अमेरिकी सेना ने बताया कि ईरान के खिलाफ चल रहे सैन्य अभियानों का समर्थन कर रहा KC-135 रिफ्यूलिंग विमान पश्चिमी इराक में दुर्घटनाग्रस्त हो गया है। विमान में सवार छह चालक दल के सदस्यों में से चार की मौत की पुष्टि हो गई है। हादसे के बाद बचाव अभियान जारी है। KC-135 टैंकर विमान क्या है? पश्चिम एशिया क्षेत्र की निगरानी करने वाली यूएस सेंट्रल कमांड के अनुसार, यह दुर्घटना फ्रेंडली एयरस्पेस में दो विमानों से जुड़े एक अज्ञात घटना के बाद हुई। घटना में शामिल दूसरा विमान सुरक्षित लैंड कर गया।यह ईरान के साथ जारी युद्ध के दौरान सार्वजनिक रूप से सामने आया अमेरिकी सेना का चौथा विमान हादसा है। KC-135 टैंकर विमान का इस्तेमाल लड़ाकू विमानों को हवा में ईंधन भरने के लिए किया जाता है, जिससे वे लंबे समय तक ऑपरेशन जारी रख सकें। KC-135 अमेरिकी वायुसेना का एक प्रमुख एरियल रिफ्यूलिंग (हवा में ईंधन भरने वाला) विमान है, जो लड़ाकू और बमवर्षक विमानों को उड़ान के दौरान ईंधन देकर उन्हें लंबी दूरी तक मिशन जारी रखने में मदद करता है। यह विमान 1960 के दशक से सेवा में है और इसका डिजाइन बोइंग-707 यात्री विमान पर आधारित है। विमान में सामान्य तौर पर पायलट, को-पायलट और बूम ऑपरेटर सहित तीन सदस्यीय क्रू होता है। पीछे की ओर स्थित बूम ऑपरेटर एक विशेष फ्यूल बूम के जरिए दूसरे विमानों से जुड़कर उन्हें ईंधन देता है। कुछ मिशनों में यह विमान घायलों की मेडिकल इवैक्यूएशन या निगरानी कार्यों में भी इस्तेमाल किया जाता है। अमेरिकी वायुसेना के पास पिछले साल तक लगभग 376 KC-135 विमान थे, जिनमें सक्रिय ड्यूटी, एयर नेशनल गार्ड और रिजर्व यूनिट शामिल हैं। हालांकि इन पुराने विमानों को धीरे-धीरे नई पीढ़ी के KC-46A प …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)

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