FIR हो, मुकदमा दर्ज हो या Privilege प्रस्ताव लाएं - मैं किसानों के लिए लड़ूंगा। जो भी ट्रेड डील किसानों की रोज़ी-रोटी छीने या देश की खाद्य सुरक्षा को कमजोर करे, वह किसान-विरोधी है। अन्नदाताओं के हितों से किसान-विरोधी मोदी सरकार को समझौता नहीं करने देंगे। pic.twitter.com/gNVMEYFp3i — Rahul Gandhi (@RahulGandhi) February 12, 2026 राहुल गांधी ने शुक्रवार को संसद भवन परिसर में देश भर के किसान संघों के नेताओं से मुलाकात की, जिसमें भारत-अमेरिका अंतरिम व्यापार समझौते का विरोध करने के लिए राष्ट्रव्यापी आंदोलन की आवश्यकता के साथ-साथ किसानों और कृषि मजदूरों की आजीविका की रक्षा करने पर चर्चा की गई। कांग्रेस ने बताया कि बैठक के दौरान किसान संघ के नेताओं ने अपना विरोध जताया और मक्का, सोयाबीन, कपास, फल और मेवे उगाने वाले किसानों की आजीविका के लिए अपनी गहरी चिंता व्यक्त की।पार्टी ने कहा गया है कि किसान नेताओं और राहुल गांधी ने इस समझौते का विरोध करने और किसानों-कृषि मजदूरों की आजीविका की रक्षा करने के लिए एक बड़े पैमाने पर राष्ट्रीय आंदोलन की जरूरत पर चर्चा की।बता दें कि राहुल गांधी से मिलने वाले किसान नेताओं में अखिल भारतीय किसान कांग्रेस के प्रमुख सुखपाल एस खैरा, भारतीय किसान मजदूर यूनियन, हरियाणा के अशोक बलहारा, बीकेयू क्रांतिकारी के बलदेव एस जीरा, प्रगतिशील किसान मोर्चा के आर नंदकुमार, बीकेयू शहीद भगत सिंह के अमरजीत एस मोहरी, किसान मजदूर मोर्चा - भारत के गुरमनीत एस मंगत और जेके जमीदारा फोरम के हमीद मलिक शामिल थे।यह बैठक राहुल गांधी के उस बयान के एक दिन बाद हुई है, जिसमें उन्होंने कहा था कि सरकार उनके खिलाफ मामले या विशेषाधिकार प्रस्ताव ला सकती है, लेकिन वे क …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)

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