कपसाड़ कांड: अपहृत दलित युवती रूबी हरिद्वार से बरामद, आरोपी पारस सोम को भी किया गया गिरफ्तार

चंद्रशेखर आजाद को गांव जाने से रोका गया शाम को आसपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और नगीना सांसद चंद्रशेखर आजाद गाजियाबाद से निकलकर बाइक पर बैठकर किसी तरह काशी टोल पर पहुंचे तो वहां पुलिस ने बैरिकेडिंग कर रोक दिया। उनके साथ धक्कामुक्की हुई और तीखी नोकझोंक हुई। उन्होंने कार्यकर्ताओं के साथ धरना-प्रदर्शन किया। वहीं विधायक अतुल प्रधान की पत्नी पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष सीमा प्रधान को भी सिवाया टोल प्लाजा पर रोक लिया गया। उनकी भी पुलिस से कहासुनी हुई। इनके अलावा पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे कांग्रेस के अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेंद्र पाल गौतम और राष्ट्रीय सचिव प्रदीप नरवाल, सांसद तनुज पूनिया को काशी टोल पर रोक दिया गया। इन्होंने तीन घंटे तक धरना प्रदर्शन किया। दूसरी ओर पूर्व विधायक संगीत सोम और भाजपा नेता सुनील भराला ने गांव में सुनीता के परिजनों से मिलकर उनको हर संभव मदद का आश्वासन दिया। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 1 min · National Desk

CM ममता ने CEC को लिखा पत्र: कहा- SIR से लोकतांत्रिक ढांचे पर चोट, मामूली गलतियों पर परेशान किए जा रहे मतदाता

अपने तीन पन्नों के पत्र में ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग पर राजनीतिक भेदभाव और मनमानी करने का आरोप लगाया। उन्होंने लिखा कि सुनवाई की प्रक्रिया पूरी तरह मशीनी हो गई है। यह सिर्फ तकनीकी आंकड़ों पर चल रही है और इसमें मानवीय समझ या संवेदनशीलता की भारी कमी है। उन्होंने साफ कहा कि इसका मकसद सुधार करना नहीं, बल्कि लोगों को हटाना है।मुख्यमंत्री ने कहा कि नाम की स्पेलिंग या उम्र में छोटी-मोटी गलतियों की वजह से आम लोगों को परेशान किया जा रहा है। उन्हें जबरदस्ती सुनवाई के लिए बुलाया जाता है, जिससे उनका उत्पीड़न होता है और उनकी मजदूरी का भी नुकसान होता है।ममता ने शादीशुदा महिलाओं की परेशानी का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि शादी के बाद सरनेम बदलने वाली महिलाओं को अपनी पहचान साबित करने के लिए बुलाया जा रहा है, जो उनका गंभीर अपमान है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ खास चुनाव क्षेत्रों को जानबूझकर निशाना बनाया जा रहा है और बंगाल के लिए अलग पोर्टल का इस्तेमाल होने से अधिकारियों में भ्रम है। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 1 min · National Desk

दिल्ली में टूटा ठंड का 15 साल पुराना रिकॉर्ड: कल रहेगी कोहरे के साथ शीतलहर जैसी स्थिति, जारी हुआ यलो अलर्ट

पालम रहा सबसे ठंडा मौसम विभाग के अनुसार, रिज में 5.3 और आया नगर में 4.5, लोधी रोड में 4.7 व पालम में 4.5 न्यूनतम पारा दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार, पालम में सुबह 7:30 बजे विजिबिलिटी केवल 100 मीटर रह गई थी। 8 बजे यह और घटकर 50 मीटर हो गई, लेकिन 8:30 बजे सुधार शुरू हुआ और 100 मीटर तक पहुंच गई। 9 बजे भी यही स्थिति बनी रही। इस दौरान हवा मुख्य रूप से पश्चिमी दिशा से 5-7 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली। वहीं, सफदरजंग माप स्टेशन पर विजिबिलिटी सुबह 7:30 बजे 200 मीटर थी, जो 8 बजे बढ़कर 300 मीटर और 9 बजे 400 मीटर हो गई। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 1 min · National Desk

Ayodhya Ram Mandir: राम मंदिर में नमाज पढ़ने की कोशिश, पुलिस ने कश्मीरी अबू अहमद शेख को पकड़ा; सामने आई ये बात

और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं थाने में पुलिस और खुफिया एजेंसियां युवक से पूछताछ कर रही हैं। उसकी पहचान कश्मीर को शोपिया निवासी अबू अहमद शेख (55) के रूप में हुई है। एसपी सुरक्षा बलरामाचारी दुबे ने घटना की पुष्टि की। अयोध्या स्थित राम मंदिर परिसर में शनिवार को एक सनसनीखेज मामला सामने आया। यहां एक अधेड़ राम मंदिर के दक्षिणी परकोटे के पास नमाज पढ़ने की कोशिश कर रहा था। हालांकि, वह अपने मंसूबों में कामयाब नहीं हो सका। युवक को रोकने का प्रयास किया गया तो वह संप्रदाय विशेष के नारे लगाने लगा। मौके पर मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने उसे दबोच लिया। इसके बाद थाना रामजन्मभूमि पुलिस के हवाले कर दिया। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 1 min · National Desk

चंद्रशेखर की पुलिस से बहस: अफसर ने मेरठ जाने से रोका तो बोले- हाथ मत लगा दिओ, दिमाख खराब है?; देखें Video

1 of 5 पुलिस और चंद्रशेखर के बीच जमकर हुई खींचतान और बहस - फोटो : अमर उजाला दिल्ली से मेरठ जा रहे आजाद समाज पार्टी प्रमुख व नगीना लोकसभा से सांसद चंद्रशेखर आजाद को राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) नौ पर पुलिस ने रोका तो बवाल हो गया। मामला शनिवार की दोपहर करीब 3:45 बजे का है। दिल्ली हवाईअड्डे से चंद्र शेखर आजाद मेरठ के सरधना थानाक्षेत्र के कपसाड़ गांव जा रहे थे। जब इसकी सूचना पुलिस को मिली तब इंदिरापुरम, खोड़ा और कौशांबी ने फोर्स के साथ यूपी गेट पर बेरिकेडिंग कर दी। यह वीडियो/ हटाएं 2 of 5 महिला पुलिस अफसर और चंद्रशेखर के बीच हुई गहमागहमी - फोटो : अमर उजाला जमकर हुई खींचतान भीम आर्मी प्रमुख का काफिला जब यूपी गेट पहुंचा तब गाड़ी रोकने पर चंद्रशेखर आजाद कार से निकलकर पैदल मेरठ की तरफ बढ़ने लगे। बेरिकेडिंग हटाने पर जब इंदिरापुरम थाना प्रभारी रविंद्र गौतम ने उन्हें रोकने की कोशिश की तब हंगामा शुरू हो गया। यहां तक कि फोर्स और भीम आर्मी प्रमुख के बीच खींचतान भी हुई। 3 of 5 दिल्ली-मेरठ हाइवे पर लगा भीषण जाम - फोटो : अमर उजाला पुलिस को चकमा देकर हुए फरार करीब 30 मिनट तक यही हंगामा चलता रहा। जमकर बहसबाजी और खींचतान व समझाइश भी चंद्रशेखर आजाद को नहीं रोक पाई। पुलिस के मना करने पर भी नगीना सांसद जब पैदल आगे बढ़े तभी पुलिस को चकमा देकर डिवाइडर लांघकर दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे (डीएमई) पर पहुंचे और किसी गाड़ी में बैठकर निकल गए। यातायात के चलते पुलिस भी उन्हें जल्द नहीं पकड़ पाई। इसके बाद तीन थाना प्रभारी फोर्स के साथ भोजपुर बॉर्डर पर पहुंचे। 4 of 5 कार में बैठे असपा प्रमुख चंद्रशेखर - फोटो : अमर उजाला सामने आए हंगामे के वीडियो पुलिस और चंद्रशेखर …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 2 min · National Desk

सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा बंगाल बनाम ईडी विवाद: पहले ममता सरकार ने दाखिल किया कैविएट, अब एजेंसी ने भी लगाए आरोप

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले आई-पैक के कार्यालय पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की छापेमारी ने एक नया राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है। राज्य सरकार ने इसे चुनावी समय में विपक्ष को निशाना बनाने की कार्रवाई बताया है, जबकि दूसरी ओर ईडी ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। ईडी ने आरोप लगाया है कि पश्चिम बंगाल सरकार उसकी जांच और तलाशी अभियान में दखल दे रही है और काम में बाधा डाल रही है। सुप्रीम कोर्ट में ईडी की तरफ से दायर याचिका में बताया गया है कि गुरुवार को जब एजेंसी ने इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी (आई-पैक) के मुख्यालय और कोलकाता में उसके निदेशक प्रतीक जैन के आवास पर तलाशी अभियान चलाया, तब राज्य सरकार और पुलिस प्रशासन की ओर से रुकावटें डाली गईं। ऐसे में ईडी ने सुप्रीम कोर्ट से मांग की है कि उसे निष्पक्ष और बिना किसी दबाव के अपनी जांच करने की अनुमति दी जाए। साथ ही एजेंसी ने यह भी कहा है कि किसी भी राज्य सरकार को केंद्रीय जांच एजेंसियों के काम में हस्तक्षेप करने का अधिकार नहीं है।बता दें कि इससे पहले ममता बनर्जी सरकार ने भी सुप्रीम कोर्ट में कैविएट दाखिल कर दिया है। इस कैविएट में बंगाल सरकार ने अनुरोध किया है कि सुप्रीम कोर्ट कोई आदेश पारित करने से पहले उसका पक्ष सुने। सूत्रों के मुताबिक, ईडी इस मामले में सुप्रीम कोर्ट जाने की संभावना पर विचार कर रही है। एजेंसी मौजूदा कानूनी विकल्पों को अंतिम रूप देने से पहले सभी संभावनाओं पर गौर कर रही है। बता दें कि कैविएट उन मामलों में दाखिल किया जाता है ताकि अदालत किसी पक्ष की सुनवाई के बिना कोई निर्णय न ले सके।गुरुवार को ईडी …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 2 min · National Desk

Ayodhya: राम मंदिर के दक्षिणी परकोटे के पास नमाज पढ़ने की कोशिश, पुलिस ने युवक को पकड़ा...सामने आई ये बात

और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं थाने में पुलिस और खुफिया एजेंसियां युवक से पूछताछ कर रही हैं। उसकी पहचान कश्मीर को शोपिया निवासी अबू अहमद शेख के रूप में हुई है। एसपी सुरक्षा बलरामाचारी दुबे ने घटना की पुष्टि की। वहीं, एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने बताया कि युवक से पूछताछ की जा रही है। साथ ही वह कहां से और कैसे राम मंदिर में पहुंचा, इसकी जांच की जा रही है। अयोध्या स्थित राम मंदिर परिसर में शनिवार को एक सनसनीखेज मामला सामने आया। यहां एक युवक राम मंदिर के दक्षिणी परकोटे के पास नमाज पढ़ने की कोशिश कर रहा था। हालांकि, वह अपने मंसूबों में कामयाब नहीं हो सका। युवक को रोकने का प्रयास किया गया तो वह संप्रदाय विशेष के नारे लगाने लगा। मौके पर मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने उसे दबोच लिया। इसके बाद थाना रामजन्मभूमि पुलिस के हवाले कर दिया। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 1 min · National Desk

वर्दी पहनते ही बदला रिश्ता: जिस पत्नी को पढ़ाकर बनाया दरोगा, उसी ने पति पर दर्ज कराई दहेज की एफआईआर

पिलखुवा क्षेत्र के गांव पूठा हुसैनपुर के गुलशन ने एसपी से की शिकायत में बताया कि उसकी पत्नी पायल रानी बरेली में दारोगा पद पर तैनात है। नवंबर 2025 में उसने उसके व उसके परिजनों के खिलाफ दहेज उत्पीड़न और जान से मारने की धमकी देने का मुकदमा दर्ज कराया था। शिकायती पत्र में गुलशन ने बताया कि दो दिसंबर 2022 को उसकी शादी हापुड़ कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला गणेशपुरा निवासी पायल रानी से हुई थी। लेकिन शादी से पहले दोनों वर्ष 2016 से एक-दूसरे को जानते थे और आपसी रिलेशन में थे और 2021 में कोर्ट मैरिज कर चुके थे। इससे पहले उन्होंने अपनी पत्नी को मेहनत-मजदूरी कर पढ़ा लिखाकर भर्ती कराया। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 1 min · National Desk

Kapil Sibal: 'चुनाव आते ही ईडी को याद आते हैं दस्तावेज', कपिल सिब्बल बोले- विपक्ष को डराने का औजार बनी एजेंसी

पश्चिम बंगाल में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) कार्रवाई को लेकर राज्य से लेकर देशभर की राजनीति में गर्माहट तेज है। इसी बीच इस कार्रवाई को लेकर राज्यसभा सांसद कपिल सिब्बल ने केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि चुनाव आते ही जांच एजेंसियों को अचानक दस्तावेजों की याद आ जाती है और इसका मकसद सिर्फ विपक्षी नेताओं को परेशान करना होता है। पत्रकारों से बातचीत के दौरान सिब्बल ने पश्चिम बंगाल में ईडी की कार्रवाई का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में जहां भाजपा चुनाव नहीं जीत सकती, वहां ममता बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) को परेशान करने के लिए ईडी का इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि कोई भी जांच एजेंसी किसी दफ्तर में जाकर सभी फाइलें कैसे ले जा सकती है। अगर कोयला घोटाले की जांच करनी है तो उससे जुड़ी फाइलें लें, लेकिन हर फाइल ले जाना किस अधिकार में है? किसी भी जांच एजेंसी को ऐसा करने का हक नहीं है। विपक्षी नेताओं को डराने के लिए हो रहा ईडी का इस्तेमाल- सिब्बल कपिल सिब्बल ने ईडी को एक सर्वव्यापी एजेंसी की तरह इस्तेमाल किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य कानून लागू करना नहीं, बल्कि विपक्षी नेताओं को डराना और परेशान करना है। उन्होंने केंद्र और राज्य के बीच बढ़ते टकराव का जिक्र करते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल में राज्य और केंद्र के बीच जानबूझकर विवाद पैदा किया जा रहा है। सिब्बल ने आगे कहा कि चुनाव के समय ही ऐसी कार्रवाइयां क्यों तेज हो जाती हैं। कोयला घोटाला कोई नया मामला नहीं है, यह कई वर्षों से चल रहा है। फिर अब ही अचानक कार्रवाई क्यों? राज्यसभा सांसद ने यूपीए सरकार के कार्यकाल (2004 से 2014) को याद करते हुए कहा कि उस समय इस तरह की खबर …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 2 min · National Desk

ईरान में क्यों भड़का देशव्यापी प्रदर्शन?: महंगाई से शुरू आंदोलन, कैसे विद्रोह में तब्दील; जानिए अभी तक क्या हुआ

इन प्रदर्शनों की शुरुआत 28 दिसंबर को रियाल के रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचने के बाद तेहरान के बाजारों से हुई, जहां व्यापारियों ने आसमान छूती महंगाई के खिलाफ दुकानें बंद कर प्रदर्शन शुरू किया। हालात तब और बिगड़े जब खाने के तेल, चिकन जैसी जरूरी चीजों की कीमतें रातोंरात बढ़ गईं और कई सामान बाजार से गायब हो गए। सरकार द्वारा सस्ती डॉलर व्यवस्था खत्म करने के फैसले ने आग में घी डालने का काम किया। अब तक ये प्रदर्शन सभी 31 प्रांतों में फैल चुका हैं। मानवाधिकार संगठन के मुताबिक, कम से कम 62 प्रदर्शनकारी मारे गए, जिनमें कई बच्चे भी शामिल हैं।यह आंदोलन 2022 के ‘वूमन, लाइफ, फ्रीडम’ आंदोलन के बाद सबसे बड़ा माना जा रहा है। अब तक 100 से ज्यादा शहरों में प्रदर्शन हो चुके हैं। पश्चिमी ईरान के कुर्द बहुल इलाकों में हालात सबसे ज्यादा तनावपूर्ण हैं। प्रदर्शनकारियों के नारे अब सीधे सत्ता के केंद्र पर हैं- ‘खामेनेई मुर्दाबाद’, ‘तानाशाह का नाश हो’ और रजा पहलवी के नेतृत्व में राजशाही की वापसी जैसे नारे तेहरान, मशहद और अन्य प्रमुख शहरों में खुलेआम लगाए जा रहे हैं। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

January 10, 2026 · 1 min · National Desk