों पर ध्यान देना चाहिए। जायसवाल ने पाकिस्तान के रिकॉर्ड का हवाला देते हुए कहा कि वहां दमन, क्रूरता और मानवाधिकार उल्लंघनों का इतिहास जगजाहिर है।भारतीय विदेश मंत्रालय की यह प्रतिक्रिया पाकिस्तान सेना के उस दावे के बाद आई है, जिसमें कहा गया था कि भारत बलूचिस्तान में शांति भंग करने के प्रयासों में शामिल आतंकवादी तत्वों का समर्थन कर रहा है।पाकिस्तान सेना के अनुसार, बलूचिस्तान प्रांत में चलाए गए कई आतंकवाद-रोधी अभियानों में कम से कम 15 पाकिस्तानी सैनिक और 92 उग्रवादी मारे गए हैं। सेना ने बताया कि ये अभियान तब शुरू किए गए, जब जातीय बलूच समूहों से जुड़े उग्रवादियों ने क्वेटा, मस्तूंग, नुश्की, दल्बंदीन, खारन और पंजगुर सहित कई इलाकों में हमले किए।बलूचिस्तान सरकार के प्रवक्ता शाहिद रिंद ने कहा कि ये हमले प्रांत में क्वेटा, ग्वादर, मकरम, हुब, चमन, नसीराबाद सहित विभिन्न स्थानों पर किए गए। वहीं, संघीय सूचना मंत्री अता …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

February 1, 2026 · 2 min · National Desk

भारत ने बजट में किस देश को क्या दिया?: बांग्लादेश के लिए सहायता कम हुई, चाबहार बंदरगाह पर आवंटन गायब

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 2026-27 के लिए बजट का एलान कर दिया है। इसमें भारत के पड़ोसी और अन्य सहयोगी देशों के लिए वित्तीय सहायता की भी घोषणा की गई है। भूटान से लेकर श्रीलंका और बांग्लादेश से लेकर अफ्रीकी देशों तक की मदद के लिए राशि का एलान किया गया है। हालांकि, इस बजट में एक चौंकाने वाली बात यह रही कि चाबहार बंदरगाह के लिए सहयोग राशि वाली पंक्ति को 2026-27 के लिए खाली छोड़ा दिया गया। ऐसे में चाबहार बंदरगाह परियोजना में भारत की भूमिका को लेकर सवाल उठने लगे हैं। प्रतिशत के मामले में सबसे बड़ी कटौती बांग्लादेश की सहायता राशि में की गई है, जिसे आधा (50%) कर दिया गया है।इन दोनों देशों के बजट में ₹50-50 करोड़ की कमी की गई है।बीते दिनों में कई हलकों में यह भी चर्चा हुई कि भारत आने वाले समय में अमेरिका के दबाव में चाबहार बंदरगाह योजना से बाहर भी हो सकता है। दरअसल, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कुछ समय पहले ही धमकी दी थी कि ईरान में जारी प्रदर्शनों के बीच धमकी दी थी कि उससे व्यापार करने वाले देशों पर 25 फीसदी के अतिरिक्त टैरिफ लगा दिया जाएगा। भारत पर पहले ही अमेरिका की तरफ से कुल 50 फीसद टैरिफ लगाया जा चुका है। इसमें 25 फीसदी आयात शुल्क व्यापार के मसले पर, जबकि अतिरिक्त 25 फीसदी रूस से तेल खरीद को लेकर लागू है। ऐसे में जब ट्रंप प्रशासन की तरफ से ईरान से व्यापार करने वाले देशों पर टैरिफ का एलान किया गया तो मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस तक ने कहा कि भारत ने ट्रंप के दबाव में ईरान के चाबहार बंदरगाह पर नियंत्रण छोड़ दिया है। पार्टी ने आरोप लगाया कि मोदी सरकार ने चाबहार पर जनता के करीब 1100 करोड़ रुपये लगाए थे, जो कि अब बर्बाद हो चुके हैं। तब भारत के विदेश मंत्रालय ने …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

February 1, 2026 · 2 min · National Desk

Budget 2026: बजट के एलानों के बाद भारी गिरावट के साथ क्लोजिंग; सेंसेक्स 1547 अंक टूटा, जानें निफ्टी का हाल

और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं एसटीटी को बढ़ाकर 0.05 प्रतिशत वित्त मंत्री ने शेयर बाजार को लेकर कई बड़ी घोषणाएं की। उन्होंने कहा कि छोटे शेयरधारकों की सुरक्षा के लिए बायबैक के टैक्स में परिवर्तन किया जाएगा। इसके तहत दुरुपयोग रोकने के लिए देना पड़ेगा अतिरिक्त बायबैक कर। दुरुपयोग रोकने के लिए देना पड़ेगा अतिरिक्त बायबैक कर। सभी शेयरधारकों के बायबैक पर पूंजीगत लाभ के रूप में कर का प्रस्ताव है। कॉरपोरेट प्रवर्तकों के लिए 22 प्रतिशत टैक्सेशन। गैर कॉरपोरेट प्रवर्तकों के लिए 30 प्रतिशत टैक्स लगाया गया। वायदा सौदों पर एसटीटी को बढ़ाकर 0.05 प्रतिशत किया गया। गैर कॉरपोरेट प्रवर्तकों के लिए 30 प्रतिशत टैक्स लगाया गया। वायदा सौदों पर एसटीटी को बढ़ाकर 0.05 प्रतिशत किया गया। वित्त मंत्री ने शेयर बाजार को लेकर कई बड़ी घोषणाएं की। उन्होंने कहा कि छोटे शेयरधारकों की सुरक्षा के लिए बायबैक के टैक्स में परिवर्तन किया जाएगा।इसके तहत दुरुपयोग रोकने के लिए देना पड़ेगा अतिरिक्त बायबैक कर। दुरुपयोग रोकने के लिए देना पड़ेगा अतिरिक्त बायबैक कर। सभी शेयरधारकों के बायबैक पर पूंजीगत लाभ के रूप में कर का प्रस्ताव है। कॉरपोरेट प्रवर्तकों के लिए 22 प्रतिशत टैक्सेशन। गैर कॉरपोरेट प्रवर्तकों के लिए 30 प्रतिशत टैक्स लगाया गया। वायदा सौदों पर एसटीटी को बढ़ाकर 0.05 प्रतिशत किया गया। गैर कॉरपोरेट प्रवर्तकों के लिए 30 प्रतिशत टैक्स लगाया गया। वायदा सौदों पर एसटीटी को बढ़ाकर 0.05 प्रतिशत किया गया। वित्त मंत्री ने बजट भाषण के दौरान फ्यूचर्स और ऑप्शंस (F&O) ट्रेडिंग पर सिक्योरिटीज ट्रांजैक्शन टैक्स (STT) बढ़ाने का एलान किया। इससे शेयर बाजार में जोरदार बिकवाली देखने को मिली औ …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

February 1, 2026 · 2 min · National Desk

PM Modi on Budget 2026: वित्त मंत्री ने बजट में की अहम घोषणाएं, पीएम ने बजट को देशहित में बताया

आज वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में वित्त वर्ष 2026-27 का बजट पेश किया। वित्त मंत्री ने कई क्षेत्रों के लिए बड़े एलान किए। इसके बाद अपनी पहली प्रतिक्रिया में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, आज का बजट ऐतिहासिक है। इसमें देश की नारी शक्ति का सशक्त प्रतिबिंब झलकता है। महिला वित्त मंत्री के रूप में निर्मला जी ने लगातार नौवीं बार देश का बजट प्रस्तुत कर नया रिकॉर्ड बनाया है। ये बजट अपार अवसरों का राजमार्ग है। ये बजट वर्तमान के सपनों को साकार करता है। ये भारत के उज्जवल भविष्य की नींव को भी सशक्त करता है। ये बजट 2047 के विकसित भारत की हमारी ऊंची उड़ान का मजबूत आधार है। आज भारत जिस रिफॉर्म एक्सप्रेस पर सवार है, इस बजट से उसे नई ऊर्जा और गति मिलेगी।जो क्रांतिकारी सुधार किए गए हैं, उससे साहसी और प्रतिभाशाली युवाओं को उड़ने के लिए खुला आसमान देते हैं। ये बजट ट्रस्ट बेस्ड गवर्नेंस और ह्यूमन सेंट्रिक अर्थव्यवस्था के विजन को साकार करता है। आज का बजट ऐसा अनोखा है, जिसमें आर्थिक घाटे को कम करने पर फोकस किया गया है। महंगाई पर अंकुश लगाने पर भी जोर दिया गया है। बजट में हाई कैपेक्स और हाई ग्रोथ का भी समन्वय है।ये बजट भारत की वैश्विक भूमिका को नए सिरे से सशक्त करता है। भारत के 140 करोड़ नागरिक सबसे तेजी से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था बनकर संतुष्ट नहीं हैं। हम जल्द से जल्द दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनना चाहते हैं। ये करोड़ों देशवासियों का संकल्प है। दुनिया के एक भरोसेमंद लोकतांत्रिक साझेदार और विश्वसनीय और गुणवत्तापूर्ण आपूर्तिकर्ता के रूप में भारत की भूमिका लगातार बढ़ रही है।पीएम मोदी ने कहा, अलग-अलग सेक्टर्स में लीडर्स, इनोवेटर्स और क्रिएटर्स तैयार होंगे। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

February 1, 2026 · 2 min · National Desk

Budget 2026: शेयर बाजार में भूचाल, F&O ट्रेडिंग पर टैक्स बढ़ने की खबर से सेंसेक्स-निफ्टी धड़ाम, फिर संभले

बजट के एलानों में एसटीटी को बढ़ाने की घोषणाओं के बाद शेयर बजाार में भारी गिरावट देखने को मिली। सेंसेक्स 12:31 तक 2174.33 अंक गिरकर 80,095.45 अंक पर आ गया। वहीं निफ्टी 748.50 अंक गिरकर 24,592.15 अंक पर आ गया। हालांकि बाद में बाजार संभलता हुआ दिखाई दिया। एसटीटी को बढ़ाकर 0.05 प्रतिशत वित्त मंत्री ने शेयर बाजार को लेकर कई बड़ी घोषणाएं की। उन्होंने कहा कि छोटे शेयरधारकों की सुरक्षा के लिए बायबैक के टैक्स में परिवर्तन किया जाएगा। विशेष लाइव ट्रेडिंग सत्र का होगा आयोजन इसके तहत दुरुपयोग रोकने के लिए देना पड़ेगा अतिरिक्त बायबैक कर। दुरुपयोग रोकने के लिए देना पड़ेगा अतिरिक्त बायबैक कर। सभी शेयरधारकों के बायबैक पर पूंजीगत लाभ के रूप में कर का प्रस्ताव है। कॉरपोरेट प्रवर्तकों के लिए 22 प्रतिशत टैक्सेशन। गैर कॉरपोरेट प्रवर्तकों के लिए 30 प्रतिशत टैक्स लगाया गया। वायदा सौदों पर एसटीटी को बढ़ाकर 0.05 प्रतिशत किया गया। गैर कॉरपोरेट प्रवर्तकों के लिए 30 प्रतिशत टैक्स लगाया गया। वायदा सौदों पर एसटीटी को बढ़ाकर 0.05 प्रतिशत किया गया।कारोबार के दौरान सेंसेक्स 10:39 बजे तक 255.96 अंक चढ़कर 82,525.74 अंक पर आ गया। वहीं निफ्टी 56.60 अंक चढ़कर 25,377.25 अंक पर आ गया। शुरुआती कारोबार में 30 शेयरों वाला 15.04 अंक या 0.02 प्रतिशत गिरकर 82,254.74 अंक पर आ गया। वहीं 50 शेयरों वाला निफ्टी 31.75 अंक या 0.13 प्रतिशत गिरकर 25,288.90 अंक पर आ गया। एनएसई और बीएसई की ओर से जारी सर्कुलर के मुताबिक, बजट की अहमियत को देखते हुए 1 फरवरी को ‘विशेष लाइव ट्रेडिंग सत्र’ आयोजित किया जा गया। एक्सचेंजों का कहना है कि बजट में होने वाली बड़ी नीतिगत घोषणाओं पर बाजार को तत्काल प्रतिक्रिया देने का मौक …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

February 1, 2026 · 2 min · National Desk

NCP Politics: 'सुनेत्रा का शपथ ग्रहण शरद पवार की जानकारी के बिना हुआ', एनसीपी-एसपी नेता का दावा

एनसीपी के दिवंगत नेता अजीत पवार की पत्नी सुनेत्रा पवार ने शनिवार को महाराष्ट्र की पहली महिला उपमुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। इसी बीच एनसीपी (शरद पवार) के महाराष्ट्र अध्यक्ष शशिकांत शिंदे ने दावा किया है कि पार्टी प्रमुख शरद पवार और अन्य वरिष्ठ नेताओं को सुनेत्रा पवार के राज्य की उपमुख्यमंत्री के रूप में शपथ ग्रहण की पूर्व जानकारी नहीं थी। शशिकांत शिंदे ने शनिवार को पत्रकारों से कहा कि शरद पवार को उनके शपथ ग्रहण के बारे में पहले से कोई जानकारी नहीं थी। दोनों एनसीपी के एक साथ आने पर चर्चा और बैठकें हुई थीं। लेकिन अजीतदादा अब नहीं रहे। कुछ मोटे तौर पर पदों पर पहले चर्चा हुई थी। अब हम चर्चा करेंगे कि क्या करने की आवश्यकता है और फिर एक फैसला लेंगे। दूसरे कैसे प्रतिक्रिया देते हैं, यह उन पर है।सुनेत्रा पवार के शपथ ग्रहण समारोह में जल्दबाजी के बारे में पूछे जाने पर शिंदे ने कहा कि इसका जवाब उनके परिवार, वरिष्ठ पार्टी नेताओं, या मुख्यमंत्री और उनके सहयोगियों को देना चाहिए। अजीत पवार का निधन महाराष्ट्र के लिए एक बड़ा नुकसान है। जब राज्य शोक में है, तो यह फैसला क्यों लिया गया, यह हमें नहीं पता। उन्हें इसका स्पष्टीकरण देना होगा।महाराष्ट्र की पहली महिला उपमुख्यमंत्री बनीं सुनेत्रा पवार राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) की अध्यक्ष भी रहेंगी। इससे दिवंगत अजीत पवार की एनसीपी और शरद पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी (सीपी) के विलय की उम्मीदों पर ग्रहण लग गया है। साथ ही पवार परिवार में एकता पर भी संकट गहरा गए हैं।दरअसल, विधान भवन में शनिवार को हुई विधायक दल और वरिष्ठ नेताओं की बैठक में दो प्रस्ताव पारित किए गए। एक में सुनेत्रा पवार को विधायक दल का नेता चुना गया और दूसरे प्र …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

February 1, 2026 · 2 min · National Desk

Union Budget 2026: बैंगनी साड़ी में अपना 9वां बजट पेश करने पहुंची वित्त मंत्री, देखें तस्वीरें

1 of 5 बैंगनी साड़ी में अपना 9वां बजट पेश करने पहुंची वित्त मंत्री - फोटो : PTI Finance Minister Nirmala Sitharaman Union Budget Look: हर साल 1 फरवरी को जब देश की नजरें आम बजट पर टिकी होती हैं, तब संसद भवन में पेश होने वाले आंकड़ों के साथ-साथ एक और चीज भी चर्चा का विषय बन जाती है—वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का अंदाज़। बजट भाषण से पहले ही उनके पहनावे को लेकर लोगों में उत्सुकता बनने लगती है और जैसे ही वह संसद पहुंचती हैं, उनकी साड़ी खास ध्यान खींच लेती है। निर्मला सीतारमण की पहचान सिर्फ एक सशक्त वित्त मंत्री के रूप में ही नहीं, बल्कि भारतीय परंपरा और सादगी को मंच देने वाली नेता के रूप में भी बन चुकी है। वह अक्सर हैंडलूम साड़ियों को चुनती हैं, जिसके जरिए भारतीय हथकरघा, कारीगरों और पारंपरिक शिल्प को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलती है। मोदी सरकार के तीनों कार्यकाल में अब तक पेश किए गए आठ बजटों के दौरान उन्होंने अलग-अलग रंगों, डिज़ाइनों और क्षेत्रीय कारीगरी वाली साड़ियों को अपनाया है। इस साल बजट के दिन भी उनका लुक परंपरा और गंभीरता का संतुलित उदाहरण नजर आया। उन्होंने गहरे बैंगनी रंग की साड़ी पहनी थी, जिस पर बेहद सूक्ष्म और सादा बॉर्डर दिखाई देता है। आइए आपको उनकी इस साड़ी की खासियत बताते हैं। : हर साल 1 फरवरी को जब देश की नजरें आम बजट पर टिकी होती हैं, तब संसद भवन में पेश होने वाले आंकड़ों के साथ-साथ एक और चीज भी चर्चा का विषय बन जाती है—वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का अंदाज़। बजट भाषण से पहले ही उनके पहनावे को लेकर लोगों में उत्सुकता बनने लगती है और जैसे ही वह संसद पहुंचती हैं, उनकी साड़ी खास ध्यान खींच लेती है। यह वीडियो/ हटाएं 2 of 5 बैंगनी साड़ी …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

February 1, 2026 · 2 min · National Desk

भारतीय अर्थव्यवस्था के शिल्पकार: 1947 से 2025 तक, कब-किसने संभाली वित्त मंत्रालय की कमान? जानिए सबकुछ

भारतीय अर्थव्यवस्था की 75 वर्षों से अधिक की यात्रा में केंद्रीय बजट केवल आमदनी और खर्चे का लेखा-जोखा नहीं, बल्कि देश की आर्थिक दिशा तय करने वाला एक महत्वपूर्ण दस्तावेज रहा है। जैसा कि देश वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए आर्थिक प्रगति का आकलन कर रहा है, यह समझना भी जरूरी है कि 1947 से लेकर 2026 तक भारत की अर्थव्यवस्था की नींव कैसे तैयार हुई? किन-किन दिग्गजों ने भारत के वित्त मंत्री की भूमिका निभाई और अर्थव्यवस्था को मौजूदा स्तर तक पहुंचाने में अपना क्या योगदान दिया। देश का पहला बजट नवंबर 1947 में पेश किया गया आजादी के ठीक बाद भारत के सामने पहाड़ जैसी आर्थिक चुनौतियां थीं। देश का पहला बजट नवंबर 1947 में पेश किया गया था। यह वह ऐतिहासिक क्षण था जिसने स्वतंत्र भारत की वित्तीय नीतियों की आधारशिला रखी। तब से लेकर 2026 तक की इस लंबी यात्रा में कई वित्त मंत्रियों ने अपनी नीतियों से भारत को एक वैश्विक आर्थिक शक्ति बनाने में अहम योगदान दिया है। आइए एक-एक करके उनके बारे में जानते हैं। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

February 1, 2026 · 1 min · National Desk