डीएचएस ने एफ-1 छात्र वीजा, जे-1 एक्सचेंज विजिटर वीजा और विदेशी पत्रकारों के लिए आई वीजा पर अधिकतम चार वर्ष की अवधि तय कर दी है। नए नियम के तहत पढ़ाई पूरी होने के बाद अमेरिका में रहने की छूट 60 दिन से घटाकर 30 दिन कर दी जाएगी। अगर किसी छात्र को अपनी अवधि बढ़ानी होगी तो उसे अमेरिकी नागरिकता एवं आव्रजन सेवा (यूएससीआईएस) से फॉर्म आई-539 के माध्यम से मंजूरी लेनी होगी। यह सलाह अमेरिकी गृह सुरक्षा विभाग (डीएचएस) के नए “अंतिम नियम” के लागू होने से पहले दी गई है। यह नियम लंबे समय से लागू “ड्यूरेशन ऑफ स्टेटस यानी डी/एस व्यवस्था” की जगह लेगा।नए नियम के तहत अंतरराष्ट्रीय छात्रों को अमेरिका में अधिकतम चार वर्ष की निश्चित अवधि के लिए ही प्रवेश मिलेगा। मौजूदा व्यवस्था में एफ-1 वीजा धारक छात्र तब तक अमेरिका में रह सकते हैं, जब तक वे अपने शैक्षणिक कार्यक्रम की शर्तों का पालन करते रहते हैं।कोलंबिया विश्वविद्यालय ने अपने नोटिस में कहा, “इस अंतिम नियम को लागू करने के लिए 60 दिन का समय दिया गया है। हम सभी छात्रों को सलाह देते हैं कि वे 8 सितंबर, 2026 से शुरू होने वाली कक्षाओं से पहले न्यूयॉर्क लौट आएं।“डीएचएस के अनुसार, जो छात्र 15 सितंबर को पहले से अमेरिका में “ड्यूरेशन ऑफ स्टेटस” के तहत मौजूद होंगे, वे अपने फॉर्म आई-20 में दर्ज कार्यक्रम पूरा होने तक या स्वीकृत ऑप्शनल प्रैक्टिकल ट्रेनिंग (ओपीटी/एसटीईएम ओपीटी) की अवधि तक अमेरिका में रह सकेंगे।हालांकि, यह छूट भी नए नियम के लागू होने की तारीख से अधिकतम चार वर्ष तक ही मान्य होगी और किसी भी स्थिति में 14 नवंबर, 2030 के बाद लागू नहीं रहेगी। इसमें देश छोड़ने के लिए मिलने वाली अवधि भी शामिल होगी।नए नियम के बाद भारतीय छा …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)

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