भारत मौसम विभाग (आईएमडी) ने उत्तर प्रदेश में 1 से 6 सितंबर तक भारी बारिश का पूर्वानुमान जताया है। इसके साथ ही कई जिलों में आकस्मिक बाढ़, मेघगर्जन और वज्रपात की आशंका भी है। योगी सरकार ने इसे गंभीरता से लेते हुए संबंधित जिलों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। प्रयागराज में अगस्त के दौरान 631.6 मिमी और बांदा में 646 मिमी बारिश दर्ज हुई। इन दोनों जिलों में वर्ष 1901 से अब तक अगस्त में इतनी बारिश कभी दर्ज नहीं की गई। राहत आयुक्त कार्यालय ने जिला प्रशासन को मौसम पर लगातार नजर रखने को कहा है। सरकार ने लोगों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। प्रभावित और संभावित क्षेत्रों में तैयारियां मजबूत रखने के निर्देश दिए गए हैं। जरूरतमंदों को हरसंभव मदद उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया है।बांदा, चित्रकूट, प्रयागराज, वाराणसी, लखनऊ और आगरा समेत कई जिलों में भारी बारिश की आशंका है। सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली, वाराणसी, प्रयागराज में आकस्मिक बाढ़ की संभावना है। पूर्वांचल, मध्य यूपी, बुंदेलखंड और पश्चिमी यूपी के जिलों में वज्रपात का अलर्ट है।राहत आयुक्त कार्यालय ने लोगों से सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है। मंत्री नंद गोपाल नंदी ने चित्रकूट के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया और राहत किट बांटी।मंगलवार को दक्षिणी और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में अच्छी बारिश हुई। प्रतापगढ़ में सर्वाधिक 147 मिमी और सोनभद्र में 140 मिमी बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग ने बुधवार के लिए यूपी के 21 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है।मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार अगले तीन से चार दिन दक्षिणी उत्तर प्रदेश में बारिश की गतिविधियां बनी रहेंगी। पूर्वी और दक्षिणी जिलों में अच्छी …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)

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