ऑपरेशन अमिस्ताद: भारत की मानवीय मदद की वेनेजुएला ने की तारीफ, विदेश मंत्री बोले- भाईचारे का शानदार उदाहरण

वेनेजुएला के विदेश मंत्री इवान गिल ने आज ऑपरेशन अमिस्ताद की सराहना की। दरअसल, मंत्री इवान गिल भारत की ओर से स्थापित फील्ड अस्पताल का दौरा किया। वहां दी गई चिकित्सा सेवाओं की सराहना की। पीएम मोदी को धन्यवाद कहा यात्रा के अंत में अपने प्रेस बयान में गिल ने कहा कि वेनेजुएला में भारत के राजदूत पीके अशोक बाबू के साथ उन्होंने एकजुटता के मार्मिक प्रदर्शन को देखा। इसके साथ ही मदद का हाथ बढ़ाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद दिया। विदेश मंत्री इवान गिल ने क्या कहा? उन्होंने कहा ‘हम आपको सूचित करना चाहते हैं कि हमने इस फील्ड अस्पताल का दौरा किया है। यह फील्ड अस्पताल भारत सरकार की ओर से स्थापित किया गया है, जो हमारी मित्र और भाईचारे वाली सरकार है। वेनेजुएला में भारत से हमारे साथ राजदूत अशोक बाबू, यहां के संचालन के प्रभारी कमांडर, राष्ट्रीय हिप्पोड्रोम संस्थान के निदेशक और अध्यक्ष जूलियो लियोन भी मौजूद हैं, जो इस अस्पताल की स्थापना के लिए सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। हर दिन 400 लोगों का इलाज हो रहा है उन्होंने आगे कहा कि हमने देखा है कि प्रतिदिन 400 लोगों को विभिन्न प्रकार की सहायता दी जा रही है। वीडियो में हम भूकंप के दौरान घायल हुए, फ्रैक्चर वाले और हेमाटोमा से ग्रस्त लोगों को देखेंगे। हमने ऐसे लोगों को भी देखा है जिन्हें दंत चिकित्सा, एक्स-रे और छोटी-मोटी सर्जरी की सुविधा मिल रही है। हमने उन बचावकर्मियों पर भी ध्यान दिया है जो वेनेजुएला में बचाव अभियान के दौरान घायल हुए थे और अपने देशवासियों को बचाते समय उन्हें चोटें आई थीं। । भाईचारे का एक उदाहरण देखने को मिला उन्होंने कहा, ‘मैं भारत सरकार और उसके प्रधानमंत्री मोदी को धन्यवाद देना चाहता …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 4, 2026 · 2 min · National Desk

TMC: ममता बनर्जी को एक और बड़ा झटका, प्रदेश अध्यक्ष चंद्रिमा भट्टाचार्य ने पार्टी के सभी पदों से दिया इस्तीफा

चंद्रिमा भट्टाचार्य को बंगाल विधानसभा चुनाव में हार के बाद 3 जून को ही सुब्रत बक्शी की जगह ही टीएमसी का प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया गया था। दरअसल ममता बनर्जी ने विधायकों की बगावत के बाद पार्टी की सभी समीतियों को भंग कर दिया था और संगठन में बड़े बदलाव किए थे। अपने इस्तीफे में चंद्रिमा भट्टाचार्य ने लिखा कि वह 3 जून 2026 को कालीघाट में हुई बैठक में उन्हें सौंपे गए अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे रही हैं। साथ ही उन्होंने साफ किया कि वह वर्तमान में पार्टी में संभाल रहे सभी अन्य पदों से भी अपना इस्तीफा दे रही हैं।चंद्रिमा भट्टाचार्य ने पत्र में यह भी कहा कि वह अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस और उससे जुड़े अन्य संगठनों के विभिन्न बैंक खातों की अधिकृत हस्ताक्षरकर्ता के रूप में अपनी जिम्मेदारी वापस ले रही हैं। इसके अलावा उन्होंने खुद को भारत निर्वाचन आयोग के समक्ष पार्टी प्रमुख ममता बनर्जी की अधिकृत प्रतिनिधि के रूप में भी पेश नहीं होने की घोषणा की। चंद्रिमा भट्टाचार्य ने अपने पत्र में ममता बनर्जी के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए लिखा कि उनके मन में हमेशा उनके लिए सर्वोच्च सम्मान रहेगा और भविष्य में भी वह उनका सम्मान करती रहेंगी।पूर्व की ममता बनर्जी सरकार में राज्य मंत्री के रूप में वित्त और स्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी संभाल चुकीं भट्टाचार्य पार्टी की महिला इकाई की प्रमुख नेताओं में भी शामिल रही हैं। राज्य की तीन बार की विधायक रहीं चंद्रिमा भट्टाचार्य को 2026 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में दमदम उत्तर विधानसभा सीट से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सौरव सिकदर ने पराजित किया था। इस सीट पर उन्हें 76,880 वोट मि …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 4, 2026 · 2 min · National Desk

Explainer: देश की पहली ग्रीनफील्ड रिफाइनरी में क्या है खास, कैसे बदलेगी राजस्थान की तस्वीर?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी थोड़ी देर में राजस्थान के बालोतरा जिले के पचपदरा में देश की पहली ग्रीनफील्ड इंटीग्रेटेड रिफाइनरी राष्ट्र को समर्पित करेंगे। यह भारत के ऊर्जा और पेट्रोकेमिकल क्षेत्र की बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। यह परियोजना हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एचपीसीएल) और राजस्थान सरकार का संयुक्त उपक्रम है। 90 लाख मीट्रिक टन प्रति वर्ष (एमटीपीए) क्षमता वाली इस ग्रीनफील्ड रिफाइनरी-कम-पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स को 79,450 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से विकसित किया गया है। ग्रीनफील्ड रिफाइनरी क्या होती है? आइए जानते हैं कि ग्रीनफील्ड रिफाइनरी क्या होती है? इसकी क्या खासियत है? कच्चा तेल कहां से आएगा और तैयार ईंधन कहां जाएगा? इससे देश और राजस्थान को क्या फायदा होगा? देश की सबसे हाईटेक रिफाइनरी क्यों है? उद्घाटन पहले क्यों टल गया था? इस रिफाइनरी की जगह क्यों बदली गई? ग्रीनफील्ड रिफाइनरी वह होती है, जिसे पूरी तरह नई जगह पर शुरू से बनाया जाता है। पचपदरा परियोजना भी इसी तरह विकसित की गई है। इसका निर्माण 2018 में शुरू हुआ था और अब यह व्यावसायिक उत्पादन के लिए तैयार है। यह भारत की पहली ग्रीनफील्ड रिफाइनरी है, जिसे पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स के साथ विकसित किया गया है, और यह देश की 24वीं रिफाइनरी भी है। यह अत्याधुनिक कॉम्प्लेक्स रिफाइनिंग और पेट्रोकेमिकल उत्पादन को एक साथ जोड़ता है। इसकी पेट्रोकेमिकल उत्पादन क्षमता 2.4 एमएमटीपीए (मिलियन मीट्रिक टन प्रति वर्ष) है। रिफाइनरी का नेल्सन कॉम्प्लेक्सिटी इंडेक्स (एनसीआई) 17.0 है और इसकी पेट्रोकेमिकल यील्ड 26 प्रतिशत से अधिक है, जो वैश्विक मानकों के अनुरूप है।नेल्सन कॉम्प्लेक्सिटी इंडेक्स किसी रिफाइन …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 4, 2026 · 2 min · National Desk

PM Modi in Rajasthan Live: पीएम मोदी पहुंचे पचपदरा, रिफाइनरी का किया उद्घाटन

01:12 PM, 04-Jul-2026 राजस्थान का हो रहा विकास-मुख्यमंत्री भजनलाल मुख्यमंत्री भजनलाल ने कहा कि राजस्थान में विकास कार्य लगातार हो रहा है। राजस्थान बिजली के क्षेत्र में सरप्लस स्थिति में आ गया है । यमुना जल समझौते के साथ शेखावटी के 75 लाख लोगों को पेयजल मिलेगा। राजस्थान में नर्मदा का पानी भी आ गया है। मुख्यमंत्री भजनलाल ने कहा कि राजस्थान में विकास कार्य लगातार हो रहा है। राजस्थान बिजली के क्षेत्र में सरप्लस स्थिति में आ गया है । यमुना जल समझौते के साथ शेखावटी के 75 लाख लोगों को पेयजल मिलेगा। राजस्थान में नर्मदा का पानी भी आ गया है। 01:04 PM, 04-Jul-2026 कांग्रेस ने रिफाइनरी के काम में देरी की-पेट्रोलियम मंत्री हरदीप पुरी पेट्रोलियम मंत्री हरदीप पुरी बोले ने कहा कि कांग्रेस ने रिफाइनरी के काम में देरी की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस राज में जरूरी कामों के लिए भी मंजूरी नहीं मिलती थी। उन्होंने कहा कि स्ट्रेट ऑफ हरमोज के बंद होने के बावजूद भी देश में एक भी पेट्रोल पंप ड्राई नहीं हुआ। पिछले चार साल में पेट्रोल और डीजल के दाम कम हुए हैं। दुनिया भर में क्रूड के दाम 40 से 50 प्रतिशत बढ़े हैं। उन्होंने कहा कि यह ऑयल रिफाइनरी राजस्थान के लिए साधारण नहीं है। यह हमारी 24वीं रिफाइनरी है। इसको विश्वस्तर के मापदंडों पर तैयार किया गया है। पेट्रोलियम मंत्री हरदीप पुरी बोले ने कहा कि कांग्रेस ने रिफाइनरी के काम में देरी की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस राज में जरूरी कामों के लिए भी मंजूरी नहीं मिलती थी। उन्होंने कहा कि स्ट्रेट ऑफ हरमोज के बंद होने के बावजूद भी देश में एक भी पेट्रोल पंप ड्राई नहीं हुआ। पिछले चार साल में पेट्रोल और डीजल के दाम कम हुए हैं। दुनिया भर में क्रूड के दाम 40 से 50 प्रतिशत ब …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 4, 2026 · 2 min · National Desk

यूपी: क्या CBI को सौंपी जा सकती है राम मंदिर चढ़ावा चोरी की जांच? सोमवार को हाईकोर्ट कर सकता है फैसला

अयोध्या के श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में दानपात्रों से चढ़ावा चोरी के आरोपों वाले मामले में हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ में दाखिल जनहित याचिका (पी आई एल) पर संभवतः सोमवार को सुनवाई होगी। मामले की सी बी आई से जांच कराने समेत चढ़ावे की संपत्ति का कैग से ऑडिट कराने की मांग वाली यह पी आई एल को हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ में इसी 12 जून को दाखिल हुई थी। समय की कमी की वजह से ग्रीष्म कालीन अवकाश के दौरान इसपर सुनवाई नहीं हो सकी। अब यह जनहित याचिका 6 जुलाई की वाद सूची में न्यायमूर्ति राजन रॉय और न्यायमूर्ति मंजीव शुक्ल खंडपीठ के समक्ष सुनवाई के लिए सूचीबद्ध है। स्थानीय अधिवक्ता मोहित अशोक ने व्यक्तिगत रूप से यह जनहित याचिका दाखिल की है। इसमें, कथित गबन मामले की जांच समेत केस दर्ज करने के निर्देश सी बी आई को देने का कोर्ट से आग्रह किया गया है। साथ ही श्रीरामजन्मभूमि मंदिर के दानपात्रों में चढ़ावे के रूप में मिलने वाली नकद धनराशि, सोने चांदी के आभूषणों व अन्य कीमती वस्तुओं का आडिट महालेखा परीक्षक नियंत्रक( कैग) से कराने की मांग भी की गई है। याचिकाकर्ता का कहना है कि करोड़ों हिंदुओं की आस्था के प्रतीक भगवान श्रीराम जी के मंदिर में दान व चढ़ावे की संपत्ति के कथित गबन के आरोपों का मामला अखबारों में छप रहा है। इससे भक्तों की भावनाओं को ठेस पंहुची है। ऐसे में इस प्रकरण की निष्पक्ष जांच और ऑडिट होना आवश्यक है। याची ने राज्य सरकार को भी यह भी निर्देश देने की मांग की है कि मामले की तफ्तीश किसी पुलिस अधीक्षक स्तर के अधिकारी की देखरेख में कराई जाए। याचिका में केंद्र, राज्य सरकार के सतर्कता विभाग के प्रमुख सचिव, सी बी आई के निदेशक, कैग व श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को इसके चेय …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 4, 2026 · 2 min · National Desk

पंजाब कांग्रेस में होगी टूट!: राहुल के खास चन्नी नाराज, रंधावा शाह से मिले; चुनाव से पहले होगा बड़ा खेला

अब कांग्रेस हाईकमान का रुख अहम कांग्रेस हाईकमान के पंजाब में पार्टी नेतृत्व को न बदलने के फैसले के बाद चन्नी ने कुछ विधायकों, पूर्व मंत्रियों और पूर्व विधायकों समेत 60 से अधिक नेताओं के साथ शक्ति प्रदर्शन कर हाईकमान को दबाव में लेने की कोशिश की है। हालांकि इसी मसले पर कांग्रेस हाईकमान ने पिछले दिनों पंजाब के वरिष्ठ कांग्रेसी नेताओं के साथ वन-टू-वन बैठक कर उन्हें नेतृत्व न बदलने के फैसले पर संतुष्ट किया था मगर उसके बावजूद बगावत हो गई। ऐसी स्थिति में अब कांग्रेस हाईकमान का रुख अहम होगा। यदि हाईकमान ने फैसला नहीं बदला तो चन्नी गुट के नेता बड़ा फैसला ले सकते हैं और ऐसे में भाजपा इस पूरे प्रकरण में अपना सियासी फायदा उठाने में चूकेगी नहीं। हाईकमान पीछे नहीं हटेगा : वैद पंजाब में 16 में से 5 विधायक ही पूर्व सीएम चन्नी की बैठक में पहुंचे। सात सांसदों में से चन्नी और वड़िंग को छोड़ दिया जाए तो अन्य पांच सांसदों ने भी इस बैठक से दूरी बनाए रखी। इसी तरह कई पूर्व विधायक और अन्य पूर्व मंत्री, सांसद व अन्य नेता भी चन्नी की बैठक में नहीं गए। इन सभी नेताओं का मौन हाईकमान के साथ खड़े रहने का इशारा कर रहा है। पंजाब कांग्रेस के एससी विंग के अध्यक्ष व पूर्व विधायक कुलदीप वैद कहते हैं कि यह घटनाक्रम बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। यदि किसी को हाईकमान के फैसले पर ऐतराज था तो केंद्रीय नेतृत्व से मिलकर वहां अपनी बात रखी जा सकती थी। चन्नी समेत अन्य वरिष्ठ नेताओं ने दिल्ली में तो फैसले पर सहमति जताई थी तो अब अचानक क्या हो गया। वैद कहते हैं कि इस पूरे प्रकरण में कौन, किसके लिए क्या रोल प्ले कर रहा है, हाईकमान सब जानता है। उनके अनुसार हाईकमान न तो कमजोर है न ही पीछे हटने वाला है। यह प्रेशर पाॅलिटिक्स उच …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 4, 2026 · 2 min · National Desk

Politics: राम मंदिर पर सियासी साइकिल ले रही यू-टर्न, घोषणापत्र में चढ़ावा चोरों पर कार्रवाई का वादा करेगी सपा

वैसे सपा लगातार राम मंदिर में चढ़ावा चोरी पर हमलावर है। भाजपा ने भी इसे तुरंत चुनावी अवसरवाद बताते हुए पलटवार शुरू कर दिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लगातार कह रहे हैं कि आस्था के साथ खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। वहीं, अखिलेश यादव से भाजपा नेता यह सवाल भी पूछ रहे हैं कि वह अब तक राम मंदिर दर्शन के लिए क्यों नहीं गए और उन्हें कारसेवकों पर गोली चलाने की घटना की याद दिला रहे हैं। इन सबसे इतर अखिलेश अपनी चुनावी साइकिल को अयोध्या में फिर यू-टर्न देकर रफ्तार देने की योजना में जुटे हैं। हिंदू वोट में सेंध की नई रणनीति लोकसभा चुनाव में पिछड़ा-दलित-अल्पसंख्यक (पीडीए) समीकरण के साथ बेहतर प्रदर्शन करने के बाद सपा अब उस वर्ग तक भी पहुंच बनाना चाहती है, जो राम मंदिर को भावनात्मक मुद्दा मानता है। यही वजह है कि पार्टी केवल चढ़ावा चोरी का मुद्दा नहीं उठा रही, बल्कि मंदिर की पारदर्शी व्यवस्था और अयोध्या के धार्मिक विकास को भी चुनावी वादों का हिस्सा बना रही है। अन्य विपक्षी दल भी सक्रिय केवल सपा ही नहीं, कांग्रेस उत्तराखंड में और आम आदमी पार्टी पंजाब में भी मंदिरों के चढ़ावे और धार्मिक संस्थाओं में भ्रष्टाचार के मुद्दे पर भाजपा को घेरने की कोशिश कर रहे हैं। विपक्ष का मानना है कि धार्मिक आस्था से जुड़े मामलों में भ्रष्टाचार का आरोप राजनीतिक रूप से असर डाल सकता है। वैसे सपा लगातार राम मंदिर में चढ़ावा चोरी पर हमलावर है। भाजपा ने भी इसे तुरंत चुनावी अवसरवाद बताते हुए पलटवार शुरू कर दिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लगातार कह रहे हैं कि आस्था के साथ खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। वहीं, अखिलेश यादव से भाजपा नेता यह सवाल भी प …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 4, 2026 · 2 min · National Desk

'मैडम सो रही हैं': पूर्व राजनयिक ने खोली पाकिस्तान की पोल; बेनजीर भुट्टो के किस्से का जिक्र कर की आलोचना

कौसिकन ने पाकिस्तान के राजनीतिक नेतृत्व और सरकारी संस्थाओं की भी कड़ी आलोचना की। उन्होंने आगाह किया कि पाकिस्तान लंबे समय से विफल होने की कगार पर खड़ा है। नेशनल प्रेस फाउंडेशन के इंटरनेशनल रिपोर्टिंग फेलोशिप कार्यक्रम में पत्रकारों से बातचीत के दौरान एक पाकिस्तानी पत्रकार ने सवाल पूछा कि क्या पाकिस्तान की भौगोलिक स्थिति उसकी समस्याओं की जड़ है। कौसिकन ने इस तर्क को खारिज करते हुए कहा, यह सिर्फ एक बहाना है। सच यह है कि पाकिस्तान को शुरू से ही बहुत खराब तरीके से चलाया गया है। कौसिकन ने कहा, पाकिस्तान की सेना समस्या का भी हिस्सा है और वही किसी तरह देश को एकजुट रखे हुए है। आपके सभी राजनेता समय की बर्बादी हैं, चाहे वे किसी भी पार्टी के हों। कौसिकन वर्ष 2010 से 2013 तक सिंगापुर के विदेश मंत्रालय में स्थायी सचिव रह चुके हैं। फिलहाल वह सिंगापुर के राष्ट्रीय विश्वविद्यालय के मध्य पूर्व संस्थान के अध्यक्ष हैं। अपनी बात समझाने के लिए कौसिकन ने मार्च 1991 में सिंगापुर एयरलाइंस के एक विमान के अपहरण की घटना का जिक्र किया, जिसे पाकिस्तानी आतंकवादियों ने अंजाम दिया था। उन्होंने कहा कि अपहरणकर्ताओं ने बेनजीर भुट्टो से बात करने की मांग की थी, जो उस समय पद पर नहीं थीं और सिंध प्रांत में रह रही थीं। कौसिकन के अनुसार, उन्होंने पाकिस्तान के उच्चायुक्त की मदद से रात करीब 3 या 4 बजे बेनजीर भुट्टो के आवास पर संपर्क किया। लेकिन शुरुआत में उन्हें ऐसा कोई व्यक्ति नहीं मिला जो अंग्रेजी बोल सके। उन्होंने कहा, मुझे नहीं पता वह कौन था। वह शायद कोई नौकर या घर का कोई सदस्य था। मैंने उसे ध्यान से समझाया कि स्थिति क्या है- चार या पांच अपहरणकर्ता हैं, हमें नही …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 4, 2026 · 2 min · National Desk

Ethanol Blending: ई20 पेट्रोल को लेकर फैली अफवाहों की क्या है सच्चाई? सरकार ने दिया हर सवाल का जवाब

सरकार ने शुक्रवार को देश के ई20 इथेनॉल मिश्रण कार्यक्रम पर सोशल मीडिया में फैल रही गलत सूचनाओं का खंडन किया। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने 10 सूत्री स्पष्टीकरण जारी किया। मंत्रालय ने पानी के अत्यधिक इस्तेमाल, इंजन को नुकसान, बीमा अमान्य होने और पर्यावरणीय नुकसान जैसे दावों को खारिज किया है। यह कार्यक्रम पेट्रोल में 20 फीसदी तक इथेनॉल मिलाने जुड़ा है। मंत्रालय ने बताया कि यह कार्यक्रम वैज्ञानिक अध्ययनों, अंतरराष्ट्रीय अनुभव और नियामकीय सुरक्षा उपायों पर आधारित है। क्या एक लीटर इथेनॉल बनाने के लिए 10 हजार लीटर पानी का इस्तेमाल होता है? मंत्रालय ने एक लीटर इथेनॉल उत्पादन में 10,000 लीटर पानी की खपत के दावे को भी गलत बताया। मंत्रालय ने कहा कि इथेनॉल डिस्टिलरी प्रति लीटर इथेनॉल के लिए लगभग तीन से पांच लीटर पानी का उपयोग करती हैं। ये डिस्टिलरी पानी को फिर से इस्तेमाल करने से जुड़ी प्रणाली का तेजी से संचालन कर रही हैं। क्या ई20 ईंधन वाहनों के लिए सुरक्षित है? इथेनॉल उत्पादन के लिए केवल राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा आवश्यकताओं को पूरा करने के बाद बचे हुए चावल का उपयोग वह भी स्वीकृति मिलने पर होता है। मंत्रालय ने यह भी बताया कि मक्का, जो कार्यक्रम के तहत 40 फीसदी से अधिक इथेनॉल की आपूर्ति करता है, उसे धान की तुलना में कम सिंचाई की जरूरत होती है। सरकार ने ई20 को अप्रमाणित ईंधन बताने के दावे को खारिज किया। उसने बताया कि इथेनॉल मिश्रित ईंधन का उपयोग अंतरराष्ट्रीय स्तर पर दशकों से हो रहा है। अमेरिका, ब्राजील, कनाडा, थाईलैंड, जापान और कई यूरोपीय देशों ने इसे अपनाया है। क्या ई20 से इंजन को नुकसान होता है या वारंटी रद्द होती है? वाहनों से जुड़ी चिंत …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 3, 2026 · 2 min · National Desk

'मैडम सो रही हैं': पूर्व राजनयिक ने खोली पाकिस्तान की पोल; बेनजीर भुट्टो के किस्से का जिक्र कर की आलोचना

कौसिकन ने पाकिस्तान के राजनीतिक नेतृत्व और सरकारी संस्थाओं की भी कड़ी आलोचना की। उन्होंने आगाह किया कि पाकिस्तान लंबे समय से विफल होने की कगार पर खड़ा है। नेशनल प्रेस फाउंडेशन के इंटरनेशनल रिपोर्टिंग फेलोशिप कार्यक्रम में पत्रकारों से बातचीत के दौरान एक पाकिस्तानी पत्रकार ने सवाल पूछा कि क्या पाकिस्तान की भौगोलिक स्थिति उसकी समस्याओं की जड़ है। कौसिकन ने इस तर्क को खारिज करते हुए कहा, यह सिर्फ एक बहाना है। सच यह है कि पाकिस्तान को शुरू से ही बहुत खराब तरीके से चलाया गया है। कौसिकन ने कहा, पाकिस्तान की सेना समस्या का भी हिस्सा है और वही किसी तरह देश को एकजुट रखे हुए है। आपके सभी राजनेता समय की बर्बादी हैं, चाहे वे किसी भी पार्टी के हों। कौसिकन वर्ष 2010 से 2013 तक सिंगापुर के विदेश मंत्रालय में स्थायी सचिव रह चुके हैं। फिलहाल वह सिंगापुर के राष्ट्रीय विश्वविद्यालय के मध्य पूर्व संस्थान के अध्यक्ष हैं। अपनी बात समझाने के लिए कौसिकन ने मार्च 1991 में सिंगापुर एयरलाइंस के एक विमान के अपहरण की घटना का जिक्र किया, जिसे पाकिस्तानी आतंकवादियों ने अंजाम दिया था। उन्होंने कहा कि अपहरणकर्ताओं ने बेनजीर भुट्टो से बात करने की मांग की थी, जो उस समय पद पर नहीं थीं और सिंध प्रांत में रह रही थीं। कौसिकन के अनुसार, उन्होंने पाकिस्तान के उच्चायुक्त की मदद से रात करीब 3 या 4 बजे बेनजीर भुट्टो के आवास पर संपर्क किया। लेकिन शुरुआत में उन्हें ऐसा कोई व्यक्ति नहीं मिला जो अंग्रेजी बोल सके। उन्होंने कहा, मुझे नहीं पता वह कौन था। वह शायद कोई नौकर या घर का कोई सदस्य था। मैंने उसे ध्यान से समझाया कि स्थिति क्या है- चार या पांच अपहरणकर्ता हैं, हमें नही …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

July 3, 2026 · 2 min · National Desk