1 of 20 Mathura Boat Accident - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स घटना से लुधियाना निवासी तनिश बेहद व्यथित थे। उनकी आंखों के सामने ही पूरा हादसा हुआ था और उनकी भी जान जाते-जाते बची। अश्रुपूरित नेत्रों से उन्होंने पूरे हादसे के बारे में बताया। बोले….. ‘सभी नाव में सवार होकर चले थे। खुश थे और संकीर्तन कर रहे थे। हवा तेज चल रही थी तो जैसे उन्हें यह आभास हो गया कि कुछ गड़बड़ी हो सकती है। नाव तेजी से पुल की तरफ चली तो उन्होंने नाविक को चेताया। ‘सब खुश थे। नाव में सभी कीर्तन कर आगे बढ़ रहे थे। अचानक बोट पुल की तरफ बढ़ने लगी तो हमने कई बार नाविक से कहा कि रुक जाओ। चार बार कहा पर वह नहीं माना और पलक झपकते ही नाव जा टकराई। हाहाकार मच गया।’ यह कहते हुए तनिश फफक उठे। तनिश इसी नाव में सवार थे और उन्होंने इस घटना की पूरी कहानी बयां की। यह वीडियो/ हटाएं 2 of 20 मथुरा में हादसे में बचे तनिश ने सुनाई आपबीती - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी बीच में एक बार नाव लहराई। इस पर नाव सवार श्रद्धालु बोले कि ज्यादा लोग हैं। कम कर लीजिए। इससे पहले भी चार लोगों को दूसरी नाव में शिफ्ट किया जा चुका था पर नाविक नहीं माना। बोला, कोई नई बात नहीं हैं। चलते हैं और नाव आगे बढ़ाता गया, जैसे ही वह पुल के पास पहुंचा तो नाव के एंकर यानि लंगर में नाव टकराई और पलक झपकते ही क्रैश हो गई।’ 3 of 20 मथुरा में हादसे के बाद पांटुन पुल के पास तलाशी अभियान चलाते गोताखोर - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी बताते-बताते तनिश की आंखों से आंसू बह उठे। बोले, नाव के पलटते ही उसमें सवार लोग गिर गए। कुछ तब तक नाव में ही बचे थे जो चिल्लाए कि गोताखोर बुलाओ पर तत्काल कोई नहीं आया। नाविक न खुद कूदा और न ह …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)

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