कोलकाता के दुर्गा पूजा पंडाल में मची भगदड़ में 19 लोगों की मौत के बाद ओडिशा पुलिस भी सतर्क हो गई है। भुवनेश्वर और कटक में दुर्गा पूजा के दौरान भीड़ को संभालने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए खास इंतजाम किए जा रहे हैं। पुलिस ने पूजा समितियों को साफ निर्देश दिया है कि पंडालों में दर्शन के लिए कतार की व्यवस्था करें, ताकि भीड़ एक जगह जमा न हो और किसी तरह की अनहोनी से बचा जा सके। ओडिशा के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) विनयतोष मिश्रा ने रविवार को बताया कि संकरे रास्तों पर अचानक भीड़ बढ़ने से भगदड़ जैसी स्थिति पैदा हो सकती है। इसी खतरे को देखते हुए पूजा समितियों से कहा गया है कि वे पंडालों में लोगों के आने-जाने का रास्ता तय करें और कतार लगाकर दर्शन कराने की व्यवस्था करें। उन्होंने कहा कि पंडालों के प्रवेश और निकास द्वारों पर पुलिसकर्मियों के साथ स्वयंसेवकों को भी तैनात किया गया है। एक बार में सीमित संख्या में ही लोगों को अंदर जाने दिया जाएगा। अगर पंडाल के भीतर कोई व्यक्ति गिरता है, तो तुरंत लोगों का प्रवेश रोक दिया जाएगा, ताकि स्थिति बिगड़ने से बचाई जा सके।डीजीपी के मुताबिक, भीड़भाड़ वाले इलाकों में पुलिस की मोबाइल टीमें, चेन छिनने की घटनाओं को रोकने वाले दस्ते, छेड़छाड़ पर नजर रखने वाली टीमें और विशेष बल तैनात किए गए हैं। पंडालों की ओर जाने वाली संकरी सड़कों पर चार पहिया वाहनों की आवाजाही भी सीमित की गई है। इसके अलावा, आपात स्थिति से निपटने के लिए आयोजन स्थलों पर एंबुलेंस और दमकल की गाड़ियां भी तैनात रहेंगी। इन इंतजामों का मकसद है कि जरूरत पड़ने पर घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया जा सके और आग लगने जैसी घटनाओं पर जल्द काबू पाया जा सके।कटक-भुवनेश्वर के पुल …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)

मूल लेख स्रोत पर पढ़ें