लाइफ जैकेट पहने एक मां… और उसके सीने से लिपटा उसका मासूम बेटा। जब दोनों के शव बरगी डैम के पानी से बाहर निकाले गए, तो यह दृश्य देखकर लोगों की रूह कांप उठी। यह मंजर उस दर्दनाक हादसे के बाद का था, जिसने हर किसी को भीतर तक झकझोर दिया। मौके पर मौजूद लोग हों या सोशल मीडिया पर इस तस्वीर को देखने वाले—हर आंख नम हो गई। यह सिर्फ एक हादसा नहीं था, बल्कि ममता की वह आखिरी झलक थी, जो मौत के बाद भी जिंदा रही। मां आखिरी सांस तक उस भयावह त्रासदी से जूझती रही, लेकिन अपने बच्चे को सीने से लगाए रखा। मौत भी उसके आंचल से मासूम को अलग नहीं कर सकी। जब यह दृश्य सामने आया, तो हर दिल सिहर उठा। यह तस्वीर सिर्फ एक हादसे की कहानी नहीं कहती, बल्कि उस अटूट ममता की गवाही देती है, जो जीवन के पार भी अपने बच्चे को थामे रहती है। राहत-बचाव कार्य में जुटी टीम का वीडियो भी सामने आया है। जिसमें चार से पांच सदस्यों की टीम सुबह मां और बेटे के शव को बरगी डैम से बाहर निकाल रहे हैं। वीडियो में आप देख सकते हैं कि इतने भयावह पानी और तेज लहरों के बीच बचाव कार्य करना चुनौती पूर्ण बना हुआ है। लेकिन उससे बाद भी टीमें बचाव की हर एक संभव कोशिश करने में जुटी हुई हैं।सेना की तरफ से आए बचावकर्मी ने कहा कि क्रूज पलटकर डूब चुका था। अंदर जाने के बाद जहां से थोड़ी बहुत जगह मिली, वहां से अंदर जाकर शव ढूंढने की कोशिश की। दृश्यता भी काफी कम थी। आधे फीट की दूरी तक भी कुछ नहीं दिख रहा था। अंदर हमने जो मंजर देखा, उसे देखकर हैरान हो गए। महिला को बाहर निकालने की कोशिश की, तो बॉडी बाहर नहीं आ पा रही थी। हमने देखा तो पाया कि उसे सिमटकर एक बच्चा भी था। हम खींचने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन उस मां की पकड़ अपने बच्चे से छूट ही न …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)

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