मोबाइल पर आने वाली स्पैम और परेशान करने वाली कॉल को रोकने के लिए अब टेलीकॉम कंपनियों की जिम्मेदारी बढ़ा दी गई है। भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण ने ऐसे नए नियम जारी किए हैं, जिनके तहत टेलीकॉम कंपनियों को अपने एआई और मशीन लर्निंग आधारित सिस्टम से संदिग्ध स्पैम कॉल की पहचान होने के बाद खुद कार्रवाई करनी होगी। इसके लिए ग्राहक की ओर से अलग से शिकायत करना जरूरी नहीं होगा। नियमों के तहत स्पैमर की पहचान होने पर उसका दोबारा केवाईसी कराया जाएगा और उल्लंघन मिलने पर फोन कनेक्शन तक काटा जा सकता है। नए नियमों में ट्रूकॉलर जैसे कॉल मैनेजमेंट ऐप या इसी तरह की सेवाओं को उन नंबर सीरीज से आने वाली कॉल को टैग, ब्लॉक या फिल्टर करने से रोका गया है, जिन्हें प्राधिकरण ने इस तरह के इस्तेमाल के लिए निर्धारित किया है। इसमें 160 से शुरू होने वाली नंबर सीरीज और केंद्र सरकार की व्यावसायिक तथा सरकारी संचार के लिए निर्धारित नंबर शामिल हैं। हालांकि ग्राहक अपने फोन में अपनी इच्छा के अनुसार किसी भी कॉल को फिल्टर या ब्लॉक कर सकेंगे। इसके अलावा सभी श्रेणियों के टेलीमार्केटिंग कॉल को रोकने के लिए ग्राहक 1909 पर ‘BLOCK PROMO’ लिखकर एसएमएस भेज सकेंगे। यह विकल्प केवल प्रमोशनल कमर्शियल कम्युनिकेशन को रोकेगा, लेनदेन, सेवा और सरकारी संचार को नहीं। पुराने ‘FULLY BLOCK’ विकल्प में दर्ज सभी प्राथमिकताओं को 15 दिनों के भीतर ‘BLOCK PROMO’ श्रेणी में स्थानांतरित किया जाएगा। नए नियमों को अधिसूचना की तारीख से 30 से 90 दिनों के चरणों में लागू किया जाएगा। नए नियमों के मुताबिक किसी टेलीकॉम कंपनी के एआई या मशीन लर्निंग सिस्टम ने किसी आने वाली कॉल को संदिग्ध स्पैम के रूप में चिन्हित किया, तो उस क …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)
कैसे होगी स्पैम कॉल की पहचान?: ट्राई ने टेलीकॉम कंपनियों के लिए जारी किए नए नियम; आप खुद भी कर सकते हैं शिकायत
मोबाइल पर आने वाली स्पैम और परेशान करने वाली कॉल को रोकने के लिए अब टेलीकॉम कंपनियों की जिम्मेदारी बढ़ा दी गई है। भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण ने ऐसे नए नियम जारी किए हैं, जिनके तहत टेलीकॉम कंपनियों को अपने एआई और मशीन लर्निंग आधारित सिस्टम से संदिग्ध स्पैम कॉल की पहचान होने के बाद खुद कार्रवाई करनी होगी। इसके लिए ग्राहक की ओर से अलग से शिकायत करना जरूरी नहीं होगा। नियमों के तहत स्पैमर की पहचान होने पर उसका दोबारा केवाईसी कराया जाएगा और उल्लंघन मिलने पर फोन कनेक्शन तक काटा जा सकता है। नए निय