ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया मंच ट्रुथ सोशल पर लिखा कि उन्होंने आठ युद्ध खत्म किए और दो अन्य संघर्षों को समाप्त करने या सुलझाने के करीब हैं। उन्होंने इस्राइल के सभी बंधकों की रिहाई का दावा किया। उनके अनुसार, अंतिम 28 बंधक भी वापस लाए गए, जिनमें जीवित और मृत दोनों शामिल थे। उन्होंने दुनिया के अलग-अलग देशों के सैकड़ों बंधकों को रिहा कराकर घर भेजने की बात भी कही। ट्रंप ने वेनेजुएला में युद्ध जीतने और वहां के शासक को पकड़ने का दावा किया। साथ ही कहा कि उन्होंने ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोका। इन्हीं उपलब्धियों का हवाला देकर उन्होंने सवाल किया कि उन्हें या अमेरिका को नोबेल शांति पुरस्कार क्यों नहीं मिला।नॉर्वे की नोबेल समिति ने शुक्रवार को नवी पिल्लई को 2026 का नोबेल शांति पुरस्कार देने की घोषणा की थी। इसके बाद ट्रंप ने पुरस्कार के फैसले की आलोचना की। उन्होंने कहा कि वह पिल्लै को नहीं जानते और उनके अनुसार, दूसरे लोग भी उनके बारे में नहीं जानते। ट्रंप ने यह आरोप भी लगाया कि पिल्लै स्पष्ट रूप से इस्राइल से नफरत करती हैं। ये ट्रंप के अपने आरोप हैं। नोबेल समिति ने पुरस्कार की घोषणा में पिल्लै के काम को आधार बनाया और कहा कि उन्होंने वैश्विक कानूनी व्यवस्था को मजबूत करने में साहस और ईमानदारी के साथ योगदान दिया है।नोबेल समिति के अनुसार, पिल्लै ने युद्ध अपराधों, मानवता के खिलाफ अपराधों और नरसंहार के मामलों में दोषियों पर मुकदमा चलाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उनका जन्म दक्षिण अफ्रीका के डरबन में भारतीय तमिल मूल के परिवार में रंगभेद के दौर में हुआ था। वह वकील बनीं और भेदभाव, अलगाव तथा लोगों को अधिकारों से वंचित रखने वाली व्यवस्था के खिलाफ क …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)

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