Khabaron Ke Khiladi: चन्नी के तेवर से बदलेगी पंजाब कांग्रेस या वड़िंग बने रहेंगे राजा? विश्लेषकों से समझें रामकृपाल सिंह: इस देश में अगर जनता से पूछिए कि विकल्प क्या है? मैं ये बहुत पहले से कहता रहा हूं कि राष्ट्रीय पार्टी का विकल्प राष्ट्रीय पार्टी ही होगी। आज भी अगर भाजपा का कोई विकल्प है तो कांग्रेस है। भारत जैसे देश में राष्ट्रीय पार्टी ही विकल्प होगी। अनुशासनहीनता कोई नई चीज नहीं है। जो बहुत दिनों से सत्ता बाहर है, उसके लिए इसे रोकना मुश्किल होता है। इस देश में अगर जनता से पूछिए कि विकल्प क्या है? मैं ये बहुत पहले से कहता रहा हूं कि राष्ट्रीय पार्टी का विकल्प राष्ट्रीय पार्टी ही होगी। आज भी अगर भाजपा का कोई विकल्प है तो कांग्रेस है। भारत जैसे देश में राष्ट्रीय पार्टी ही विकल्प होगी। अनुशासनहीनता कोई नई चीज नहीं है। जो बहुत दिनों से सत्ता बाहर है, उसके लिए इसे रोकना मुश्किल होता है। पंजाब में अगले साल विधानसभा चुनाव हैं। चुनाव के लिए नौ महीने से भी कम का वक्त बचा है। इससे पहले राज्य में कांग्रेस के नेताओं के बीच आपसी खींचतान की खबरें आने लगी है। बीते पूरे हफ्ते राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी की नाराजगी की खबरें आती रहीं। इस हफ्ते खबरों के खिलाड़ी में इसी पर चर्चा हुई। चर्चा के लिए वरिष्ठ पत्रकार रामकृपाल सिंह, विनोद अग्निहोत्री, प …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)
Khabaron Ke Khiladi: चन्नी के तेवर से बदलेगी पंजाब कांग्रेस या वड़िंग बने रहेंगे राजा? विश्लेषकों से समझें
Khabaron Ke Khiladi: चन्नी के तेवर से बदलेगी पंजाब कांग्रेस या वड़िंग बने रहेंगे राजा? विश्लेषकों से समझें रामकृपाल सिंह: इस देश में अगर जनता से पूछिए कि विकल्प क्या है? मैं ये बहुत पहले से कहता रहा हूं कि राष्ट्रीय पार्टी का विकल्प राष्ट्रीय पार्टी ही होगी। आज भी अगर भाजपा का कोई विकल्प है तो कांग्रेस है। भारत जैसे देश में राष्ट्रीय पार्टी ही विकल्प होगी। अनुशासनहीनता कोई नई चीज नहीं है। जो बहुत दिनों से सत्ता बाहर है, उसके लिए इसे रोकना मुश्किल होता है। इस देश में अगर जनता से पूछिए कि विकल्प क