तमिल भाषा में लिखे इसे संपादकीय में लिखा गया, स्वतंत्रता दिवस पर ध्वज फहराने वाले मुख्यमंत्री विजय की इज्जत की हवा निकल गई। उन्हें न शर्म थी और न झिझक। उन्होंने एक अभिनेत्री को सामने की पंक्ति में बैठाया और दोनों ने बारी-बारी से एक-दूसरे को सलामी दी। यह दृश्य उन लोगों से भी बर्दाश्त नहीं हुआ, जिन्होंने विजय को वोट दिया था। इस तरह की अश्लील और शर्मनाक हरकत को सही ठहराने की कोशिश करने वाले विजय आज तमिलनाडु के मुख्यमंत्री बने हैं। इसमें आगे लिखा गया, सिर्फ तीन महीने में ही उन्हें डर लगने लगा है कि उनका प्रभाव और उनका पद टिकेगा या नहीं। उनके भाषण से भी यह डर साफ दिखाई देता है। ध्वज फहराने के बाद मुख्यमंत्री विजय ने कहा- आप सभी ने हमें वोट दिया है। विजय को जिताकर मुख्यमंत्री बना दिया है। इसलिए ऐसा कोई न सोचे कि उसका काम अब पूरा हो गया। तभी मैं आपके लिए जिन-जिन अच्छी योजनाओं के बारे में सोच रहा हूं, उन्हें लागू कर पाऊंगा। संपादकीय में कहा गया है कि विजय यह बात कहते हुए रोने और शिकायत करने जैसी मुद्रा में दिखाई दिए। आखिर इस रोने और शिकायत की वजह क्या है? जिन लोगों ने विजय पर भरोसा करके उन्हें वोट दिया था, वे अब कह रहे हैं कि हमने गलती कर दी। इसमें कोयंबटूर की 10 साल की बच्ची के साथ हुई यौन हिंसा का जिक्र करते हुए आरोप लगाया गया है कि विजय सरकार इस घटना को छिपाने की कोशिश कर रही है। एक महिला के हवाले से लिखा गया है- ‘आप तो एक्शन हीरो हैं। हमने यह सोचकर आपको वोट दिया था कि अगर कोई गलत काम होगा तो आप कार्रवाई करेंगे’। ऐसी बातें कहकर कई लोग अपना दुख और गुस्सा जाहिर कर रहे हैं। फिल्म बनाने वालों को पद देने का आरोप द्रमुक के मुखपत्र ने …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)
तमिलनाडु: सीएम पर DMK का हमला, मुखपत्र में अभिनेत्री को सलामी से लेकर कानून-व्यवस्था तक क्या-क्या सवाल उठाए?
तमिल भाषा में लिखे इसे संपादकीय में लिखा गया, स्वतंत्रता दिवस पर ध्वज फहराने वाले मुख्यमंत्री विजय की इज्जत की हवा निकल गई। उन्हें न शर्म थी और न झिझक। उन्होंने एक अभिनेत्री को सामने की पंक्ति में बैठाया और दोनों ने बारी-बारी से एक-दूसरे को सलामी दी। यह दृश्य उन लोगों से भी बर्दाश्त नहीं हुआ, जिन्होंने विजय को वोट दिया था। इस तरह की अश्लील और शर्मनाक हरकत को सही ठहराने की कोशिश करने वाले विजय आज तमिलनाडु के मुख्यमंत्री बने हैं। इसमें आगे लिखा गया, सिर्फ तीन महीने में ही उन्हें डर लगने लगा है कि