PSL: आतंकी धमकियों के बाद भी पीएसएल में खेलेंगे बांग्लादेशी खिलाड़ी, क्या सुरक्षा की गारंटी दे पाएंगे नकवी?
पाकिस्तान सुपर लीग 2026 (पीएसएल 2026) शुरू होने से पहले ही गंभीर सुरक्षा सवालों के घेरे में आ गई है। आतंकी धमकियों, विदेशी खिलाड़ियों को दी गई चेतावनियों और अचानक बदले गए फॉर्मेट ने पूरे टूर्नामेंट की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। सबसे बड़ा सवाल पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के चेयरमैन मोहसिन नकवी पर उठ रहा है, क्या वे वास्तव में खिलाड़ियों की सुरक्षा की गारंटी दे सकते हैं या सिर्फ दिखावे की तैयारी है? बांग्लादेशी खिलाड़ी पहुंचे, लेकिन भरोसा या मजबूरी? पहले सुरक्षा को लेकर चिंता जताने वाला बांग्लादेश अब अचानक यू-टर्न लेता नजर आया। सरकारी मंजूरी के बाद मुस्तफिजुर रहमान, शोरिफुल इस्लाम और तंजीद हसन तमीम समेत छह खिलाड़ी पीएसएल खेलने के लिए रवाना हो गए। हालांकि, बड़ा सवाल ये है कि अगर हालात इतने सुरक्षित हैं तो पहले चिंता क्यों जताई गई? और अगर खतरा था, तो अब अचानक सब कुछ ठीक कैसे हो गया? बांग्लादेशी खिलाड़ियों की पीएसएल के लिए पाकिस्तान यात्रा पर स्थिति स्पष्ट करते हुए शीर्ष सरकारी अधिकारी ने कहा, ‘हमने विदेश मंत्रालय के साथ पाकिस्तान की स्थिति के बारे में चर्चा की और उसके बाद उन्होंने इस्लामाबाद में हमारे उच्चायोग से संपर्क किया। वहां से सुरक्षा का आश्वासन मिलने के बाद हमने क्रिकेटरों को पीएसएल खेलने की अनुमति दी।’ बता दें कि, बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने मुस्तफिजुर रहमान, परवेज हुसैन इमोन, शोरिफुल इस्लाम, नाहिद राणा, तंजीद हसन तमीम और रिशाद हुसैन को 26 मार्च से तीन मई तक चलने वाले इस टूर्नामेंट के लिए पूर्व में अनापत्ति प्रमाण पत्र’ (एनओसी) जारी किया था। सभी खिलाड़ी लीग में अलग-अलग फ्रेंचाइजियों का हिस्सा हैं। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...