2021 में दिल्ली स्थित बीकानेर हाउस में रेहान की फोटोग्राफी की पहली प्रदर्शनी लगी थी। इस शो की थीम रोशनी, अंतरिक्ष और समय पर आधारित थी। बताया जाता है कि इस प्रदर्शनी के जरिए उन्होंने अपनी आंख पर लगी उस चोट के अनुभवों को साझा किया था, जो उन्हें 2017 में क्रिकेट खेलते हुए लगी थी। इस प्रदर्शनी के दौरान रेहान ने एक मीडिया संस्थान से कहा था- “अपनी आंख की चोट के बाद मैंने काफी ब्लैक एंड व्हाइट शूटिंग शुरू की। मैंने इसके जरिए उस परिप्रेक्ष्य को समझने की कोशिश की कि कोई अंधेरे में रोशनी को कैसे देखता है।“मजेदार बात यह है कि जिस फोटोग्राफी के शौक को रेहान वाड्रा ने पेशा बनाया, कभी उसे लेकर उनके नाना राजीव गांधी बेहद जुनूनी थे। यहां तक कि उनकी मां प्रियंका गांधी वाड्रा भी फोटोग्राफी की दुनिया में उतरने को बेताब थीं। उन्हें यह जुनून और प्रतिभा अपने पिता से ही मिला था, जिन्होंने 12 साल की प्रियंका को तब कैमरे की बारीकियां समझाई थीं। बताया जाता है कि प्रियंका गांधी वाड्रा खुद अपनी फोटोग्राफी पर प्रदर्शनी कर चुकी हैं। हालांकि, दोनों ही बाद में राजनीतिक दुनिया में सक्रिय हो गए। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें)
कौन हैं रेहान वाड्रा?: लंदन से पढ़े, तीन पीढ़ियों के शौक को बनाया पेशा; विवाद में भी घसीटे गए प्रियंका के बेटे
2021 में दिल्ली स्थित बीकानेर हाउस में रेहान की फोटोग्राफी की पहली प्रदर्शनी लगी थी। इस शो की थीम रोशनी, अंतरिक्ष और समय पर आधारित थी। बताया जाता है कि इस प्रदर्शनी के जरिए उन्होंने अपनी आंख पर लगी उस चोट के अनुभवों को साझा किया था, जो उन्हें 2017 में क्रिकेट खेलते हुए लगी थी। इस प्रदर्शनी के दौरान रेहान ने एक मीडिया संस्थान से कहा था- "अपनी आंख की चोट के बाद मैंने काफी ब्लैक एंड व्हाइट शूटिंग शुरू की। मैंने इसके जरिए उस परिप्रेक्ष्य को समझने की कोशिश की कि कोई अंधेरे में रोशनी को कैसे देखता है।