प्रेस सूचना ब्यूरो ने सोमवार को जारी बयान में कहा कि ये कार्यक्रम भारत की स्वदेशी जहाज निर्माण क्षमता का प्रदर्शन हैं। उन्नत स्लिपवे-4 की लंबाई बढ़ाई गई है। इसकी भार उठाने की क्षमता भी बढ़ाई गई है। इसके साथ 300 टन की गोलियथ क्रेन भी लगाई गई है।इससे शिपयार्ड 45 हजार डेडवेट टन तक के जहाज बना और उन्हें पानी में उतार सकेगा। बयान में कहा गया कि इससे शिपयार्ड की क्षमता में बड़ा विस्तार होगा। अब वह बड़े और जटिल समुद्री प्लेटफॉर्म बनाने का काम कर सकेगा।बयान के अनुसार, फ्लीट सपोर्ट शिप-1 भारतीय नौसेना के लिए बनाए जा रहे पांच बेड़ा सहायता जहाजों में पहला है। स्टील काटने का काम शुरू होने के केवल 18 महीने बाद यह बंगाल की खाड़ी में उतरेगा।बयान में कहा गया कि 43,500 टन वजन वाले ये जहाज समुद्र में नौसेना के युद्धपोतों को जरूरी सामान और ईंधन उपलब्ध कराएंगे। इससे हिंद महासागर क्षेत्र में नौसेना की लंबे समय तक काम करने की क्षमता और पहुंच बढ़ेगी।फ्लीट सपोर्ट शिप–5 की आधारशिला रखे जाने के साथ इस परियोजना के तहत लगातार जहाज बनाने की दिशा में आगे बढ़ने का संकेत मिलेगा। कार्यक्रमों में आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू, नौसेना प्रमुख एडमिरल कृष्ण स्वामीनाथन और रक्षा उत्पादन सचिव संजीव कुमार के शामिल होने की उम्मीद है।कार्यक्रम से पहले राजनाथ सिंह सोमवार शाम विशाखापत्तनम में पूर्वी नौसेना कमान की ओर से आयोजित बाराखाना में शामिल हुए। उन्होंने भारतीय नौसेना के जवानों और उनके परिवारों से बातचीत भी की। रक्षा मंत्रालय ने बताया कि राजनाथ सिंह ने देश के समुद्री हितों की रक्षा के लिए नौसैनिकों की लगातार प्रतिबद्धता की सराहना की।उन्होंने उनके परिवारों के योगदान और …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)
फ्लीट सपोर्ट शिप-1 का शुभारंभ: राजनाथ सिंह विशाखापत्तनम में नौसेना को सौंपेंगे एफएसएस-1, बढ़ रही स्वदेशी ताकत
प्रेस सूचना ब्यूरो ने सोमवार को जारी बयान में कहा कि ये कार्यक्रम भारत की स्वदेशी जहाज निर्माण क्षमता का प्रदर्शन हैं। उन्नत स्लिपवे-4 की लंबाई बढ़ाई गई है। इसकी भार उठाने की क्षमता भी बढ़ाई गई है। इसके साथ 300 टन की गोलियथ क्रेन भी लगाई गई है।इससे शिपयार्ड 45 हजार डेडवेट टन तक के जहाज बना और उन्हें पानी में उतार सकेगा। बयान में कहा गया कि इससे शिपयार्ड की क्षमता में बड़ा विस्तार होगा। अब वह बड़े और जटिल समुद्री प्लेटफॉर्म बनाने का काम कर सकेगा।बयान के अनुसार, फ्लीट सपोर्ट शिप-1 भारतीय नौसेना के