हरिवंश तीसरी बार उपसभापति बने: पीएम मोदी ने दी बधाई, नेता प्रतिपक्ष खरगे ने लोकसभा के खाली पद की याद भी दिलाई

राज्यसभा में शुक्रवार को एक ऐतिहासिक घटना दर्ज हुई। पहली बार किसी मनोनीत सांसद को उपसभापति पद की जिम्मेदारी सौंपी गई है। यह जिम्मेदारी हरिवंश नारायण सिंह को मिली है, जिन्हें हाल ही में द्रौपदी मुर्मू द्वारा राज्यसभा के लिए मनोनीत किया गया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरिवंश को राज्यसभा के उपसभापति के रूप में तीसरी बार चुने जाने पर बधाई दी। पीएम ने जेपी से लेकर चंद्रशेखर का किया जिक्र बधाई संदेश में जेपी से लेकर चंद्रशेखर तक का जिक्र पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के कार्यकाल में आपातकाल जैसे निर्णयों का मुखर विरोध करने वाले बिहार के जननेता के तौर पर लोकप्रिय रहे जयप्रकाश नारायण (जेपी) का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा, हरिवंश जी का जन्म जेपी के गांव में हुआ है। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर का भी जिक्र किया। बतौर लेखकर हरिवंश के जीवन का उल्लेख करते हुए पीएम मोदी ने कहा, आज उनकी जयंती के दिन तीसरे कार्यकाल के निर्विरोध चुना जाना इस अवसर को खास बनाता है। हरिवंश जी की कार्यशाली का सभी सम्मान करते हैं- मोदी पीएम ने कहा कि पूरे सदन को आप पर गहरा विश्वास है, हरिवंश जी की कार्यशैली का सभी सम्मान करते हैं। पीएम मोदी ने आगे कहा कि हरिवंश जी के लेखोंं में धार है और उनका काम सराहनीय है। हरिवंश जी सभी की बातें सुनते हैं और उनका यह नया कार्यकाल समर्पण और संतुलन से आगे बढ़ेगा। उपाध्यक्ष के खाली पद को लेकर केंद्र खरगे ने को घेरा कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने हरिवंश को बधाई देते हुए कहा कि हमें इस बात से तकलीफ है संवैधानिक अनुच्छेद 93 में निहीत संवैधानिक भावना के विपरित लोकसभा में 2019 से उपाध्यक्ष का पद खाली है। सात वर्षों से वह रिक्त है, कितन …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 17, 2026 · 2 min · National Desk

Lizlaz: कौन है लिजलैज? जर्मन मॉडल की पोस्ट लाइक कर चर्चा में आए विराट कोहली, आरसीबी को करती हैं सपोर्ट

नेटिजंस ने किए मजेदार कमेंट लिजलैज के इस पोस्ट पर नेटिजंस के मजेदार रिएक्शन आ रहे हैं। एक यूजर ने लिखा, ‘आपका यह एल्गोरिदम कभी हमारा फोटो क्यों नहीं लाइक करता’? एक यूजर ने लिखा, ‘गलती सबसे होती है’। एक यूजर ने लिखा, ‘लगता है कि विराट कोहली भी लिजलैज के फैन हैं’। एक यूजर ने लिखा, ‘मतलब, इंसान एक लाइक भी नहीं कर सकता है’। बता दें कि लिजलैज जर्मन-साउथ अफ्रीकन सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर और कंटेंट क्रिएटर हैं। वे सिंगर भी हैं। और, ट्रैवल व्लॉग भी बनाती हैं। वे ज्यादातर व्लॉग भारतीय दिनचर्या, संस्कृति और यात्राओं पर बनाती हैं। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 17, 2026 · 1 min · National Desk

Bloomberg: ब्लूमबर्ग की सूची में बड़ा बदलाव, मुकेश अंबानी से आगे निकल एशिया के सबसे अमीर व्यक्ति बने अदाणी

गौतम अदाणी: इनकी कुल संपत्ति बढ़कर 92.6 अरब डॉलर हो गई है। इसके साथ ही वह वैश्विक स्तर पर दुनिया के 19वें सबसे अमीर व्यक्ति बन गए हैं। इनकी कुल संपत्ति बढ़कर 92.6 अरब डॉलर हो गई है। इसके साथ ही वह वैश्विक स्तर पर दुनिया के 19वें सबसे अमीर व्यक्ति बन गए हैं। मुकेश अंबानी: लंबे समय तक शीर्ष पर रहने वाले अंबानी अब 90.8 अरब डॉलर की संपत्ति के साथ एशिया में दूसरे और दुनिया में 20वें स्थान पर आ गए हैं। ब्लूमबर्ग बिलेनियर इंडेक्स के अनुसार दुनिया के 20 सबसे अमीर शख्स अदाणी ग्रुप का शानदार प्रदर्शन: इस साल गौतम अदाणी की संपत्ति में 8.1 अरब डॉलर का इजाफा हुआ है। गुरुवार के एक हालिया कारोबारी सत्र में, जब बीएसई सेंसेक्स 123 अंक गिर गया था, तब भी अदाणी ग्रुप के शेयरों में जोरदार तेजी दर्ज की गई। अकेले उस दिन अदाणी की संपत्ति में लगभग 3.56 अरब डॉलर जुड़ गए। इस साल गौतम अदाणी की संपत्ति में 8.1 अरब डॉलर का इजाफा हुआ है। गुरुवार के एक हालिया कारोबारी सत्र में, जब बीएसई सेंसेक्स 123 अंक गिर गया था, तब भी अदाणी ग्रुप के शेयरों में जोरदार तेजी दर्ज की गई। अकेले उस दिन अदाणी की संपत्ति में लगभग 3.56 अरब डॉलर जुड़ गए। रिलायंस इंडस्ट्रीज का मिला-जुला रुख: दूसरी ओर, मुकेश अंबानी को इस साल अपनी संपत्ति में 16.9 अरब डॉलर की गिरावट का सामना करना पड़ा है, जो रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में उतार-चढ़ाव को दर्शाता है। हालांकि, उन्हें हाल ही में 7.67 करोड़ (76.7 मिलियन) डॉलर का मामूली फायदा भी हुआ, लेकिन रिलायंस के शेयर मोटे तौर पर सपाट ही रहे, जिससे रैंकिंग में बदलाव आ गया। इस नए फेरबदल के बाद दोनों भारतीय दिग्गजों की कुल संपत्ति और वैश्विक रैंकिंग इस प्रकार है:अदाणी और अंबानी की …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 17, 2026 · 2 min · National Desk

Bonus Market Updates: शेयर बाजार में धीमी शुरुआत; सेंसेक्स और निफ्टी मामूली बढ़त के साथ हरे निशान पर

घरेलू शेयर बाजार में हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन सुस्त शुरुआत हुई है। सेंसेक्स और निफ्टी मामूली बढ़त के साथ हरे निशान पर कारोबार कर रहे हैं। एशियाई बाजारों और कच्चे तेल के भाव में नरमी है। सेंसेक्स शुरुआती कारोबार में 177.52 अंक चढ़कर 78,166.20 पर पहुंच गया। निफ्टी 37.4 अंक बढ़कर 24,234.15 पर पहुंच गया। शुरुआती कारोबार में रुपया डॉलर के मुकाबले 27 पैसे बढ़कर 92.87 पर पहुंच गया। सूचकांक / मुद्रा शुरुआती बदलाव वर्तमान स्तर सेंसेक्स 177.52 अंक की बढ़त 78,166.20 निफ्टी 37.4 अंक की बढ़त 24,234.15 रुपया (डॉलर के मुकाबले) 27 पैसे की बढ़त 92.87 बाजार का हाल और ब्रॉडर मार्केट का दबदबा टॉप गेनर्स: सेंसेक्स में आईटीसी, एनटीपीसी, ट्रेंट, मारुति सुजुकी, अदाणी पोर्ट्स, इंफोसिस, टेक महिंद्रा और हिंदुस्तान यूनिलीवर जैसे शेयरों में 2% तक की तेजी दर्ज की गई। सेंसेक्स में आईटीसी, एनटीपीसी, ट्रेंट, मारुति सुजुकी, अदाणी पोर्ट्स, इंफोसिस, टेक महिंद्रा और हिंदुस्तान यूनिलीवर जैसे शेयरों में 2% तक की तेजी दर्ज की गई। टॉप लूजर्स: इसके विपरीत बजाज फिनसर्व, भारती एयरटेल और टाटा स्टील के शेयरों में मामूली गिरावट देखी गई। इसके विपरीत बजाज फिनसर्व, भारती एयरटेल और टाटा स्टील के शेयरों में मामूली गिरावट देखी गई। सेक्टोरल इंडेक्स: निफ्टी एफएमसीजी और मीडिया इंडेक्स ने 1% से अधिक की छलांग लगाई, जबकि निफ्टी मेटल इंडेक्स 0.4% टूट गया। वैश्विक भू-राजनीतिक चिंताओं के बीच निवेशकों के लिए एक बड़ी राहत की खबर सामने आई है। अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता शुरू होने की उम्मीदों तथा लेबनान-इजरायल के बीच 10 दिवसीय युद्धविराम लागू होने के चलते शुक्रवार को घरेलू शेयर बाजारों में सकारात्मक रुख …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 17, 2026 · 2 min · National Desk

Top News: इस्राइल-लेबनान के बीच 10 दिन का युद्ध विराम, देश में महिला आरक्षण कानून लागू; पहाड़ों पर बर्फबारी

लेबनान और इस्राइल के बीच 10 दिन के युद्ध विराम पर सहमति बनी है, जिसे शांति की दिशा में अहम कदम बताया जा रहा है। हालांकि, हिजबुल्ला ने इस पर शर्तें रखकर स्थिति को जटिल बना दिया है। उधर, देश में महिला आरक्षण कानून लागू हो गया है। उत्तर भारत में गर्मी और लू का असर तेज हो रहा है। पहाड़ों में बारिश और बर्फबारी हो रही है। टीसीएस मामले में जांच का दायरा बढ़ाया गया है और फरार एचआर मैनेजर की तलाश तेज कर दी गई है। वहीं, कर्नाटक कैबिनेट ने रोहित वेमुला विधेयक को मंजूरी दी है। उधर, नोएडा हिंसा मामले में जांच आगे बढ़ रही है और एक संगठन की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है। परिसीमन को लेकर गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि दक्षिणी राज्यों की सीटें घटेंगी नहीं बल्कि बढ़ेंगी।आईपीएल में पंजाब किंग्स ने मुंबई इंडियंस को हराकर जीत दर्ज की है। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 17, 2026 · 1 min · National Desk

Weather: पहाड़ों में बारिश-बर्फबारी, उत्तर भारत में भीषण गर्मी और लू का प्रकोप; दिल्ली में चढ़ने लगा पारा

अप्रैल के मध्य में देश का मौसम दो चरम स्थितियों के बीच झूलता नजर आ रहा है। एक ओर सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में बारिश, बर्फबारी और ओलावृष्टि का दौर शुरू हो गया है, तो दूसरी ओर दिल्ली- एनसीआर समेत उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में तापमान तेजी से बढ़कर 39 से 41 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है। मौसम विभाग के ताजा अपडेट के अनुसार देश के विभिन्न हिस्सों में अलग-अलग तरह की चरम मौसमी स्थितियां देखने को मिलेंगी…कहीं आंधी-तूफान और बारिश, तो कहीं लू और चिपचिपी गर्मी का प्रकोप। उत्तर भारत के पहाड़ी क्षेत्रों में पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव साफ तौर पर दिखाई दे रहा है। जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और हिमाचल प्रदेश में 19 अप्रैल तक हल्की से मध्यम बारिश और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना है। इस दौरान 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं और गरज-चमक की घटनाएं भी होंगी।मौसम विभाग ने विशेष रूप से 17 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, गिलगित-बाल्टिस्तान और मुजफ्फराबाद के साथ-साथ हिमाचल प्रदेश के कुछ हिस्सों में ओलावृष्टि की चेतावनी दी है। इस तरह की मौसमी गतिविधियां तापमान में गिरावट लाती हैं, लेकिन साथ ही फसलों और जनजीवन पर असर डाल सकती हैं।दिल्ली-एनसीआर समेत उत्तर भारत के मैदानी क्षेत्रों में गर्मी लगातार बढ़ रही है। दिन का तापमान 39 से 41 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है, जो सामान्य से 3 से 5 डिग्री अधिक है। तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण दोपहर के समय बाहर निकलना कठिन हो सकता है। हालांकि आसमान में हल्के बादल छाए रहने की संभावना है, लेकिन इससे गर्मी में कोई खास राहत नहीं मिलेगी। आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ने के स …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 17, 2026 · 2 min · National Desk

इस्राइल-लेबनान में 10 दिन का सीजफायर: ट्रंप का दावा- शांति की दिशा में बड़ा कदम; 34 साल बाद आमने-सामने बातचीत

पश्चिम एशिया में लंबे समय से जारी तनाव के बीच एक अहम कूटनीतिक पहल सामने आई है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की है कि इस्राइल और लेबनान के बीच 10 दिनों के सीजफायर पर सहमति बन गई है। हालांकि, उनके बयान में लेबनान स्थित हिजबुल्ला समूह का कोई उल्लेख नहीं किया गया, जिसके साथ इस्राइल लंबे समय से संघर्ष में है। डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा कि मेरी अभी लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ औन और इस्राइल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू से बहुत अच्छी बातचीत हुई। जिसके बाद दोनों देशों ने शांति की दिशा में कदम बढ़ाते हुए सीजफायर पर सहमति जताई। यह अस्थायी सीजफायर शाम 5 बजे ईस्टर्न टाइम (भारत में 17 अप्रैल की सुबह 2:30 बजे) से लागू होगा। उन्होंने कहा ‘दुनिया भर में नौ युद्धों को सुलझाना मेरे लिए सम्मान की बात रही है और यह मेरा 10वां होगा, तो चलिए इसे पूरा करते हैं।‘बताया जा रहा है कि लेबनान की ओर से यह साफ संदेश दिया गया था कि जब तक जमीनी स्तर पर संघर्ष विराम लागू नहीं होता, तब तक किसी भी तरह की सीधी बातचीत संभव नहीं है। इस रुख के बाद कूटनीतिक प्रयास तेज हुए और अंततः दोनों देशों ने सीजफायर पर सहमति जताई।रिपोर्ट के अनुसार, दोनों देशों के प्रतिनिधि 34 वर्षों में पहली बार वॉशिंगटन डीसी में आमने-सामने मिले। इस बैठक में अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो भी मौजूद रहे। ट्रंप ने कहा कि उन्होंने उपराष्ट्रपति और सैन्य अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे इस अस्थायी सीजफायर को स्थायी शांति में बदलने के लिए दोनों देशों के साथ काम करें। दोनों देशों के बीच हो चुकी है त्रिपक्षीय बैठक इससे पहले मंगलवार को अमेरिका ने इस्राइल और लेबनान के बीच एक महत्व …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 17, 2026 · 2 min · National Desk

Women Reservation: देश में लागू हुआ महिला आरक्षण कानून, संसद में बहस के बीच सरकार ने जारी किया नोटिफिकेशन

यह वीडियो/ हटाएं सितंबर 2023 में संसद ने दी थी मंजूरी सितंबर 2023 में संसद ने ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ पारित किया था, जिसे महिला आरक्षण कानून के नाम से जाना जाता है। इसे विधायिकाओं में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने की दिशा में अहम कदम माना गया था। इस कानून के तहत लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए एक-तिहाई सीटें आरक्षित करने का प्रावधान किया गया है। 2029 तक नहीं मिल सकेगा आरक्षण का फायदा हालांकि, 2023 के इस कानून के अनुसार आरक्षण का फायदा 2029 से पहले नहीं मिल सकेगा, क्योंकि इसे 2027 की जनगणना के बाद होने वाली परिसीमन प्रक्रिया से जोड़ा गया है। वर्तमान में लोकसभा में जिन तीन विधेयकों पर चर्चा चल रही है, उनका उद्देश्य महिला आरक्षण को 2029 से लागू करना है। अधिकारियों के मुताबिक, कानून लागू हो जाने के बावजूद मौजूदा लोकसभा में यह आरक्षण लागू नहीं किया जा सकता, क्योंकि इसके लिए अगली जनगणना के आधार पर परिसीमन प्रक्रिया पूरी होना जरूरी है। सितंबर 2023 में संसद ने ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ पारित किया था, जिसे महिला आरक्षण कानून के नाम से जाना जाता है। इसे विधायिकाओं में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने की दिशा में अहम कदम माना गया था। इस कानून के तहत लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए एक-तिहाई सीटें आरक्षित करने का प्रावधान किया गया है।हालांकि, 2023 के इस कानून के अनुसार आरक्षण का फायदा 2029 से पहले नहीं मिल सकेगा, क्योंकि इसे 2027 की जनगणना के बाद होने वाली परिसीमन प्रक्रिया से जोड़ा गया है। वर्तमान में लोकसभा में जिन तीन विधेयकों पर चर्चा चल रही है, उनका उद्देश्य महिला आरक्षण को 2029 से लागू करना है। अधिकारियों के …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 17, 2026 · 2 min · National Desk

इस्राइल-लेबनान में 10 दिन का सीजफायर: ट्रंप का दावा- शांति की दिशा में बड़ा कदम; 34 साल बाद आमने-सामने बातचीत

पश्चिम एशिया में लंबे समय से जारी तनाव के बीच एक अहम कूटनीतिक पहल सामने आई है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की है कि इस्राइल और लेबनान के बीच 10 दिनों के सीजफायर पर सहमति बन गई है। डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा कि मेरी अभी लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ औन और इस्राइल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू से बहुत अच्छी बातचीत हुई। जिसके बाद दोनों देशों ने शांति की दिशा में कदम बढ़ाते हुए सीजफायर पर सहमति जताई। यह अस्थायी सीजफायर शाम 5 बजे ईस्टर्न टाइम (भारत में 17 अप्रैल की सुबह 2:30 बजे) से लागू होगा। उन्होंने कहा ‘दुनिया भर में नौ युद्धों को सुलझाना मेरे लिए सम्मान की बात रही है और यह मेरा 10वां होगा, तो चलिए इसे पूरा करते हैं।‘बताया जा रहा है कि लेबनान की ओर से यह साफ संदेश दिया गया था कि जब तक जमीनी स्तर पर संघर्ष विराम लागू नहीं होता, तब तक किसी भी तरह की सीधी बातचीत संभव नहीं है। इस रुख के बाद कूटनीतिक प्रयास तेज हुए और अंततः दोनों देशों ने सीजफायर पर सहमति जताई।रिपोर्ट के अनुसार, दोनों देशों के प्रतिनिधि 34 वर्षों में पहली बार वॉशिंगटन डीसी में आमने-सामने मिले। इस बैठक में अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो भी मौजूद रहे। ट्रंप ने कहा कि उन्होंने उपराष्ट्रपति और सैन्य अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे इस अस्थायी सीजफायर को स्थायी शांति में बदलने के लिए दोनों देशों के साथ काम करें। दोनों देशों के बीच हो चुकी है त्रिपक्षीय बैठक इससे पहले मंगलवार को अमेरिका ने इस्राइल और लेबनान के बीच एक महत्वपूर्ण त्रिपक्षीय बैठक की मेजबानी की, जो 1993 के बाद पहली उच्च-स्तरीय पहल थी। अमेरिकी विदेश विभाग के अनुसार, इस बैठक में प्रत् …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 16, 2026 · 2 min · National Desk

अमित शाह का विपक्ष को जवाब: 'दक्षिणी राज्यों की हिस्सेदारी बढ़ेगी', कहा- परिसीमन को लेकर फैलाया जा रहा भ्रम

उन्होंने बताया कि सदन में 543 सांसद हैं। कर्नाटक के करीब 15 फीसदी सांसद यहां आते हैं। संविधान संशोधन के बाद कर्नाटक के सांसदों की संख्या 28 से होकर 42 हो जाएगी। आंध्र प्रदेश की अभी 25 सीटें हैं और उसका प्रतिनिधित्व 4.60% है। उसकी सीटें हो जाएंगी 38 और हिस्सेदारी 4.65 फीसदी हो जाएगी। तेलंगाना के सांसदों की मौजूदगी 3.13 फीसदी है, उनकी हिस्सेदारी 3.18 फीसदी है। मैं कह रहा हूं कि आपकी शक्ति कम नहीं होगी, बल्कि बढ़ जाएगी। अभी तमिलनाडु की हिस्सेदारी है 7.18 फीसदी है, वह बढ़कर हो जाएगी 7.23 फीसदी। केरल की हिस्सेदारी 3.68 की जगह 3.67 फीसदी हो जाएगी। ये जो दक्षिण का नैरेटिव है, 543 में से 129 सांसद दक्षिण के सांसद सदन में बैठते हैं। 23. 76 फीसदी उनकी हिस्सेदारी है। आगे 150 सांसद बैठेंगे और 23.97 फीसदी सांसद यहां बैठेंगे।बिल को पायलट करने वाले मंत्री के रूप में मैं सदन से अगर यह कह रहा हूं तो मैं पूरी जिम्मेदारी से कह रहा हूं। मैं अमित शाह भारत का गृह मंत्री यह कह रहा हूं। कल जब मैं विस्तार से जवाब दूंगा तो और बताऊंगा, बशर्ते वे (विपक्ष) वॉकआउट न कर जाएं। केजी के बच्चों को जैसे समझाते हैं, वैसे समझा दूंगा।अमित शाह ने आगे कहा कि कुछ सदस्य कह रहे हैं कि सरकार जातीय जनगणना नहीं कराना चाहती। मैं कह रहा हूं कि हम यह निर्णय कर चुकी है और जातीय जनगणना होकर रहेगी। एक भ्रांति फैलाई जा रही है कि जो जनगणना हो रही है, उसमें जाति का जिक्र नहीं है। अभी इमारतों की गिनती चल रही है तो जब इनकी जाति होगी तो इसकी भी गिनती कर ली जाएगी। अभी सिर्फ इंसानों की जाति होती है तो जब उनकी गिनती होगी तब हम जातीय जनगणना करेंगे। 850 का आंकड़ा ऐसे बना है कि अगर 33 फीसदी मातृशक्ति को आरक्षण देना है त …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

April 16, 2026 · 2 min · National Desk