बीयर और वाइन: यूरोपीय बीयर पर टैरिफ घटाकर 50% कर दिया जाएगा। वहीं, यूरोपीय वाइन पर ड्यूटी में लगभग 20-30% की कटौती की गई है। जूस और प्रोसेस्ड फूड: फ्रूट जूस और प्रोसेस्ड फूड (पैकेटबंद भोजन) पर से टैरिफ हटा दिया गया है। कुकिंग ऑयल: ऑलिव ऑयल (जैतून का तेल) और वेजिटेबल ऑयल पर भी ड्यूटी कम होगी। मशीनरी: अभी मशीनों पर 44% तक ड्यूटी लगती है, जिसे ज्यादातर उत्पादों पर खत्म कर दिया जाएगा। अभी मशीनों पर 44% तक ड्यूटी लगती है, जिसे ज्यादातर उत्पादों पर खत्म कर दिया जाएगा। केमिकल और दवा: केमिकल्स पर लगने वाली 22% और दवाओं पर लगने वाली 11% ड्यूटी को हटा दिया जाएगा। केमिकल्स पर लगने वाली 22% और दवाओं पर लगने वाली 11% ड्यूटी को हटा दिया जाएगा। मेडिकल उपकरण: अस्पतालों में इस्तेमाल होने वाले ऑप्टिकल, मेडिकल और सर्जिकल उपकरणों के 90% उत्पादों पर टैरिफ खत्म होगा, जिससे इलाज सस्ता हो सकता है। लेकिन क्या ये चीजें कल सुबह से ही सस्ती मिलने लगेंगी? और आपकी जेब पर इसका कब और कितना असर होगा? आइए, ताजा अपडेट्स के साथ आसान सवाल-जवाब में समझते हैं पूरा गणित:कल से नहीं! यही इस खबर का सबसे बड़ा पेंच है। वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल के मुताबिक, डील फाइनल होने के बाद इसे लागू होने में वक्त लगेगा और संभवतः अगले साल तक यह अमल में आएगी। कुछ जानकारों का कहना है कि जीरो टैरिफ का पूरा फायदा मिलने में 5 साल या उससे ज्यादा का वक्त भी लग सकता है। इसलिए कल शोरूम जाकर डिस्काउंट मांगना जल्दबाजी होगी।यह ऑटो सेक्टर के लिए सबसे बड़ी खबर है। यूरोपीय कारों पर लगने वाली भारी-भरकम ड्यूटी को धीरे-धीरे घटाकर 10% पर लाया जाएगा। शर्त: यह 10% वाली कम ड्यूटी असीमित नहीं है। यह लाभ सालाना केवल 2,50,000 गाड़ि …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)
India-EU FTA: 'मदर ऑफ ऑल डील्स' पूरी; सस्ती होंगी कारें और बीयर, लेकिन कल से नहीं! आसान भाषा में समझें सबकुछ
बीयर और वाइन: यूरोपीय बीयर पर टैरिफ घटाकर 50% कर दिया जाएगा। वहीं, यूरोपीय वाइन पर ड्यूटी में लगभग 20-30% की कटौती की गई है। जूस और प्रोसेस्ड फूड: फ्रूट जूस और प्रोसेस्ड फूड (पैकेटबंद भोजन) पर से टैरिफ हटा दिया गया है। कुकिंग ऑयल: ऑलिव ऑयल (जैतून का तेल) और वेजिटेबल ऑयल पर भी ड्यूटी कम होगी। मशीनरी: अभी मशीनों पर 44% तक ड्यूटी लगती है, जिसे ज्यादातर उत्पादों पर खत्म कर दिया जाएगा। अभी मशीनों पर 44% तक ड्यूटी लगती है, जिसे ज्यादातर उत्पादों पर खत्म कर दिया जाएगा। केमिकल और दवा: केमिकल्स पर लगने व