‘पंचायत’ की टंकी पर अभिषेक-रिंकी की मुलाकात तो सिर्फ कहानी थी, लेकिन इंदौर में उसी सीन की नकल अब लोगों की जान पर भारी पड़ सकती है। निपानिया की 30 फीट ऊंची जर्जर पानी की टंकी इन दिनों युवक-युवतियों का पसंदीदा ठिकाना बन गई है। हर शाम यहां युवा टंकी पर चढ़कर घंटों बैठते हैं, जबकि टंकी का ढांचा इतना कमजोर है कि जरा-सी चूक भी बड़े हादसे की वजह बन सकती है। रहवासी लगातार प्रशासन से कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। 30 फीट ऊंची जर्जर टंकी बनी युवाओं का अड्डा निपानिया क्षेत्र की करीब 30 फीट ऊंची पुरानी पानी की टंकी इन दिनों युवक-युवतियों के मिलने-जुलने की जगह बन गई है। आसपास के कॉलेज और स्कूलों में पढ़ने वाले युवा हर शाम टंकी पर चढ़कर घंटों बैठते हैं, बातचीत करते हैं और समय बिताते हैं। जिस जगह को वे सुरक्षित समझ रहे हैं, वह वास्तव में काफी खतरनाक स्थिति में है। न रेलिंग, न सुरक्षित सीढ़ियां, फिर भी रोज पहुंच रहे युवा स्थानीय रहवासियों के अनुसार, टंकी पर न तो सुरक्षा रेलिंग लगी है और न ही वहां चढ़ने के लिए मजबूत सीढ़ियों की व्यवस्था है। टंकी के कई हिस्से जर्जर हो चुके हैं। यही वजह है कि लंबे समय से इसका उपयोग पानी की सप्लाई के लिए भी नहीं किया जा रहा है। इसके बावजूद हर शाम यहां युवाओं की आवाजाही लगातार बनी रहती है। रहवासियों का कहना है कि उन्होंने कई बार युवक-युवतियों को टंकी पर चढ़ने से रोका और संभावित खतरे के बारे में भी समझाया। इसके बावजूद युवाओं पर इसका कोई खास असर नहीं हुआ। उनका कहना है कि जरा-सी फिसलन या छोटी-सी गलती किसी की जान ले सकती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर निगम को इस जर्जर पानी की टंकी का जल्द तकनीकी परीक्षण कराना चाहिए। यदि जां …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)

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