अब्बास अराघची ने अपने बयान में फाइव ओ क्लॉक फॉलीज का जिक्र किया, जो 1960 के दशक में साइगॉन में अमेरिकी सेना की दैनिक प्रेस ब्रीफिंग को कहा जाता था। इन ब्रीफिंग में युद्ध में जीत का दावा किया जाता था, जबकि वास्तविक स्थिति इसके उलट थी। वियतनाम युद्ध में अमेरिका के 50 हजार से अधिक सैनिक मारे गए थे और कुल मिलाकर करीब 30 लाख लोगों की जान गई थी।ईरानी विदेश मंत्री ने कहा कि उस समय भी अमेरिकी जनरल विलियम वेस्टमोरलैंड ने देश लौटकर यह भरोसा दिलाया था कि युद्ध में प्रगति हो रही है और जीत करीब है। लेकिन जनवरी 1968 में टेट ऑफेंसिव के बाद यह धारणा पूरी तरह टूट गई, जब उत्तर वियतनाम और वियतकॉन्ग ने एक साथ 100 से ज्यादा शहरों पर हमला किया।अराघची ने मौजूदा हालात की तुलना करते हुए कहा कि आज भी अमेरिकी सरकार और जमीनी सच्चाई में अंतर दिखाई दे रहा है। उन्होंने दावा किया कि जहां अमेरिका ईरान की वायु रक्षा प्रणाली के खत्म होने की बात कह रहा है, वहीं एक एफ 35 लड़ाकू विमान को ईरानी हमले के बाद इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी।इस घटना पर अमेरिकी सेंट्रल कमांड के प्रवक्ता कैप्टन टिम हॉकिन्स ने कहा कि एक एफ 35 विमान ने ईरान के ऊपर मिशन के बाद क्षेत्रीय एयरबेस पर सुरक्षित लैंडिंग की है और मामले की जांच की जा रही है।अराघची ने यह भी कहा कि अमेरिकी युद्धपोतों की तैनाती को लेकर किए जा रहे दावों के विपरीत, यूएसएस जेराल्ड आर फोर्ड और यूएसएस अब्राहम लिंकन जैसे विमानवाहक पोत अपने अग्रिम मोर्चों से पीछे हटे हैं। हालांकि, जानकारी के अनुसार यूएसएस जेराल्ड आर फोर्ड में आग लगने के बाद उसे मरम्मत के लिए ग्रीस के क्रेट द्वीप की ओर ले जाया जा रहा है। कहा जा रहा है कि यह घटना युद्ध से जुड़ी नहीं थी।ईरान का द …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)
'हालात वैसे ही हैं': अब्बास अराघची का अमेरिका पर निशाना, वियतनाम युद्ध और फाइव ओ क्लॉक फॉलीज का किया जिक्र
अब्बास अराघची ने अपने बयान में फाइव ओ क्लॉक फॉलीज का जिक्र किया, जो 1960 के दशक में साइगॉन में अमेरिकी सेना की दैनिक प्रेस ब्रीफिंग को कहा जाता था। इन ब्रीफिंग में युद्ध में जीत का दावा किया जाता था, जबकि वास्तविक स्थिति इसके उलट थी। वियतनाम युद्ध में अमेरिका के 50 हजार से अधिक सैनिक मारे गए थे और कुल मिलाकर करीब 30 लाख लोगों की जान गई थी।ईरानी विदेश मंत्री ने कहा कि उस समय भी अमेरिकी जनरल विलियम वेस्टमोरलैंड ने देश लौटकर यह भरोसा दिलाया था कि युद्ध में प्रगति हो रही है और जीत करीब है। लेकिन जनव