और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं राणा प्रताप केशवपुर उपजिला के अरुआ गांव निवासी तुषार कांति बैरागी का पुत्र था। चश्मदीदों और पुलिस सूत्रों के मुताबिक, बाजार में मौजूद राणा प्रताप पर कुछ अज्ञात हमलावरों ने गोलियां चलाईं। उन्हें कई गोलियां लगीं और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। गोलीबारी के बाद इलाके में डर और अफरातफरी मच गई। वारदात के बाद मनीरामपुर थाने के कर्मी मौके पर पहुंचे और स्थिति को काबू में किया। घटना की पुष्टि करते हुए प्रभारी अधिकारी राजीउल्लाह खान ने कहा कि हमलावरों की पहचान करने और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए जांच शुरू कर दी गई है। ये भी पढ़ें: तीन हफ्तों के भीतर पांचवीं घटना बैरागी की हत्या बांग्लादेश में हुई ऐसी पांचवीं घटना है। पिछले महीने दक्षिणपंथी नेता उस्मान हादी की मौत के बाद से देश में तनाव का माहौल बना हुआ है। सबसे पहले 18 दिसंबर को मैमेनसिंह में एक कपड़ा फैक्ट्री में काम करने वाले दीपू चंद्र दास पर भीड़ ने हमला किया और पीट-पीटकर उनकी हत्या कर दी। इस घटना के छह दिन बाद, पांग्शा उपजिला में अमृत मंडल नाम के एक और हिंदू व्यक्ति की ईशनिंदा के आरोप में भीड़ ने हत्या कर दी। इसके बाद मैमेनसिंह में बजेंद्र बिस्वास की गोली मारकर हत्या कर दी गई। इसी महीने की शुरुआत में 50 वर्षीय हिंदू व्यापारी खोकोन दास पर भी भीड़ ने हमला किया और उन्हें जिंदा जला दिया, जब वह काम से लौट रहे थे। कई दिनों तक जिंदगी और मौत से लड़ने के बाद दास की शनिवार तीन जनवरी को मौत हो गई। हिंदुओं की हत्या पर भारत की चिंता पिछले महीने भारत ने बांग्लादेश में हिंदुओं की हत्या को लेकर चिंता जताई थी। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा था कि मोह …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)
Bangladesh: बांग्लादेश में एक और हिंदू की गोली मारकर हत्या, तीन हफ्ते के भीतर पांचवीं वारदात
और पढ़ें यह वीडियो/ हटाएं राणा प्रताप केशवपुर उपजिला के अरुआ गांव निवासी तुषार कांति बैरागी का पुत्र था। चश्मदीदों और पुलिस सूत्रों के मुताबिक, बाजार में मौजूद राणा प्रताप पर कुछ अज्ञात हमलावरों ने गोलियां चलाईं। उन्हें कई गोलियां लगीं और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। गोलीबारी के बाद इलाके में डर और अफरातफरी मच गई। वारदात के बाद मनीरामपुर थाने के कर्मी मौके पर पहुंचे और स्थिति को काबू में किया। घटना की पुष्टि करते हुए प्रभारी अधिकारी राजीउल्लाह खान ने कहा कि हमलावरों की पहचान करने और उन्हें गिरफ्ता