Twisha Sharma Case: त्विषा शर्मा मामले को सुप्रीम कोर्ट ने लिया स्वतः संज्ञान, सीजेआई 25 मई को करेंगे सुनवाई

मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के चर्चित त्विषा शर्मा संदिग्ध मौत मामला अब देश की सर्वोच्च अदालत सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गया है। कोर्ट ने इस मामले में स्वतः संज्ञान लेते हुए इसे गंभीर माना है। अब इस केस की सुनवाई 25 मई को भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच करेगी। लाइव लॉ के मुताबिक, मामले की गंभीरता को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने ‘मैट्रिमोनियल होम में युवा महिला की अप्राकृतिक मृत्यु में कथित संस्थागत पूर्वाग्रह और प्रक्रियात्मक विसंगतियों के संबंध में’ शीर्षक से स्वतः संज्ञान लिया है। इसका मतलब है कि कोर्ट ने बिना किसी औपचारिक अपील के खुद ही मामले की जांच और सुनवाई शुरू करने का फैसला किया है।यह मामला मध्य प्रदेश के भोपाल स्थित कटारा हिल्स स्थित निवास से जुड़ा है, जहां 12 मई को त्विषा शर्मा का शव उनके ससुराल में मिला था। त्विषा मूल रूप से नोएडा की रहने वाली थीं और उनकी शादी कुछ महीने पहले ही अधिवक्ता समर्थ सिंह से हुई थी।बता दें, इस हाई-प्रोफाइल केस में शनिवार को आरोपी समर्थ सिंह को सात दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। भोपाल जिला अदालत में सुनवाई शुरू होते ही पुलिस ने आरोपी की 7 दिन की रिमांड की मांग की। पुलिस ने कहा कि मामले में स्पॉट वेरिफिकेशन कराना है, अन्य साक्ष्यों की जब्ती करनी है और विस्तृत बयान दर्ज करने हैं, इसलिए पुलिस कस्टडी जरूरी है। कोर्ट ने पुलिस की दलील मानते हुए 7 दिन की पुलिस रिमांड को मंजूरी दे दी।सेवानिवृत्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश गिरिबाला सिंह अब अपनी बहू त्विषा शर्मा की मौत से जुड़े मामले में स्वयं अदालत में पैरवी करेंगी। अब तक उनका पक्ष रख रहे अधिवक्ता इनोश जॉर्ज कार्लो ने मीडिया व …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

May 24, 2026 · 2 min · National Desk

Roosevelt House Reception: रुबियो के सम्मान में स्वागत समारोह, जयशंकर-मिसरी समेत कई अतिथि शामिल; देखें तस्वीर

अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो के पहले भारत दौरे के दौरान शनिवार को नई दिल्ली स्थित अमेरिकी दूतावास में खास स्वागत समारोह आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने रूजवेल्ट हाउस में आयोजित किया, जिसमें भारत और कई देशों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। नई दिल्ली में आयोजित इस कार्यक्रम को भारत-अमेरिका संबंधों के लिहाज से काफी अहम माना जा रहा है। माना जा रहा है कि मार्को रुबियो की यह यात्रा दोनों देशों के बीच पिछले कुछ समय से चल रहे कूटनीतिक मुद्दों को सुलझाने और सहयोग बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकती है। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

May 24, 2026 · 1 min · National Desk

VISA नीति पर US का बड़ा फैसला: रूबियो ने फर्स्ट वीजा फ्रेमवर्क का किया एलान, जानें भारतीयों को क्या होगा फायदा

अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात के बाद अमेरिका फर्स्ट वीजा का एलान किया है। इसके तहत द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने वाले व्यावसायिक पेशेवरों को वीजा प्रक्रिया में प्राथमिकता दी जाएगी। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने अमेरिकी दूतावास की सपोर्ट एनेक्स बिल्डिंग के उद्घाटन समारोह के दौरान कहा कि अमेरिका एक नई अमेरिका फर्स्ट वीजा व्यवस्था शुरू कर रहा है, जिसके तहत उन पेशेवरों को प्राथमिकता दी जाएगी जो देशों के बीच व्यापारिक और रणनीतिक संबंधों को मजबूत करते हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यह नया ढांचा केवल वीजा आवेदकों के लिए ही नहीं है, बल्कि उन अमेरिकी कर्मचारियों के लिए भी उपयोगी होगा जो विदेशों में मिशन का हिस्सा बनकर देश के हितों और राष्ट्रीय सुरक्षा को आगे बढ़ाने में जुटे हैं।मार्को रूबियो ने कहा कि यह नई सुविधा अमेरिकी सरकार के खर्च को कम करने में मदद करेगी, क्योंकि इससे कामकाज अधिक तेज, सटीक और प्रभावी तरीके से हो सकेगा। उन्होंने इसे एक महत्वपूर्ण कदम बताते हुए कहा कि इससे प्रशासनिक प्रक्रियाओं में बेहतर दक्षता आएगी और कार्यों का निष्पादन और अधिक सुगमता से किया जा सकेगा।बैठक में पश्चिम एशिया के हालात पर गहन चर्चा हुई। अमेरिकी बयान के मुताबिक रूबियो ने स्पष्ट किया कि अमेरिका ईरान को वैश्विक ऊर्जा बाजार को बंधक नहीं बनाने देगा। उन्होंने भरोसा जताया कि अमेरिकी ऊर्जा उत्पाद भारत की ऊर्जा आपूर्ति में विविधता लाने और उसकी सुरक्षा सुनिश्चित करने में बड़ी भूमिका निभा सकते हैं। वहीं पीएम मोदी ने शांति प्रयासों के लिए भारत के निरंतर समर्थन को दोहराया और संवाद व कूटनीति संघर् …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

May 23, 2026 · 2 min · National Desk

Twisha Sharma Case: त्विषा शर्मा मामले को सुप्रीम कोर्ट ने लिया स्वतः संज्ञान, सीजेआई 25 मई को करेंगे सुनवाई

मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के चर्चित त्विषा शर्मा संदिग्ध मौत मामला अब देश की सर्वोच्च अदालत सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गया है। कोर्ट ने इस मामले में स्वतः संज्ञान लेते हुए इसे गंभीर माना है। अब इस केस की सुनवाई 25 मई को भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच करेगी। मामले की गंभीरता को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने ‘मैट्रिमोनियल होम में युवा महिला की अप्राकृतिक मृत्यु में कथित संस्थागत पूर्वाग्रह और प्रक्रियात्मक विसंगतियों के संबंध में’ शीर्षक से स्वतः संज्ञान लिया है। इसका मतलब है कि कोर्ट ने बिना किसी औपचारिक अपील के खुद ही मामले की जांच और सुनवाई शुरू करने का फैसला किया है।यह मामला मध्य प्रदेश के भोपाल स्थित कटारा हिल्स स्थित निवास से जुड़ा है, जहां 12 मई को त्विषा शर्मा का शव उनके ससुराल में मिला था। त्विषा मूल रूप से नोएडा की रहने वाली थीं और उनकी शादी कुछ महीने पहले ही अधिवक्ता समर्थ सिंह से हुई थी।बता दें, इस हाई-प्रोफाइल केस में शनिवार को आरोपी समर्थ सिंह को सात दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। भोपाल जिला अदालत में सुनवाई शुरू होते ही पुलिस ने आरोपी की 7 दिन की रिमांड की मांग की। पुलिस ने कहा कि मामले में स्पॉट वेरिफिकेशन कराना है, अन्य साक्ष्यों की जब्ती करनी है और विस्तृत बयान दर्ज करने हैं, इसलिए पुलिस कस्टडी जरूरी है। कोर्ट ने पुलिस की दलील मानते हुए 7 दिन की पुलिस रिमांड को मंजूरी दे दी।सेवानिवृत्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश गिरिबाला सिंह अब अपनी बहू त्विषा शर्मा की मौत से जुड़े मामले में स्वयं अदालत में पैरवी करेंगी। अब तक उनका पक्ष रख रहे अधिवक्ता इनोश जॉर्ज कार्लो ने मीडिया विवाद के बाद केस से स …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

May 23, 2026 · 2 min · National Desk

दिल्ली-एनसीआर में फौरी राहत, पहाड़ों में बारिश: भीषण गर्मी के बीच क्यों आया यह बदलाव, आगे क्या रहेगी स्थिति?

दिल्ली-एनसीआर में फौरी राहत, पहाड़ों में बारिश: भीषण गर्मी के बीच क्यों आया यह बदलाव, आगे क्या रहेगी स्थिति? और पढ़ें इन स्थितियों के बीच यह जानना अहम है कि आखिर देशभर में मौसम की स्थितियां बीते 24 घंटे में कैसी रही हैं? 23 मई को कहां-कैसी स्थिति है और दिल्ली-एनसीआर, उत्तर भारत के कुछ हिस्सों को अचानक गर्मी से राहत कैसे मिल गई? आने वाले दिनों में मौसम में क्या बदलाव होने की संभावना है और आम लोगों को कब तक गर्मी और हीटवेव से निजात मिल सकती है? आइये जानते हैं… पूरे भारत में इस वक्त मौसम की स्थिति किस तरह बदली हुई है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि जहां उत्तर भारत में भीषण गर्मी और लू के चलते लोगों को सावधान रहने की सलाह दी जा रही है तो वहीं पहाड़ी इलाके, पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत के कई राज्यों में तेज हवाओं और बारिश के चलते राहत का माहौल है। दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा और पंजाब के कुछ इलाकों में 23 मई को अचानक स्थिति में थोड़ा परिवर्तन हुआ और इन जगहों पर बादल छाए रहे। कुछ जगहों पर बूंदाबादी भी दर्ज की गई। हालांकि, यह राहत भी फौरी ही रहने के अनुमान हैं। 2. दक्षिण और पूर्वोत्तर भारत में भारी बारिश केरल में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा (11-20 सेमी) और कुछ जगह अत्यधिक भारी वर्षा (21 सेमी या उससे अधिक) दर्ज की गई। असम में भारी से बहुत भारी …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

May 23, 2026 · 2 min · National Desk

Twisha Sharam Case: सास गिरिबाला सिंह अब खुद करेंगी कोर्ट में पैरवी, मीडिया विवाद के बाद वकील ने छोड़ा साथ

राजधानी भोपाल के चर्चित त्विषा शर्मा संदिग्ध मौत मामले में शनिवार को बड़ा घटनाक्रम सामने आया। सेवानिवृत्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश गिरिबाला सिंह अब अपनी बहू त्विषा शर्मा की मौत से जुड़े मामले में स्वयं अदालत में पैरवी करेंगी। अब तक उनका पक्ष रख रहे अधिवक्ता इनोश जॉर्ज कार्लो ने मीडिया विवाद के बाद केस से स्वयं को अलग कर लिया है। इसके बाद गिरिबाला सिंह ने खुद अदालत में अपना पक्ष रखने का निर्णय लिया है। कटारा हिल्स स्थित निवास में हुई त्विषा शर्मा की संदिग्ध मौत के बाद दर्ज प्रकरण में गिरिबाला सिंह को दहेज हत्या का आरोपी बनाया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए वे अपराध दर्ज होने वाले दिन ही भोपाल की अदालत से अग्रिम जमानत लेने में सफल रही थीं, जिससे उन्हें अंतरिम राहत मिली थी। हालांकि, अब यह राहत खतरे में पड़ती दिखाई दे रही है। त्विषा के पिता नवनिधि शर्मा ने भोपाल अदालत द्वारा दी गई अग्रिम जमानत को चुनौती देते हुए हाई कोर्ट में याचिका दायर की है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि गिरिबाला सिंह ने मामले से जुड़े साक्ष्यों से छेड़छाड़ की है। हाई कोर्ट ने इस पर नोटिस जारी करते हुए जवाब मांगा है कि गंभीर आरोपों के बावजूद दी गई अग्रिम जमानत क्यों न निरस्त की जाए। मामले की अगली सुनवाई 25 मई को निर्धारित की गई है। इधर, शनिवार सुबह वकीलों की एक टीम गिरिबाला सिंह के निवास पहुंची, जहां आगे की रणनीति पर विचार किया गया। कहा जा रहा है कि 25 मई को गिरिबाला सिंह स्वयं जबलपुर हाई कोर्ट में अपना पक्ष रखेंगी। गौरतलब है कि गिरिबाला सिंह न्यायिक सेवा में रहते हुए जिला एवं सत्र न्यायाधीश, रजिस्ट्रार तथा मध्य प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की सदस …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

May 23, 2026 · 2 min · National Desk

Vinesh Phogat: दिल्ली हाईकोर्ट का विनेश के पक्ष में फैसला, एशियाई खेलों के चयन ट्रायल में शामिल होने की मंजूरी

Vinesh Phogat: दिल्ली हाईकोर्ट का विनेश के पक्ष में फैसला, एशियाई खेलों के चयन ट्रायल में शामिल होने की मंजूरी और पढ़ें भारतीय महिला पहलवान विनेश फोगाट को दिल्ली हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। अदालत ने उन्हें आगामी एशियाई खेल 2026 के चयन ट्रायल में हिस्सा लेने की अनुमति दे दी है। कोर्ट ने भारतीय कुश्ती महासंघ (डब्ल्यूएफआई) की चयन नीति और कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि खेल संगठनों को खिलाड़ियों और खेल के हित में काम करना चाहिए, न कि बदले की भावना से। कोर्ट का आदेश, ‘ट्रायल की वीडियो रिकॉर्डिंग कराई जाए मुख्य न्यायाधीश डी.के. उपाध्याय और न्यायमूर्ति तेजस कारिया की खंडपीठ ने अपने आदेश में कहा कि 30 और 31 मई 2026 को होने वाले चयन ट्रायल में विनेश फोगाट को भाग लेने दिया जाए। अदालत ने यह भी निर्देश दिया कि ट्रायल की वीडियो रिकॉर्डिंग कराई जाए और उसमें भारतीय खेल प्राधिकरण (साइ) तथा भारतीय ओलंपिक संघ (आओए) के स्वतंत्र पर्यवेक्षक मौजूद रहें। कोर्ट ने डब्ल्यूएफआई की नीति को बताया ‘बहिष्करणकारी’ दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि डब्ल्यूएफआई की चयन नीति बहिष्करणकारी है, क्योंकि उसमें ऐसे खिलाड़ियों के लिए कोई विवेकाधिकार नहीं रखा गया है, जो मातृत्व अवकाश या अन्य विशेष परिस्थितियों के बाद वापसी कर रहे हों। अदालत ने माना कि विनेश जैसी अंतरराष्ट्रीय स्तर की खिलाड़ी को केवल तकनीकी आ …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

May 23, 2026 · 2 min · National Desk

PM मोदी से मिले रूबियो: व्यापार और सुरक्षा संबंधों पर हुई चर्चा, पीएम को व्हाइट हाउस आने का दिया न्योता

चार दिवसीय भारत दौरे पर आए अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। इस दौरान दोनों देशों के नेताओं के बीच व्यापार, सुरक्षा संबंधों समेत कई मुद्दों पर चर्चा हुई। इस दौरान अमेरिकी विदेश मंत्री ने पीएम मोदी को व्हाइट हाउस आने का भी न्योता दिया। इससे पहले रूबियो शनिवार पहले कोलकाता पहुंचे फिर दिल्ली के लिए रवाना हुए थे। अमेरिका के राजदूत सर्जियो गोर ने कहा की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को व्हाइट हाउस आने का औपचारिक आमंत्रण दिया है। उन्होंने बताया कि यह निमंत्रण राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से विदेश मंत्री मार्को रूबियो के माध्यम से भेजा गया है। सर्जियो गोर के अनुसार, पीएम मोदी और मार्को रुबियो के बीच हुई बातचीत काफी सकारात्मक और रचनात्मक रही। इस दौरान दोनों देशों के बीच सुरक्षा, व्यापार और महत्वपूर्ण तकनीकों के क्षेत्र में सहयोग को और गहरा करने के तरीकों पर विस्तार से चर्चा की गई।राजधानी दिल्ली में अपने प्रवास के दौरान अमेरिकी विदेश मंत्री कई महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में भाग लेंगे। वह अमेरिकी दूतावास सपोर्ट एनेक्स बिल्डिंग के उद्घाटन समारोह को संबोधित करेंगे और अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर द्वारा आयोजित रूजवेल्ट हाउस रिसेप्शन में भी शामिल होंगे।मार्को रुबियो रविवार को भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। इस बैठक में दोनों देशों के बीच ऊर्जा, व्यापार, निवेश, महत्वपूर्ण तकनीक और जन-जन के संबंधों को मजबूत करने पर विशेष चर्चा होने की संभावना है। इसके अलावा पश्चिम एशिया में जारी तनाव और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति जैसे अहम अंतरराष्ट्रीय मुद्दे भी बातचीत का हिस्सा रहेंग …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

May 23, 2026 · 2 min · National Desk

NIA का खुलासा: एक ही M-4 कार्बाइन से हुए थे पहलगाम और गगनगीर हमले, बैलिस्टिक जांच में सामने आया ये राज

‘ऑपरेशन महादेव’ के तहत पाकिस्तान के लश्कर-ए-तैयबा के तीन आतंकवादियों को मार गिराया गया। इसने न केवल पहलगाम हमले के पीड़ितों को न्याय दिलाया, बल्कि 20 अक्टूबर 2024 को हुए गगनगीर आतंकी हमले में अपनी जान गंवाने वालों को भी न्याय दिलाया। पहलगाम हमले की जांच के दौरान राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) गगनगीर हमले से इसका संबंध स्थापित करने में सफल रही, जिसमें सात लोगों की जान चली गई थी। बैलिस्टिक जांच से पता चला कि गगनगीर और पहलगाम से बरामद कारतूस एक ही एम-4 कार्बाइन से चलाए गए थे। यह हथियार उन सुरक्षा बलों ने बरामद किया था जिन्होंने ‘ऑपरेशन महादेव’ को अंजाम दिया था। 20 अक्टूबर 2024 को पाकिस्तानी आतंकवादियों ने जम्मू-कश्मीर के गगनगीर में रणनीतिक जेड-मोड़ सुरंग के पास एपीसीओ इंफ्राटेक के मजदूरों के कैंप पर हमला किया। आतंकवादियों ने डाइनिंग मेस के अंदर गोलीबारी की, जिसमें एक डॉक्टर सहित सात लोग मारे गए।जांच से पता चला कि दोनों हमलों को एक ही मॉड्यूल ने अंजाम दिया था। एनआईए को जांच के दौरान पता चला कि दोनों हमलों की योजना बनाने और उन्हें निर्देशित करने वाले लोग (हैंडलर) एक ही समूह के थे। लश्कर-ए-तैयबा के छद्म संगठन ‘द रजिस्टेंस फ्रंट’ ने पहले पहलगाम हमले की जिम्मेदारी ली, लेकिन बाद में इससे इनकार करने का फैसला किया। ऐसा इसलिए किया गया, क्योंकि संगठन को भारत की ओर से कड़ी जवाबी कार्रवाई का डर था। दावा वापस लेने के बावजूद भारत ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को अंजाम दिया, जिसके परिणामस्वरूप आतंकवादी ढांचे को पूरी तरह से तबाह कर दिया गया। एक अधिकारी ने बताया कि पाकिस्तान की सीधी संलिप्तता पहले ही साबित हो चुकी थी और इस बार दी गई सजा भी काफी कड़ी थी।एनआईए क …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

May 23, 2026 · 2 min · National Desk

दो पैन कार्ड केस: आजम खां की सजा तीन साल बढ़ी, अब 10 साल की जेल, अब्दुल्ला की सात वर्ष की सजा बरकरार

हेट स्पीच में हो चुकी है दो साल की कैद इससे पहले शनिवार यानि 16 मई को साल 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान रामपुर के डीएम को तनखैया बोलते हुए उनसे जूते साफ कराने का बयान देने पर दर्ज केस में अदालत ने सपा नेता आजम खां को दो साल कैद की सजा सुनाई थी। आजम पर 20 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया गया। बेटे के दो पैन कार्ड मामले में सुनाई गई सजा के बाद आजम खां और अब्दुल्ला आजम नवंबर 2025 से जेल में हैं। तत्कालीन डीएम पर बयान के मामले में सजा सुनाए जाने के दौरान पर आजम जेल से वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये कोर्ट की कार्यवाही से जुड़े रहे। सपा नेता आजम खां के खिलाफ यह मामला भोट थाना क्षेत्र में दर्ज कराया गया था। आरोप था कि वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान भोट इलाके में उन्होंने जनता के बीच रोड शो में यह बयान दिया था। उस समय का चुनाव सपा-बसपा गठबंधन का था और रामपुर लोकसभा सीट से आजम खां प्रत्याशी थे। बयान देते समय का आजम खां का वीडियो भी वायरल हुआ था। वीडियो वायरल होने के बाद चुनाव आयोग ने राज्य निर्वाचन आयोग से रिपोर्ट तलब की थी। राज्य निर्वाचन आयोग ने जिला निर्वाचन अधिकारी से रिपोर्ट मांगते हुए कार्रवाई के आदेश दिए थे। इस आदेश के बाद चमरौआ विधानसभा क्षेत्र के एआरओ एवं टांडा के एसडीएम घनश्याम त्रिपाठी ने 11 मई 2019 को मुकदमा दर्ज कराया था। मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी। एमपी-एमएलए मजिस्ट्रेट कोर्ट में सुनवाई पूरी होने के बाद एमपी-एमएलए मजिस्ट्रेट शोभित बंसल की अदालत ने इस मामले में सपा नेता आजम खां को दोषी करार दिया। इसके बाद कोर्ट ने आजम खां को दो साल की कैद और 20 हजार रुपये जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई। …(पूरी खबर स्रोत पर पढ़ें) ...

May 23, 2026 · 2 min · National Desk