मौसम विभाग (आईएमडी) ने हिमाचल प्रदेश, जम्मू कश्मीर और उत्तराखंड में अगले 24 घंटे में भारी बारिश, भूस्खलन और अचानक बाढ़ का खतरा जताते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। इधर, पुणे के पास मोशी स्थित वेस्ट प्रोसेसिंग यूनिट में इमारत गिरने के हादसे में लापता आखिरी व्यक्ति का शव भी रविवार तड़के बरामद कर लिया गया। इसके साथ ही इस हादसे में जान गंवाने वालों की संख्या बढ़कर नौ हो गई है।बचाव दल ने तलाशी अभियान पूरा होने के बाद इसे समाप्त कर दिया। वायनाड में गत दिनों हुए भूस्खलन की घटना में एक शव और बरामद कर लिया गया है। इसके विपरीत, देश के उत्तर-पश्चिम व मध्य भारत के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां कमजोर पड़ गई हैं। वजह पाकिस्तान की ओर से आ रही गर्म और सूखी पश्चिमी हवाएं हैं। वातावरण की नमी कम हो रही है, बादल कम बन रहे हैं। इससे दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, मध्यप्रदेश, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और राजस्थान के कई हिस्सों में अपेक्षित बारिश नहीं हो रही है। उमस व गर्मी बनी हुई है।मौसम विभाग (आईएमडी) के मुताबिक, देश के 70% हिस्से से मानसून के बादल गायब होने के पीछे सबसे बड़ी वजह मानसून को सक्रिय रखने वाले सिस्टम का कमजोर पड़ना है। 9 जुलाई के बाद बंगाल की खाड़ी में कोई नया मजबूत लो-प्रेशर सिस्टम नहीं बना, जिससे मानसूनी हवाओं को पर्याप्त नमी नहीं मिल सकी। इसके साथ ही मानसून ट्रफ भी अपनी सामान्य स्थिति से उत्तर की ओर खिसक गई है। इसकी वजह से मध्य, पश्चिम और दक्षिण भारत के बड़े हिस्से में बादल और बारिश की गतिविधियां काफी कम हो गई हैं। फिलहाल बारिश मुख्य रूप से उत्तर भारत, पूर्वी राज्यों और पूर्वोत्तर तक सीमित है। आईएमडी का अनुमान है कि अगले कुछ दिनों तक देश के अधिकांश …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)

मूल लेख स्रोत पर पढ़ें