अमरनाथ यात्रा में श्रद्धालुओं को इस बार हेलीकॉप्टर की सुविधा भी मिलेगी। तीन जुलाई से शुरू हो रही यात्रा के लिए जून के मध्य में टिकटों की कीमतों की घोषणा की जाएगी। बीते साल पहलगाम आतंकी हमले के बाद सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के बाद हेली सेवा बंद कर दी गई थी। बालटाल : नीलग्रथ-पंजतरणी-नीलग्रथ पहलगाम : पहलगाम-पंजतरणी-पहलगाम अमरनाथ यात्रा के लिए हर साल लाखों श्रद्धालु जम्मू-कश्मीर पहुंचते हैं। ऐसे में जो श्रद्धालु पैदल चलने में असमर्थ होते हैं या फिर समय बचाना चाहते हैं, वे हेलीकॉप्टर से यात्रा को प्राथमिकता देते हैं। बालटाल और पहलगाम रूट से यात्रा संपन्न होती है। हेलीकॉप्टर से इन रूटों के बेस कैंप से कुछ ही मिनटों में गुफा के पास तक पहुंचा जा सकता है।हेली सेवा का जिम्मा श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड के पास है। वही यात्रा के लिए टिकटों की दर तय करता है। बीते साल 22 अप्रैल को हुए पहलगाम आतंकी हमले में 26 पर्यटकों की जान चली गई थी। इसके बाद भारत की ओर से जवाबी कार्रवाई के रूप में ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया गया। इस बीच जुलाई से अमरनाथ यात्रा की शुरुआत तो हुई, लेकिन हेली सेवा के संचालन को अनुमति नहीं दी गई।इस बार अमरनाथ यात्रा तीन जुलाई से शुरू होकर 28 अगस्त तक चलेगी। इस दौरान हेली सेवाओं के संचालन को अनुमति दे दी गई है। इससे श्रद्धालुओं को बड़ी राहत मिलेगी। श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड की वेबसाइट से ही बुक होंगे टिकट टिकटों की दर तय हो जाने के बाद श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट https://jksasb.nic.in पर जाकर ऑनलाइन बुकिंग कराई जा सकेगी। इसके लिए मोबाइल नंबर और ईमेल की आवश्यकता होगी। अमरनाथ जाने वाले श्रद्धालु इस बार हवाई सेवा का लाभ ले सकेंगे। टिकटों की …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)
इस बार हेलीकॉप्टर से आएं बाबा बर्फानी के द्वार: जून में पता चलेगा कितने की है टिकट, 3 जुलाई से अमरनाथ यात्रा
अमरनाथ यात्रा में श्रद्धालुओं को इस बार हेलीकॉप्टर की सुविधा भी मिलेगी। तीन जुलाई से शुरू हो रही यात्रा के लिए जून के मध्य में टिकटों की कीमतों की घोषणा की जाएगी। बीते साल पहलगाम आतंकी हमले के बाद सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के बाद हेली सेवा बंद कर दी गई थी। बालटाल : नीलग्रथ-पंजतरणी-नीलग्रथ पहलगाम : पहलगाम-पंजतरणी-पहलगाम अमरनाथ यात्रा के लिए हर साल लाखों श्रद्धालु जम्मू-कश्मीर पहुंचते हैं। ऐसे में जो श्रद्धालु पैदल चलने में असमर्थ होते हैं या फिर समय बचाना चाहते हैं, वे हेलीकॉप्टर से यात्रा को प