उत्तर-पश्चिम भारत में मौसम एक बार फिर बड़े बदलाव की ओर बढ़ रहा है। लगातार सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के चलते हिमालयी राज्यों में 22 जनवरी से बारिश के साथ बर्फबारी के आसार हैं, जबकि मैदानी क्षेत्रों में गरज के साथ बारिश, तेज हवाएं और कोहरे का असर बना रह सकता है। मंगलवार को जम्मू-कश्मीर में जहां न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई, वहीं पंजाब, हरियाणा और राजस्थान जैसे मैदानी राज्यों में पारा कुछ चढ़ा और सर्दी से राहत महसूस की गई। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से अगले सात दिनों के दौरान पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में बारिश की संभावना है। जम्मू और कश्मीर, लद्दाख, गिलगित-बाल्टिस्तान और मुजफ्फराबाद में 21 और 22 जनवरी को हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी होने का अनुमान है। कश्मीर घाटी के कुछ हिस्सों में 22 और 23 जनवरी को भारी बर्फबारी हो सकती है, जबकि हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचे इलाकों में 23 जनवरी को बर्फबारी का असर दिखने की संभावना है। अगले 2-3 दिनों के दौरान पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, पश्चिमी व पूर्वी उत्तर प्रदेश और राजस्थान के कुछ इलाकों में हल्की बारिश हो सकती है।मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 23 जनवरी को जम्मू और कश्मीर, लद्दाख और आसपास के इलाकों में बारिश और बर्फबारी के दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं और बिजली गिरने की आशंका भी है। इसी तरह 22 और 23 जनवरी को हिमाचल तथा 23 जनवरी को उत्तराखंड में गरज के साथ बारिश और वज्रपात के हालात बन सकते हैं।घाटी में मंगलवार को पारे ने फिर तीन डिग्री तक का गोता लगाया। घाटी में 6.2 डिग्री के साथ सोनमर्ग सबसे ठंडा शहर रहा। वहीं श्रीनगर में तापमान म …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)
Weather Report: कल से पहाड़ों पर फिर बारिश-बर्फबारी, मैदानों में शुरू होगा कोहरा; दिल्ली में भी बदलेगा मौसम
उत्तर-पश्चिम भारत में मौसम एक बार फिर बड़े बदलाव की ओर बढ़ रहा है। लगातार सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के चलते हिमालयी राज्यों में 22 जनवरी से बारिश के साथ बर्फबारी के आसार हैं, जबकि मैदानी क्षेत्रों में गरज के साथ बारिश, तेज हवाएं और कोहरे का असर बना रह सकता है। मंगलवार को जम्मू-कश्मीर में जहां न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई, वहीं पंजाब, हरियाणा और राजस्थान जैसे मैदानी राज्यों में पारा कुछ चढ़ा और सर्दी से राहत महसूस की गई। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव स