कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि लोकसभा को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित करने और उसके सत्रावसान (औपचारिक रूप से सत्र समाप्त करने) के बीच आमतौर पर दो से चार दिन का अंतर होता है। हालांकि, ऐसे कई उदाहरण हैं जब स्थगन और सत्रावसान एक ही दिन हुआ है।रमेश ने कहा कि लोकसभा को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित हुए 10 दिन हो चुके हैं, लेकिन अभी तक इसके सत्रावसान की कोई जानकारी नहीं है। कांग्रेस नेता ने एक्स पर कहा, ‘‘यह सही है कि 2015 में मानसून सत्र में यह अंतर 28 दिन और 2021 में 20 दिन का था। लेकिन तब कोई शैतानी चाल नहीं चल रही थी।‘‘उन्होंने सवाल किया, ‘‘अब असामान्य देरी की वजह क्या है? क्या केंद्रीय गृह मंत्री अब भी विशेष सत्र में परिसीमन से जुड़े संविधान संशोधन विधेयक को पारित कराने के लिए अपने दागी दो-तिहाई बहुमत की तलाश में हैं?‘‘कांग्रेस नेता ने संसद की कार्यवाही से जुड़ी पुस्तक ‘प्रैक्टिस एंड प्रोसीजर ऑफ पार्लियामेंट’ के एमएन कौल और एसएल शकधर द्वारा लिखे गए एक पृष्ठ का स्क्रीनशॉट भी साझा किया। इसका उद्देश्य सदन के सत्रावसान की प्रक्रिया को रेखांकित करना था।पुस्तक में कहा गया है, ‘‘अनुच्छेद 85(2) के तहत राष्ट्रपति के आदेश से सदन के सत्र की समाप्ति को सत्रावसान कहा जाता है। सदन का सत्रावसान करने की शक्ति का इस्तेमाल करते हुए राष्ट्रपति प्रधानमंत्री की सलाह पर कार्य करते हैं। प्रधानमंत्री राष्ट्रपति को सलाह देने से पहले मंत्रिमंडल से परामर्श कर सकते हैं।‘‘इसमें कहा गया है, ‘‘सदन का सत्रावसान किसी भी समय हो सकता है, यहां तक कि सदन की बैठक के दौरान भी। हालांकि, आमतौर पर सदन की बैठक को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित किए जाने के बाद सत्रावसान होता है। सदन के सत्रावसान …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)
'किस तैयारी में जुटी सरकार?': मानसून सत्र खत्म करने में देरी पर कांग्रेस का सवाल, अमित शाह पर साधा निशाना
कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि लोकसभा को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित करने और उसके सत्रावसान (औपचारिक रूप से सत्र समाप्त करने) के बीच आमतौर पर दो से चार दिन का अंतर होता है। हालांकि, ऐसे कई उदाहरण हैं जब स्थगन और सत्रावसान एक ही दिन हुआ है।रमेश ने कहा कि लोकसभा को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित हुए 10 दिन हो चुके हैं, लेकिन अभी तक इसके सत्रावसान की कोई जानकारी नहीं है। कांग्रेस नेता ने एक्स पर कहा, ''यह सही है कि 2015 में मानसून सत्र में यह अंतर 28 दिन और 2021 में 20 दिन का था। लेकिन तब कोई शैतान